UP Board Exam: योगी सरकार के सख्त रवैये का दिख रहा असर, 90 हजार से अधिक परीक्षार्थियों ने छोड़ी परीक्षा
यूपी माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के सचिव दिव्यकांत शुक्ला ने बताया कि 10वीं (पहली पाली) की गृह विज्ञान की परीक्षा में कुल 53,560 परीक्षार्थी शामिल नहीं हुए।

UP Board Exam: उत्तर प्रदेश में यूपी बोर्ड की 10वीं एवं 12वीं की परीक्षाएं चल रह हैं। हालत यह है कि योगी सरकार के सख्त रुख की वजह से केवल चार दिनों में ही लगभग एक लाख परीक्षार्थी परीक्षा छोड़ चुके हैं। अधिकारी इसकी पीछे सरकार और बोर्ड के सख्त रवैये को मान रहे हैं। दरअसल यूपी बोर्ड की परीक्षाएं अभी 16 फरवरी को ही शुरू हुई थीं लेकिन चार दिनों में ही इतनी संख्या में परीक्षार्थियों के परीक्षा छोड़ने से बोर्ड के अधिकारी भी हैरान हैं।
बड़ी संख्या में परीक्षार्थियों ने छोड़ी परीक्षा
अधिकारियों ने बताया राज्यभर में आयोजित यूपी बोर्ड की परीक्षा में 90,000 से अधिक परीक्षार्थियों ने परीक्षा छोड़ दी। परीक्षा में शामिल होने के लिए कुल 13,25,499 पंजीकृत थे, जिनमें से 12,35,251 उम्मीदवार शामिल हुए, जबकि शेष 90,428 ने पेपर छोड़ दिया। पहली पाली में हाई स्कूल के लिए होम साइंस की परीक्षा हुई जबकि इंटरमीडिएट के छात्रों के लिए पहली पाली और दूसरी पाली में अकाउंटेंसी और भूगोल के पेपर हुए।
अलग-अलग विषयों में छोड़ी परीक्षा
Recommended Video

अधिकारियों के अनुसार, लगभग 5% परीक्षार्थियों ने गृह विज्ञान की परीक्षा छोड़ दी, जबकि लगभग 10% परीक्षार्थियों ने भूगोल की परीक्षा छोड़ दी और लगभग 5% छात्रों ने अकाउंटेंसी का पेपर छोड़ दिया। इस बीच, उस दिन पकड़े गए दो प्रॉक्सी उम्मीदवारों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई थी। इनमें से एक लखीमपुर खीरी में जबकि दूसरा बुलंदशहर में पकड़ा गया।
यूपी माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के सचिव दिव्यकांत शुक्ला ने बताया कि,
10वीं (पहली पाली) की गृह विज्ञान की परीक्षा में कुल 53,560 परीक्षार्थी शामिल नहीं हुए। राज्य भर में इस विषय में कुल 9,01,020 छात्र पंजीकृत थे। इसी तरह 12वीं (अकाउंटेंसी) के 58,209 परीक्षार्थियों में से 3,246 परीक्षार्थी नहीं आए। इंटरमीडिएट में, भूगोल परीक्षा के लिए, कुल 3,66,270 परीक्षार्थियों में से, 33,442 ने परीक्षा छोड़ दी।
परीक्षा छोड़ने के मामले को गंभीरता से लेगा बोर्ड
बोर्ड ने परीक्षा छोड़ने वाले छात्रों के मामले को बहुत गंभीरता से लिया है। इस संबंध में पंजीकृत विद्यालयों से मामले की जानकारी लेने की योजना है। 21 फरवरी को होने वाली गणित की परीक्षा के लिए बोर्ड सचिव ने अधिकारियों को पूरी सावधानी बरतने के सख्त निर्देश दिए हैं। स्ट्रांगरूम पर नजर रखने के साथ ही जिलों के उन केंद्रों पर भी कड़ी कार्रवाई करने को कहा है, जहां गड़बड़ी की आशंका हो। बोर्ड सचिव ने परीक्षा की शुचिता हर कीमत पर बनाए रखने के लिए दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
सभी शिक्षा अधिकारियों से आग्रह किया गया है कि वे अपनी जिम्मेदारी पूरी ईमानदारी से निभाएं और गणित की परीक्षा के दौरान पुलिस बल सहित हर विभाग सक्रिय रहेगा। परीक्षा को नकल मुक्त बनाने के लिए एसटीएफ ने भी प्रयास किया है।












Click it and Unblock the Notifications