Rajasthan News: भाजपा MLA कंवरलाल मीणा की सदस्यता रद्द, SDM पर बंदूक तानना 20 साल बाद पड़ा महंगा

Kanwarlal Meena Rajasthan MLA News: राजस्थान की राजनीति में शुक्रवार को बड़ा घटनाक्रम सामने आया जब भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के अंता से विधायक कंवरलाल मीणा की विधानसभा सदस्यता रद्द कर दी गई। मीणा को 20 साल पुराने एक आपराधिक मामले में तीन साल की सजा मिलने के बाद यह कार्रवाई की गई।

कंवरलाल मीणा का क्या है मामला?

यह मामला वर्ष 2005 का है, जब झालावाड़ जिले की मनोहरथाना तहसील के खताखेड़ी पंचायत में उपसरपंच चुनाव के दौरान विवाद हुआ। आरोप है कि उस समय कंवरलाल मीणा ने एसडीएम रामनिवास मेहता को रिवॉल्वर दिखाकर जान से मारने की धमकी दी और पुनर्मतदान की मांग की थी।

Kanwarlal Meena

2018 में निचली अदालत ने उन्हें बरी कर दिया था, लेकिन 2020 में झालावाड़ सत्र न्यायालय ने निचली अदालत का फैसला पलटते हुए मीणा को दोषी ठहराया और तीन साल की सजा सुनाई। हाल ही में राजस्थान हाईकोर्ट ने भी उनकी निगरानी याचिका खारिज कर सत्र अदालत के फैसले को बरकरार रखा है।

यह भी पढ़ें- कौन हैं BJP MLA कंवरलाल मीणा? 20 साल पहले SDM पर तानी थी रिवॉल्वर, अब खतरे में है विधायकी

सदस्यता पर सवाल और देरी का विवाद

सदस्यता रद्द होने में हुई 23 दिनों की देरी पर विपक्ष ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा, "जिस दिन सजा सुनाई गई, उसी दिन सदस्यता स्वतः समाप्त हो जानी चाहिए थी। आरपी एक्ट और सुप्रीम कोर्ट का 2013 का फैसला (लीली थॉमस बनाम भारत सरकार) बिल्कुल स्पष्ट है। फिर विधानसभा अध्यक्ष ने निर्णय में इतनी देरी क्यों की? यह भाजपा सरकार के दबाव में किया गया फैसला प्रतीत होता है।"

"प्रदेश सरकार निष्क्रिय"-गहलोत

गहलोत ने सरकार की कार्यप्रणाली पर भी निशाना साधते हुए कहा, "गर्मी में मज़दूरों की मौत, पानी की भीषण किल्लत और बढ़ती बेरोजगारी जैसे अहम मुद्दों पर सरकार की कोई सक्रियता नहीं दिख रही। बीकानेर, चूरू, गंगानगर और हनुमानगढ़ जैसे जिलों में जल संकट गंभीर होता जा रहा है, लेकिन सरकार मूकदर्शक बनी हुई है।"

कांग्रेस का आरोप: "दबाव में रद्द हुई सदस्यता"

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने सोशल मीडिया पर लिखा कि भाजपा विधायक की सदस्यता कांग्रेस के दबाव और नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली द्वारा दायर अवमानना याचिका के चलते रद्द करनी पड़ी। उन्होंने कहा, "लोकतंत्र में संविधान सर्वोपरि है, लेकिन भाजपा बार-बार उसे ताक पर रखती है। कांग्रेस आरएसएस और भाजपा को संविधान का सम्मान करना याद दिलाती रहेगी।"

डोटासरा ने विधानसभा अध्यक्ष पर निर्णय में जानबूझकर देरी करने का आरोप लगाते हुए कहा, "विपक्ष ने कई बार ज्ञापन दिए, चेतावनियां दीं, फिर भी दोषी विधायक को बचाने की कोशिश की गई। एक देश में दो कानून नहीं हो सकते।"

पृष्ठभूमि: सुप्रीम कोर्ट का ऐतिहासिक फैसला

गौरतलब है कि सुप्रीम कोर्ट ने 2013 के लीली थॉमस बनाम भारत सरकार फैसले में कहा था कि यदि किसी सांसद या विधायक को दो साल या उससे अधिक की सजा होती है, तो उसकी सदस्यता स्वतः समाप्त मानी जाएगी।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+