पंजाब: सिद्धू की ज़िद की वजह से पार्टी में पनप रहा असंतोष, कांग्रेसी खोल रहे अपने ही अध्यक्ष के ख़िलाफ़ मोर्चा
पंजाब विधानसभा चुनाव से पहले फिर से पंजाब कांग्रेस में गुटबाज़ी बढ़ रही है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू की बयानबाज़ी की वजह से पार्टी में असंतोष पनप रहा है।
चंडीगढ़, 5 जनवरी 2022। पंजाब विधानसभा चुनाव से पहले फिर से पंजाब कांग्रेस में गुटबाज़ी बढ़ रही है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू की बयानबाज़ी की वजह से पार्टी में असंतोष पनप रहा है। पार्टी के मंत्री अपने ही अध्यक्ष से नाराज़ चल रहे हैं। दिल्ली में कांग्रेस स्क्रीनिंग केमटी की बैठक से पहले ही पंजाब सरकार के चार मंत्रियों ने नवजोत सिंह सिद्धू के खिलाफ़ मोर्चा खोल दिया। पंजाब के उप मुख्यमंत्री सुखजिंदर रंधावा समेत कई नेताओं ने पार्टी के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपापाल से मुलाकात की। मुलाक़ात के दौरान उन्होंने पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू पर लगाम लगाने की गुज़ारिश की। उन्होंने कहा कि नवजोत सिंह सिद्धू सरकार और पार्टी के नेताओं के खिलाफ़ बयानबाज़ी कर रहे हैं। इस मामले को संज्ञान में लेते हुए सिद्धू पर लगाम लगाई जाए। अगर ऐसा नहीं किया गया तो आगामी विधानसभा चुनाव में पार्टी को इसका ख़ामियाज़ा भुगतना पड़ सकता है।

सरकार और पार्टी के ख़िलाफ़ बयानबाज़ी
कांग्रेस पार्टी के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपापाल के मुलाक़ात के दौरान सुखजिंदर सिंह रंधाव, भारत भूषण आशु, परगट सिंह और अमरिंदर सिंह राजा वडिंग शामिल थे। ग़ौरतलब है कि कैप्टन और सिद्धू विवाद के वक़्त यह सभी लोग सिद्धू के पक्ष में थे लेकिन अब सिद्धू की बयानबाज़ी से परेशान होकर उन पर ही लगाम लगाने की गुज़ारिश कर रहे हैं। सभी मत्रियों ने सिद्धू की सरकार और पार्टी के खिलाफ़ बयानबाज़ी की जमकर आलोचना की। उन्होंने कहा कि हाल ही में पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू से मुलाक़ात कर उन्हें पार्टी के ख़िलाफ़ बयानबाज़ी नहीं करने की नसीहत दी थी। मुलाक़ात के बाद भी नवजोत सिंह सिद्धू पर कोई असर नहीं पड़ा उनके तेवर में कोई बदलाव नहीं आया है। वहीं कैबिनेट मंत्री राणा गुरजीत सिंह ने भी नवजोत सिंह सिद्धू के रवैये पर नाराज़गी ज़ाहिर की।

कांग्रेस पार्टी के संगठन महासचिव से मुलाक़ात
कांग्रेस पार्टी संगठन महासचिव केसी वेणुगोपापाल ने सभी मंत्रियों की शिकायतें सुन्ने के बाद कहा कि वह इस मुद्दे को राहुल गांधी के पास उठाएंगे। इसके साथ ही उन्होंने पार्टी के नेताओं से चुनाव में एकजुट रहने की भी अपील की और कहा कि चुनाव में पार्टी को मज़बूत करने का काम करें। आपको बता दें कि पंजाब के आगामी विधानसभा चुनाव के मद्देनज़र गठित स्क्रीनिंग कमेटी की बैठक में शामिल होने के लिए दिल्ली आए थे। पार्टी महासचिव अजय माकन की अध्यक्षता में यह बैठक दिल्ली के गुरुद्वारा रकाबगंज रोड स्थित कांग्रेस के वार रूम में हुई। इन नेताओं ने चुनाव में पार्टी की रणनीति और प्रदेश में संगठन की स्थिति को लेकर चर्चा की। साथ पंजाब के 117 विधानसभा सीटों पर संभावित उम्मदवारों को लेकर भी चर्चा हुई। विधानसभा चुनाव के लिए उम्मीदवारों की पहली सूची जल्द ही जारी की जा सकती है।

नवजोत सिंह सिद्धू के ख़िलाफ़ खोला मोर्चा
पंजाब के मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी दिल्ली में हुई स्क्रीनिंग कमेटी की पहले बैठक से नदारद रहे। कांग्रेस नेताओं की मानें तो सीएम चन्नी पहले से तय आधिकारिक कार्यक्रमों की वजह से स्क्रीनिंग कमेटी की बैठक में शिरकत नहीं कर सके। पंजाब विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस की पंजाब इकाई में फिर से असंतोष पनप रहा है। पंजाब के उपमुख्यमंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा और भारत भूषणा आशू ने सार्वजनिक तौर पर पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू के ख़िलाफ़ मोर्चा खोला दिया है। सूत्रों की मानें तो पंजाब कांग्रेस में सिद्धू का दबदबा है और सिद्धू के मुताबिक ही सभी फ़ैसले लिए जाते हैं। इसलिए आगामी विधानसभा में सिद्धू के मुताबिक ही टिकट का बंटवारा नहीं किया जाए इसलिए पार्टी के नेताओं ने सिद्धू के खिलाफ़ मोर्चा खोला है ताकि कांग्रेस आलाकमान पर दबाव बना रहे।
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