हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, यूपी के हर कब्रिस्तान में अब शौचालय बनाना ही होगा
इलाहाबाद। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उत्तर प्रदेश के हर कब्रिस्तान में शौचालय निर्माण कराए जाने के आदेश दिए है। हाईकोर्ट ने कहा है कि शौचालयों की सुविधाएं प्रदेश के हरेक कब्रिस्तानों में की जानी चाहिए। कोर्ट के आदेश के बाद इसकी शुरूआत जालौन जिले में हो चुकी है। अब सरकार व स्थानीय निकाय जल्द ही हर कब्रिस्तानों को शौचालय का तोहफा देंगे और इससे कब्रिस्तान जाने वाले लोगों को सीधे लाभ मिल सकेगा।

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एक जनहित याचिका पर सुनवाई के बाद आदेश दिया है। हाईकोर्ट ने कहा है कि हर कब्रिस्तान में शौचालय बनाना आवश्यक है और यह जनहित में है। हालांकि हाईकोर्ट ने अपने आदेश में यह भी स्पष्ट किया है कि शौचालय बनाते वक्त क्या ध्यान रखा जाए कि निर्माण प्रक्रिया के दौरान या निर्माण की वजह से कब्रों को कोई नुकसान ना हो।
याचिका रद्द होने के बाद आया फैसला
याचिका के अनुसार उत्तर प्रदेश के जालौन में नगर पालिका परिषद कोंच द्वारा कब्रिस्तान में शौचालय का निर्माण कराया जा रहा है। इस शौचालय के निर्माण को रोकने के लिए इलाहाबाद हाईकोर्ट में अब्दुल रज्जाक व मुस्लिम समुदाय की ओर एक याचिका दाखिल की गई और शौचालय निर्माण को जन भावनाओं से खिलवाड़ बताते हुए तत्काल रोके जाने की मांग की गई। इस याचिका पर मुख्य न्यायमूर्ति डीबी भोसले एवं न्यायमूर्ति यशवंत वर्मा की खंडपीठ ने सुनवाई शुरू की तो प्रथम दृष्टया ही इस याचिका को जनहित में नहीं पाया और याचिका को खारिज कर दिया। याचिका रद्द होने के बाद कोर्ट ने अपना फैसला सुनाया।
हाईकोर्ट ने क्या कहा
शौचालय निर्माण के खिलाफ दाखिल याचिका को खारिज करते हुए इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा कि शौचालय निर्माण की प्रक्रिया जनहित में है और ऐसा किया जाना ठीक है। हर कब्रिस्तान में शौचालय का निर्माण कराना चाहिए। क्योंकि कब्रिस्तान में बड़ी संख्या में लोग जनाजे के साथ जाते हैं और वहां उन्हें शौचालय ना होने के कारण परेशानी का सामना करना पड़ता है। ऐसे में हर कब्रिस्तान में शौचालय का निर्माण कराया जाना आवश्यक है।












Click it and Unblock the Notifications