CJP Protest Delhi: जंतर-मंतर पर 'कॉकरोच जनता पार्टी' को प्रदर्शन की मिली मंजूरी, 10 बजे से जुटेंगे Gen z
Cockroach Janta Party Protest Delhi : देश की राजधानी दिल्ली में आज होने जा रहे 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के बड़े आंदोलन को लेकर एक बहुत बड़ी और अहम खबर सामने आ रही है। दिल्ली पुलिस ने सीजेपी (CJP) को जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने की आधिकारिक मंजूरी (Permission) दे दी है।
इस मंजूरी के बाद पार्टी ने अपनी रणनीति में तत्काल बदलाव करते हुए सभी प्रदर्शनकारियों और छात्रों को पार्लियामेंट स्ट्रीट थाने के बजाय सीधे जंतर-मंतर पहुंचने के निर्देश दिए हैं।

पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके (Abhijeet Dipke) के सुबह दिल्ली एयरपोर्ट पर लैंड करते ही पुलिस अधिकारियों ने उनसे मुलाकात की, जिसके बाद कानूनी प्रक्रियाओं को पूरा करते हुए यह मंजूरी दी गई। अब यह मेगा प्रदर्शन सुबह 10:00 बजे से जंतर-मंतर पर शुरू होने जा रहा है।
अभिजीत दीपके का 'X' पर एलान: 'सीधे जंतर-मंतर आएं सभी कॉकरोच'
अमेरिका (यूएस) से दिल्ली पहुंचे CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर पोस्ट साझा कर इस बड़ी सफलता की जानकारी दी। उन्होंने लिखा-"सभी कॉकरोच पार्लियामेंट स्ट्रीट पुलिस स्टेशन के बजाय सीधे जंतर-मंतर पहुंचें। हमें पुलिस की अनुमति मिल चुकी है। हम सुबह 10:00 बजे अपना शांतिपूर्ण प्रदर्शन शुरू करेंगे।"
इससे पहले पार्टी के प्रवक्ता विजेता दहिया ने सुबह करीब 8:50 बजे मीडिया को बताया था कि दीपके एयरपोर्ट से सीधे पार्लियामेंट स्ट्रीट थाने के लिए रवाना हो रहे हैं ताकि जरूरी क्लीयरेंस ली जा सके। पुलिस प्रशासन ने कानून-व्यवस्था और छात्रों के रुख को देखते हुए सकारात्मक सहयोग किया और समय रहते प्रदर्शन को हरी झंडी दे दी।
प्रोटेस्ट साइट पर 'कुछ सौ लोगों' के जुटने की उम्मीद
पार्टी की ओर से भले ही सोशल मीडिया पर लाखों सदस्यों का दावा किया जा रहा हो, लेकिन जमीनी स्तर पर पार्टी फूंक-फूंक कर कदम रख रही है। सीजेपी प्रवक्ता विजेता दहिया ने 'हिंदुस्तान टाइम्स' से बातचीत में बताया कि उन्हें जंतर-मंतर पर 'कुछ सौ लोगों' के जुटने की उम्मीद है। चूंकि दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शन को बेहद अनुशासित और सीमित दायरे में रखने की शर्त पर मंजूरी दी है, इसलिए पार्टी नेतृत्व भी भीड़ को नियंत्रित रखने और किसी भी प्रकार की अव्यवस्था से बचने की कोशिश में जुटा है।
'हाथ में तिरंगा-किताब और पुलिस को गुलाब' दीपके की अपील
अभिजीत दीपके ने दिल्ली पहुंचते ही अपने सभी समर्थकों से अनुशासन बनाए रखने और आंदोलन की गरिमा को ठेस न पहुंचाने की पुरजोर अपील की है। उन्होंने युवाओं से कहा कि हमारा यह आंदोलन 'प्यार और शांति' के संदेश के साथ आगे बढ़ेगा।
दीपके ने युवाओं को अपने साथ देश का गौरव यानी राष्ट्रीय ध्वज (तिरंगा) और एक किताब लाने को कहा है, जो इस बात का प्रतीक है कि युवा देश की शिक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए प्रतिबद्ध हैं। उन्होंने जंतर-मंतर पर तैनात सुरक्षाकर्मियों और दिल्ली पुलिस के जवानों के प्रति करुणा और आभार प्रकट करने के लिए उन्हें गुलाब के फूल भेंट करने का आग्रह किया है।
मजाक से शुरू हुई 'पार्टी' ने कैसे पछाड़ा बीजेपी-कांग्रेस को?
यह पूरा आंदोलन आज देश के लिए एक कौतूहल का विषय बना हुआ है, क्योंकि इस संगठन की शुरुआत महज एक सटायर से हुई थी। पिछले महीने एक अदालती सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्यकांत ने कथित तौर पर कुछ बेरोजगार युवाओं के संदर्भ में 'कॉकरोच' और 'परजीवी' जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया था।
युवाओं ने इस टिप्पणी को अपने आत्मसम्मान पर चोट माना और इसके विरोध में सोशल मीडिया पर मजाक-मजाक में 'कॉकरोच जनता पार्टी' नाम का एक डिजिटल मोर्चा बना दिया। "युवाओं का, युवाओं के द्वारा, युवाओं के लिए राजनीतिक मोर्चा" के नारे के साथ यह हैंडल इस कदर वायरल हुआ कि इसने सोशल मीडिया के सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए। CJP के फॉलोअर्स की संख्या आज देश की सत्ताधारी पार्टी बीजेपी से दोगुनी से भी ज्यादा है। यही वजह है कि लद्दाख के सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक, अभिनेता प्रकाश राज और शिवसेना नेता आदित्य ठाकरे जैसे बड़े नाम भी इस युवा आंदोलन के समर्थन में उतर आए हैं।
क्या है आज के प्रदर्शन का मुख्य एजेंडा?
जंतर-मंतर पर सुबह 10:00 बजे से शुरू हो रहे इस प्रदर्शन का मुख्य उद्देश्य देश की शिक्षा व्यवस्था में फैले कथित भ्रष्टाचार और गलतीयों के खिलाफ आवाज उठाना है। नीट (NEET) परीक्षा के पेपर लीक मामले और हालिया सीबीएसई (CBSE) परीक्षाओं के ऑनलाइन मार्किंग सिस्टम (OSM) में आई गड़बड़ियों के चलते केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से तुरंत इस्तीफे की मांग की जा रही है। पार्टी का आरोप है कि इस लचर व्यवस्था ने देश के 1 करोड़ से अधिक छात्रों के भविष्य को अधर में लटका दिया है और युवाओं में मानसिक तनाव पैदा किया है।
दिल्ली पुलिस की मंजूरी मिलने के बाद अब टकराव की स्थिति टल गई है, लेकिन 1,000 से अधिक सुरक्षाकर्मी जंतर-मंतर पर तैनात हैं ताकि यह ऐतिहासिक छात्र आंदोलन पूरी तरह शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके।
देशभर की नजरें अब जंतर-मंतर पर टिकी हुई हैं, जहां सुबह 10 बजे से प्रदर्शन शुरू होने का दावा किया गया है। यह प्रदर्शन केवल CJP के लिए ही नहीं, बल्कि सोशल मीडिया से निकले किसी आंदोलन की वास्तविक जनसमर्थन क्षमता को परखने के लिहाज से भी अहम माना जा रहा है। अब देखना होगा कि जंतर-मंतर पर कितनी भीड़ जुटती है और यह आंदोलन राष्ट्रीय राजनीति तथा शिक्षा व्यवस्था पर कितना प्रभाव डाल पाता है।














Click it and Unblock the Notifications