पंजाब विधानसभा चुनाव के लिए अकाली दल और BSP में गठबंधन, 20 सीटों पर लड़ेगी मायावती की पार्टी
पंजाब विधानसभा चुनाव के लिए अकाली दल और BSP में गठबंधन, 20 सीटों पर लड़ेगी मायावती की पार्टी
चंडीगढ़, 12 जून: पंजाब में अगले साल 2022 में होने वाले विधानसभा चुनावों को लेकर शिरोमणि अकाली दल (शिअद) और बहुजन समाज पार्टी (बसपा) ने फिर से गठबंध कर लिया है। शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल ने दोनों पार्टियों के गंठबंधन की घोषणा करते हुए कहा है कि पंजाब की राजनीति में यह एक नया दिन है, शिरोमणि अकाली दल (शिअद) और बहुजन समाज पार्टी (बसपा) 2022 के पंजाब विधानसभा चुनाव और भविष्य के चुनाव एक साथ लड़ने के लिए साथ आए हैं। सुखबीर सिंह बादल ने कहा, पंजाब की 117 विधानसभा सीटों में से बहुजन समाज पार्टी (बसपा) 20 सीटों पर और शिरोमणि अकाली दल (शिअद) बाकी 97 सीटों पर चुनाव लड़ेगी।
Recommended Video

इस मौके पर बसपा सांसद सतीश मिश्रा ने कहा, यह एक ऐतिहासिक दिन है क्योंकि शिरोमणि अकाली दल साथ हमने गठबंधन किया है, जो पंजाब की सबसे बड़ी पार्टी है। 1996 में बसपा और शिअद दोनों ने संयुक्त रूप से लोकसभा चुनाव लड़ा और 13 में से 11 सीटों पर जीत हासिल की। इस बार ये गठबंधन नहीं टूटेगा।
चंडीगढ़ में शिअद विधायक एनके शर्मा ने कहा, शिरोमणि अकाली दल और बसपा एक बार फिर साथ आ रहे हैं और हम पंजाब में चुनाव में जीत हासिल करने जा रहे हैं। उन्होंने कहा है कि हम पंजाब चुनाव में क्लीन स्वीप करेंगे।
कृषि कानून विवाग पर भाजपा से अलग हुई थी अकाली दल
बीते साल केंद्र के विवादास्पद कृषि विधेयकों को लेकर शिरोमणि अकाली दल ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) से नाता तोड़ लिया था और एनडीए से अलग हो गए थे। सुखबीर बादल ने पिछले हफ्ते घोषणा की थी कि उनकी पार्टी कांग्रेस, भाजपा और अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व वाली आम आदमी पार्टी (आप) को छोड़कर गठबंधन के लिए तैयार है।
1996 के लोकसभा चुनाव में साथ थे BSP और SAD
अकाली दल और बसपा 1996 के लोकसभा चुनाव के 27 साल बाद एक साथ हाथ मिला रहे हैं। 1996 में दोनों ने एक साथ 13 में से 11 सीटों पर जीत हासिल की थी। मायावती के नेतृत्व वाली बसपा ने तब सभी तीन सीटों पर जीत हासिल की थी, जबकि अकाली दल ने 10 में से आठ सीटों पर जीत हासिल की थी।












Click it and Unblock the Notifications