नोटबंदी के बाद भी इस पोस्ट ऑफिस में जमा हो गए 21 लाख, सीबीआई दर्ज किया मामला

Written By:
Subscribe to Oneindia Hindi

demonetisation

लखनऊ। नोटबंदी के एक साल बाद भी फर्जी तरीके से पुराने नोटों को बदलने के मामले सामने आ रहे हैं। झांसी में भी एक ऐसा मामला सामने आया है जहां नोटबंदी के बाद 21 लाख रुपए के पुराने नोटों को बदला गया है। यह मामला झांसी के प्रधान डाकघर का है, जहां तीन कर्मचारियों पर आरोप है कि उन्होंने नोटबंदी के बाद पुराने नोटों को बदला। इस मामले में सीबीआई ने इन तीनों डाक घर के कर्मचारियों के खिलाफ मामला दर्ज कराया है। तीनों कर्मचारियों के खिलाफ सीबीआई ने लखनऊ में एसीबी में एफआईआर दर्ज कराई है। सीबीआई ने आरोपियों के खिलाफ मामला जानकारी मिलने के बाद दर्ज कराई है।

जानकारी के अनुसार नोटबंदी के बाद भी झांसी के प्रधान डाकघर में रिकॉर्ड बुक में व्हाइटन लगाकर 21 लाख 88 हजार रुपए के पुराने नोटों को बदला गया। इसकी जानकारी मिलने के बाद सीबीआई ने झांसी के प्रधान डाकघर के रोकडिया पूरनलाल अहिरवार, उप पोस्ट मास्टर एके संडिल और सिस्टम मैनेजर के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है। इन पर आरोप है कि इन लोगों ने 100 रुपए के सभी नोटों की जगह पर 500 और 1000 रुपए के नोट रखे और रिकॉर्ड बुक में व्हाइटनर लगा दिया।

मामले में एफआईआर दर्ज कराने के बाद सीबीआई ने इस मामले की विवेचना निरीक्षक आशीष कुमार को दी है। सीबीआई की टीम आज झांसी के प्रधान डाकर घर में नोटबंदी के बाद जमा की गई राशि को भी निकलवाएगी। सीबीआई की टीम नोट के अलावा तमाम दस्तावेजों को भी अपने कब्जे में लेगी। गौरतलब है कि 8 नवंबर 2016 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नोटबंदी का ऐलान करते हुए 500 और 1000 रुपए के नोटों को बंद करने की घोषणा की थी।

इसे भी पढ़ें- सड़कों पर सिम बेचने वाला शख्स बन गया 6000 करोड़ का मालिक, जानिए कैसे

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary
CBI registered a case against post office employees for changing note after demonetisation. Three employees are booked in the case.
Please Wait while comments are loading...