दबदबा था और दबदबा रहेगा, विदेशी लीग में भारत की ताकत, नीलामी से पाकिस्तानी प्लेयर्स को बैरंग लौटाया
The Hundred Auction: इंग्लैंड में आयोजित होने वाली मशहूर क्रिकेट लीग The Hundred के 2026 महिला सीजन के ऑक्शन ने क्रिकेट जगत में नई चर्चा शुरू कर दी है। बुधवार को हुए इस ऐतिहासिक नीलामी कार्यक्रम में कई बड़े खिलाड़ियों पर बोली लगी, लेकिन कुछ ऐसे फैसले भी सामने आए जिनसे विवाद पैदा हो गया। खास तौर पर पाकिस्तान की स्टार स्पिनर सादिया इकबाल के अनसोल्ड रहने से क्रिकेट फैंस और विशेषज्ञ हैरान हैं।
महिला टी20 क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन के कारण ICC की टी20 गेंदबाजी रैंकिंग में शीर्ष स्थान पर रहने वाली सादिया इकबाल को इस ऑक्शन में किसी भी टीम ने नहीं खरीदा। इतना ही नहीं, पाकिस्तान की प्रतिभाशाली ऑलराउंडर फातिमा सना भी किसी फ्रेंचाइजी की योजना का हिस्सा नहीं बन सकीं।

दोनों खिलाड़ियों का बेस प्राइस 15,000 पाउंड रखा गया था, दोनों प्लेयर्स को शायद यह उम्मीद थी कि किसी न किसी टीम में जगह मिल जाएगी लेकिन नीलामी के बाद निराशा हाथ लगी है। इसे द हंड्रेड में भारतीय टीम मालिकों के दबदबे के रूप में भी देखा जा रहा है।
नीलामी से पहले दिलाया था भरोसा
नीलामी से पहले इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड और लीग की आठों टीमों ने यह भरोसा दिलाया था कि खिलाड़ियों के चयन में किसी देश या राष्ट्रीयता के आधार पर भेदभाव नहीं किया जाएगा। लेकिन ऑक्शन के नतीजे सामने आने के बाद कई विशेषज्ञों को लगा कि वास्तविकता अलग दिखाई दे रही है।
भारतीय मालिकों के कारण प्लेयर्स अनसोल्ड?
क्रिकेट विश्लेषकों का मानना है कि इस मुद्दे के पीछे एक और कारण हो सकता है। द हंड्रेड की कई फ्रेंचाइजी में निवेश उन समूहों का है जिनका संबंध भारतीय टी20 लीग IPL से है। आईपीएल में पाकिस्तानी खिलाड़ियों की भागीदारी पर पहले से ही रोक है, इसलिए कुछ लोगों को शक है कि वही माहौल दूसरी लीगों में भी प्रभाव डाल रहा है। अब देखना होगा कि इवेंट का आयोजक क्या करते हैं, हालांकि किसी प्लेयर को खरीदना या नहीं खरीदना पूरी तरह से टीम के ऊपर निर्भर करता है।












Click it and Unblock the Notifications