World Cup 2023: 2011 वर्ल्ड कप फाइनल में युवी की जगह क्यों आए धोनी? सालों बाद अश्विन ने किया खुलासा
R Ashwin remembered MS Dhoni: विश्वकप 2023 की शुरुआत आज से हो चुकी है, इस टूर्नामेंट को लेकर भारतीय बहुत ज्यादा उत्साहित हैं क्योंकि इस बार मेजबानी भारत को जो मिली है। हर किसी को लगता है कि भारत इस विश्वकप में बड़ा कमाल करेगा और 12 साल का सूखा समाप्त होगा।

टीम इंडिया को विश्वकप 2023 का सबसे बड़ा दावेदार माना जा रहा है तो वहीं कैप्टन रोहित शर्मा से भी सबको बहुत ज्यादा उम्मीदें हैं लेकिन इसी बीच सारे भारतीयों को अपने प्यारे कप्तान महेंद्र सिंह धोनी की याद आ रही है, जिनकी कप्तानी में भारत ने साल 2011 का विश्वकप जीता था।
अश्विन ने धोनी के खोले राज
इसी बीच हाल ही में वर्ल्डकप 2023 का हिस्सा बने भारत के स्टार ऑफ स्पिनर रविचंद्र अश्विन ने टीम इंडिया को क्रिकेट के तीनों फार्मेंट में नंबर वन बनाने वाले एमएस धोनी को याद करते हुए उनके बारे में कुछ खास बातें बनाई हैं।
'धोनी कप्तान नहीं बल्कि एक डायरेक्टर हैं'
अश्विन ने हर्षा भोगले से से बात करते हुए एक यूट्यूब चैनल से कहा कि 'धोनी क्या हैं ये तो सब जानते ही हैं लेकिन मेरी नजर में धोनी कप्तान नहीं बल्कि एक डायरेक्टर हैं, जैसे एक फिल्म निर्देशक होता है ना, अपनी कहानी के करेक्टर को बखूबी पकड़ता है और फिर किरदार से काम कराता है, धोनी बिल्कुल वैसे ही हैं।'
'धोनी खिलाड़ी को करेक्टर की तरह कैच करते हैं'
अश्विन ने अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए कहा कि 'धोनी खिलाड़ी को करेक्टर की तरह कैच करते हैं औऱ फिर उसे ढलने का पूरा मौका देते हैं, उन्हें ये अच्छी तरह से पता है कि कि कौन सा खिलाड़ी कौन सा करेक्टर प्ले कर सकता है।'
2011 वर्ल्ड कप फाइनल में युवी की जगह क्यों आए धोनी?
'2011 वनडे वर्ल्ड कप में सुरेश रैना के साथ माही ने यही किया था और जब वो फाइनल मैच में युवराज की जगह खुद मैदान में आए थे तो भी वो क्लियर थे कि उन्हें क्या करना है, उन्हें अच्छी तरह से पता था कि उन्हें उस वक्त मुरलीधरन को मारना है।'
बैटिंग ऑर्डर में नंबर 7 की जगह 4 पर आए थे धोनी
आपको बता दें वर्ल्ड कप 2011 फाइनल के दौरान धोनी बैटिंग ऑर्डर में नंबर 7 की जगह 4 पर आए थे, युवराज सिंह की जगह जब वो मैदान पर आए थे तो क्रिकेट के जानकार समेत आम इंसान और टीम के खिलाड़ी सभी चौंक गए थे, उस वक्त मैच फंसा हुआ था इसलिए ये बहुत बड़ा रिस्क था लेकिन धोनी ने उसे उठाया और उन्हें पता था कि अगर वो फेल हुए तो जवाबदेही उनकी ही थी।
अश्विन ने धोनी की कप्तानी में काफी खेला है
अश्विन ने कहा कि 'मैं यह मानता हूं कि क्रिकेट में स्किल से ज्यादा मैन टू मैन बैटल ज्यादा महत्वपूर्ण है।' विश्वकप समेत बहुत सारे मैचों में धोनी की कप्तानी में खेलने वाले अश्विन वो खिलाड़ी हैं, जिन्होंने आईपीएल में भी धोनी की कप्तानी में खेला है। उनके सफल करियर में धोनी का बहुत बड़ा हाथ रहा है।
वो ड्रेसिंग रूम में हर किसी की बात सुनते थे लेकिन
छनछनाती गेंदों से विरोधी टीम के छक्के छुड़ाने वाले अश्विन ने कहा कि 'धोनी वो इंसान हैं, जिन्होंने कभी भी किसी को कुछ कहने से नहीं रोका, वो ड्रेसिंग रूम में हर किसी की बात सुनते थे लेकिन फैसले उनके खुद के होते थे, सच कहूं को वो एक कंप्यूटर की तरह हैं, जिन्हें अपने हर खिलाड़ी के स्ट्रेंथ और वीकनेस के बारे में पता होता था।'
फैंस की कसौटी पर खरे उतरेंगे अश्विन?
आपको बता दें कि अश्विन 2019 वर्ल्ड कप का हिस्सा नहीं थे। 2023 की शुरुआती टीम में भी वो नहीं थे लेकिन एशिया कप में अक्षर पटेल के चोटिल हो जाने की वजह से उनकी विश्वकप की टीम में एंट्री मिली है। हिंदुस्तान को पूरा भरोसा है कि स्पिन का ये जादूगर इस विश्वकप में जबरदस्त कमाल करेगा, अब देखते हैं कि वो फैंस की कसौटी पर कितना खरा उतरते हैं। मालूम हो कि भारत वर्ल्ड कप का पहला मैच ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ़ 8 अक्टूबर को चेन्नई में खेलेगा।












Click it and Unblock the Notifications