जिला टीबी अस्पताल: दो विभागों में भवन के लिए 3 साल से चल रही खींचतान
मप्र के सागर में जिला टीबी अस्पताल का भवन स्वास्थ्य विभाग और चिकित्सा शिक्षा विभाग के बीच आधिपत्य की लड़ाई का कारण बना हुआ है। शासन के एक आदेश के बाद भवन को बीएमसी अपने अधीन बताता है।

Madhya Pradesh के सागर स्थित जिला TB अस्पताल एवं जिला क्षय केंद्र का भवन बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज (BMC) और स्वास्थ्य विभाग के बीच तनातनी और खींचतान का कारण बना हुआ है। दोनों विभाग बीते करीब साढ़े तीन सालों से एक-दूसरे को लेटर पर लेटर लिख रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग टीबी अस्पताल बीएमसी के अधीन कर चुका है, लेकिन इसमें जिला क्षय केंद्र, लैब, वार्ड अभी भी स्वास्थ्य विभाग के अधीन ही संचालित हो रहे हैं।
बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज (BMC) के डीन डॉ. आरएस वर्मा ने CMHO सागर को एक पत्र लिखकर जिला टीबी अस्पताल भवन में चल रहे जिला क्षय नियंत्रण केंद्र को कहीं अन्य जगह शिफ्ट करने कहा था, लेकिन सीएमएचओ डॉ. ममता तिमोरी ने जवाब दिया है कि अभी यह संभव नहीं है, क्योंकि 2025 तक टीबी उन्मूलन करना है। बता दें कि कोविड काल के समय जिला क्षय केंद्र को साल 2020 में खाली कर इसे कोविड सेंटर बना दिया गया था। जब विभाग की एमडी डॉ.छवि भारद्वाज सागर आईं और उन्हें जानकारी लगी तो उन्होंने इसे वापस इस भवन में शिफ्ट कराया था। उनका कहना था कि 2025 तक जिला क्षय केंद्र शासन की सुविधाओं के साथ चालू रहेगा, उसके बाद से यह यहां ही संचालित हो रहा है।

टीबी अस्पतालों को मेडिकल कॉलेज को सौंप दिया है
जानकारी अनुसार साल 2019 में शासन के लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग एक आदेश जारी कर जिन जिलों में चिकित्सा शिक्षा विभाग के मेडिकल कॉलेज संचालित हो रहे हैं, उनके टीबी-चेस्ट विभाग के अधीन जिला टीबी अस्पतलों को सौंपने का आदेश दिया था। इसके बाद जिला स्तर से प्रशासन, स्वास्थ्य विभाग और चिकित्सा विभाग के आपसी सामंजस्य से धीरे-धीरे कर टीबी अस्पताल की व्यवस्थाओं को स्वास्थ्य विभाग से मेडिकल कॉलेजों को हस्तांतरित किया जा रहा है। लेकिन सागर में मामला कुछ अलग ही फंस गया है। यहां टीबी अस्पताल के आसपास का खाली क्षेत्र बीएमसी अस्पताल के एक्सटेंशन के लिए हैंडओवर किया है। लेकिन टीबी अस्पताल पर आज भी स्वास्थ्य विभाग का ही आधिपत्य है।
जिला टीबी अस्पताल भवन में यह इकाईयां चल रहीं हैं
जिला टीबी अस्पताल सागर में जिला क्षय रोग यूनिट के रुप में मुख्यरुप से ओपीडी, वार्ड, नोडल डीआरटीबी सेंटर, सीबी नेट परीक्षण, ट्रू नेट परीक्षण, इग्रा टेस्टिंग, माइक्रोस्कोपी सेंटर, डिजिटल एक्स-रे, जिला कार्यालय एनटीईपी, जिला ड्रग एवं लॉजिस्टक सेंटर संचालित हो रहे हैं।












Click it and Unblock the Notifications