IND vs SL: नये साल में भारत क्या डेथ ओवर की गेंदबाजी समस्या से उबर पाएगा ?
भारतीय टीम अब घरेलू मैदानों पर श्रीलंका एक खिलाफ सफेद गेंद क्रिकेट खेलेगी। सीरीज की शुरुआत जनवरी के पहले सप्ताह में होगी। डेथ ओवरों में गेंदबाजी का समाधान इस सीरीज में देखने लायक होगा।

IND vs SL: नये साल के शुरू में ही टीम इंडिया को श्रीलंका के सामने अग्निपरीक्षा देनी पड़ेगी। 3,5 और 7 जनवरी को टी- 20 के मुकाबले हैं। एशिया कप में श्रीलंका ने भारत को आसानी से हरा दिया था। भारत के गेंदबाज 173 के स्कोर की रक्षा नहीं कर पाये थे। डेथ ओवरों में जम कर रन लुटाये थे। इस मैच में भारत की कमजोर गेंदबाजी ही हार का कारण बनी थी। तब और अब की टीम में क्या फर्क है ? क्या हार्दिक की कप्तानी में घोषित टीम की गेंदबाजी एशिया कप से बेहतर हो गयी है ?
क्या भारत की गेंदबाजी बेहतर हो गयी ?
एशिया कप में श्रीलंका के खिलाफ भुवनेश्वर कुमार, अर्शदीप सिंह और हार्दिक पांड्या ने तेज गेंदबाज की भूमिका निभायी थी। 3 जनवरी 2023 को जो भारतीय टीम श्रीलंका से भिड़ेगी इसमें भुवनेश्वर कुमार नहीं हैं। ऑफ स्पिनर रविचंद्रन अश्विन भी नहीं हैं। इस मैच में भुवनेश्वर ने 19वें ओवरमें 14 रन दिये थे। 16 वां ओवर अश्विन ने फेंका था जिसमें 12 रन बने थे। श्रीलंका ने आखिरी ओवरों में तेजी से रन बनाये जिससे जीत का लक्ष्य आसानी से हासिल हो गया। 18वें ओवर में हार्दिक पांड्या ने 12 रन दिये थे। वे छठे गेंदबाज नहीं बल्कि नियमित गेंदबाज के रूप में खेल रहे थे। हार्दिक ने चार ओवरों में 35 रन दिये थे। टी-20 के लिहाज से यह खर्चीली गेंदबाजी थी। हार्दिक पांड्या अब टीम के कप्तान हैं। अब देखना होगा कि वे नये साल में तीसरे तेज गेंदबाज के रूप में खेलेंगे या फिर छठे गेंदबाज के रूप में ?
नवोदित तेज गेंदबाज
तेज गेंदबाज के रूप में अर्शदीप सिंह, हर्षल पटेल, उमरान मलिक, शिवम मावी और मुकेश कुमार का चयन हुआ है। ये नवोदित तेज गेंदबाज हैं। उम्मीद है कि अर्शदीप और हर्षल प्लेइंग इलेवन का हिस्सा होंगे। तीसरा तेज गेंदबाज कौन होगा ? उमरान मलिक, शिवम मावी या मुकेश कुमार ? उमरान की सुपर स्पीड उनका मुख्य हथियार है। अगर उन्हें मौका मिला तो शिवम और मुकेश को बेंच पर बैठना होगा। वैसे शिवम अंडर 19 विश्व कप विजेता टीम के सदस्य थे। इसके बाद कोलकाता नाइटराइडर्स ने उन्हें आइपीएल की नीलामी में खरीदा था। उन्होंने अभी तक 46 टी-20 मैच खेले हैं जिसमें 46 विकेट लिये हैं। इस बार उन्हें गुजरात टाइटंस ने 6 करोड़ रुपये में खरीदा है। हार्दिक गुजरात के कप्तान हैं। जाहिर है उन्होंने शिवम मावी की क्षमता देख कर ही इतनी बड़ी रकम खर्च करने की योजना बनायी होगी। अगर शिवम मावी को मौका मिला तो उन पर कप्तान हार्दिक की इनायत जरूर होगी।
शिवम मावी या मुकेश कुमार ?
अर्शदीप के अलावा भारत को बाएं हाथ के एक और तेज गेंदबाज की तलाश है जो टी-20 में बेहतर प्रदर्शन करे। मुकेश कुमार का चयन इसी खोज का हिस्सा है। वे बिहार के गोपालगंज के रहने वाले हैं। उनके पिता कोलकाता में रहते हैं। क्रिकेट में बड़े सपने लेकर वे भी गोपालगंज से कोलकाता पहुंचे। उनकी मेहनत रंग लायी। वे पश्चिम बंगाल की अंडर-19 टीम में चुने गये। फिर रणजी टीम में शामिल हुए। इंडिया-ए की तरफ से खेलते हुए उन्होंने अपने प्रदर्शन से सबका ध्यान खींचा। उन्होंने 23 टी-20 मैच खेले हैं जिसमें 25 विकेट लिये हैं। अक्टूबर 2022 में मुकेश कुमार ने इरानी ट्राफी के फाइनल शानदार गेंदबाजी की थी जिसकी वजह से शेष भारत ने सौराष्ट्र को हरा दिया था। सौराष्ट्र की टीम पहली पारी में सिर्फ 98 रनों पर ढेर हो गयी थी। मुकेश ने 10 ओवर की गेंदबाजी में 4 मेडन रखते हुए 23 रन देकर 4 विकेट लिये थे। मुकेश कुमार ने बाएं हाथ के तेज गेंदबाज के रूप में जबर्दस्त छाप छोड़ी है। तभी तो दिल्ली कैपिटल्स ने उन्हें साढ़े पांच करोड़ रुपये की बड़ी धानराशि खर्च कर अपनी टीम से जोड़ा है।
स्पिनर की क्या रहेगी भूमिका ?
अगर भारत दो तेज गेंदबाज और तीन स्पिनर के साथ खेलेगा तो शिवम और मुकेश में शायद ही किसी को मौका मिले। स्पिनर के रूप में भारत के पास युजवेन्द्र चहल, वाशिंगटन सुंदर और अक्षर पटेल के विकल्प उपलब्ध हैं। एशिया कप में युजवेन्द्र चहल ने श्रीलंका खिलाफ 4 ओवर में 34 रन दे कर 3 विकेट लिये थे। अब भारत की पिच पर इन तीनों में से कौन ज्यादा असरदार होगा, ये मैच से पहले के अंकलन पर निर्भर करेगा। अक्षर और सुंदर स्पिनर ऑलराउंडर हैं इसलिए इनमें से एक को मौका मिल सकता है। टीम में गेंदबाजी का चाहे जो भी स्वरूप तय हो, डेथ ओवरों में रनों पर काबू पाना जरूरी होगा। भारतीय गेंदबाजों के प्रदर्शन पर ही सीरीज का फैसला निर्भर है।












Click it and Unblock the Notifications