Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

पाकिस्‍तान: जानिए पेशावर में राजकपूर और दिलीप कुमार की हवेलियों की कीमत

लाहौर। पाकिस्‍तान से बॉलीवुड के 'ट्रेजेडी किंग' दिलीप कुमार और 'शोमैन' राजकपूर का गहरा रिश्‍ता है। बंटवारे के बाद भी पेशावर की गलियों में इनकी बातें होती हैं और इन बातों की वजह है यहां पर बनी इन दोनों महान कलाकारों की पुश्‍तैनी हवेलियां। मगर अब पाकिस्‍तान की सरकार इन हवेलियों को बेचने पर विचार कर रही है। पाकिस्‍तान ने दिलीप कुमार और राजकपूर के पुश्‍तैनी घरों की कीमतें तय कर दी हैं। इन हवेलियों के मालिकों की तरफ से कई बार इमारतों को गिराने की कोशिशें की गईं ताकि वो यहां पर क‍मर्शियल प्‍लाजा बना सकें। लेकिन पाक के पुरातत्‍व विभाग की तरफ से उन्‍हें ऐसा करने से रोक दिया गया। विभाग इनकी एतिहासिक अहमियत को देखते हुए इन्‍हें संरक्षित करके रखना चाहता था।

raj-kapoor-dilip-kumar.jpg

Recommended Video

    Pakistan में Dilip kumar और Raj kapoor के पुश्तैनी घरों की कीमत तय | वनइंडिया हिंदी

    दिलीप कुमार के घर से महंगी कपूर हवेली

    पेशावर के डिप्‍टी कमिश्‍नर मोहम्‍मद अली असगर ने कम्‍यूनिकेशन एंड वर्क्‍स डिपार्टमेंट की रिपोर्ट के बाद दिलीप कुमार के चार मारला हाउस की कीमत 80,56,000 रुपए या 50,259 डॉलर तय की है। जबकि राजकपूर के छह मारला हाउस की कीमत 1,50,00,000 सा 93,529 डॉलर तय की गई है। सितंबर माह में पेशावर की सरकार ने फैसला किया था कि वह इन कलाकारों की इन एतिहासिक धरोहरों को संरक्षित करके रखेगी। दोनों ही इमारतें इस समय बेहद खराब हालत में हैं और किसी भी समय गिर सकती हैं। ये बिल्डिंग्‍स उत्‍तरी पाकिस्‍तान के शहर पेशावर की दिल की धड़कनें हैं। इन्‍हें राष्‍ट्रीय विरासत के तौर पर घोषित किया जा चुका है। मारला, भारत, पाकिस्‍तान और बांग्‍लादेश में एक पारंपरिक इकाई है। इसे 272.25 स्‍क्‍वायर फीट या 25.2929 स्‍क्‍वॉयर मीटर के बराबर माना जाता है। पुरातत्‍व विभाग की तरफ से प्रांतीय सरकार को दो करोड़ रुपए का फंड रिलीज करने का अनुरोध किया गया है। यही, वह जगह है जहां पर दोनों महान कलाकारों का जन्‍म हुआ और बंटवारे से पहले इनका पालन-पोषण हुआ था।

    ऋषि कपूर को भेजा गया था अनुरोध

    राजकपूर के पुश्‍तैनी घर को कपूर हवेली के तौर पर जाना जाता है। कपूर हवेली किस्‍सा खवानी बाजार में स्थित है। इसका निर्माण साल 1918 से 1922 के बीच में राजकपूर के दादा दीवान बसेश्‍वरनाथ कपूर ने किया था। राज कपूर और उनके चाचा त्रिलोक कपूर का जन्‍म इसी हवेली में हुआ था। इसे प्रांतीय सरकार की तरफ से राष्‍ट्रीय संपत्ति घोषित किया गया था। वहीं दिलीप कुमार का घर भी इसी इलाके में है और 100 साल से भी ज्‍यादा पुराना हो चुका है। यह घर अब खडंहर में तब्‍दील हो चुका है और साल 2014 में तत्‍कालीन नवाज शरीफ सरकार ने इसे राष्‍ट्रीय संपत्ति घोषित किया था। हालांकि कपूर हवेली के मालिक अली कादर ने पहले कहा था कि वह इस बिल्डिंग को गिराना नहीं चाहते हैं और पुरातत्‍व विभाग के अधिकारियों से इसके संरक्षण के लिए कई बार संपर्क किया। वह इस इमारत को राष्‍ट्रीय गौरव के तौर पर संरक्षित करना चाहते थे। मालिक ने इसके लिए सरकार से 200 करोड़ रुपए की मांग की थी। साल 2018 में पाक सरकार ने फैसला किया था कि वह कपूर हवेल को एक संग्रहालय में बदल देगी। इसके लिए ऋषि कपूर से अनुरोध भी किया गया था। इस वर्ष अप्रैल में ऋषि कपूर का निधन हो गया और फिलहाल मामला अधर में है। पेशावर में इस तरह की करीब 1800 एतिहासिक इमारते हैं जो 300 साल से भी ज्‍यादा पुरानी हैं। सरकार का कहना है कि संग्रहालयों को आम जनता के लिए खोला जा सकता है जिससे उसे सांस्‍कृतिक तौर पर अमीर पेशावर शहर के इतिहास के बारे में पता लग सकेगा। साथ ही वह इन दो महान कलाकरों की तरफ से बॉलीवुड में किए गए योगदान के बारे में भी जान सकेगी।

    More From
    Prev
    Next
    Notifications
    Settings
    Clear Notifications
    Notifications
    Use the toggle to switch on notifications
    • Block for 8 hours
    • Block for 12 hours
    • Block for 24 hours
    • Don't block
    Gender
    Select your Gender
    • Male
    • Female
    • Others
    Age
    Select your Age Range
    • Under 18
    • 18 to 25
    • 26 to 35
    • 36 to 45
    • 45 to 55
    • 55+