विश्व हिंदू परिषद का अध्यक्ष बेच रहा था फेक रेमडेसिविर इंजेक्शन, कांग्रेस ने की सीबीआई जांच की मांग
जबलपुर, 11 मई। विश्व हिंदू परिषद जबलपुर के अध्यक्ष सरबजीत सिंह मोखा फेक रेमडेसिविर रैकेट चलाने वाले मुख्य आरोपियों में से एक निकला है। इन पर कोरोना महामारी के दौरान एक लाख फर्जी इंजेक्शन बेचने का आरोप है। जबलपुर एएसपी रोहित केशवानी ने बताया कि पुलिस ने सरबजीत सिंह मोखा, देवेंद्र चौरसिया और स्वपन जैन के खिलाफ आईपीसी की विभिन्न धाराओं, आपदा प्रबंधन अधिनियम, दवा और सौंदर्य प्रसाधन अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है।

पुलिस के अनुसार सरबजीत सिंह मोखा विश्व हिंदू परिषद का अध्यक्ष होने के साथ साथ सिटी अस्पताल का मालिक भी है। देवेंद्र चौरसिया उनके यहां मैनेजर के रूप में काम करता है जबकि स्वपन जैन दवा कम्पनियां के डीलर्स को हैंडल करता है। सूत्रों के अनुसार मोखा के सम्पर्क एक मंत्री के बेटे से भी हैं। पांच सौ फर्जी रेमडेसिविर इंजेक्शन इंदौर से प्राप्त किए और उन्हें अपने अस्पताल के मरीजों को 35 से 40 हजार रुपए में बेचा।
फर्जी रेमडेसिविर इंजेक्शन रैकेट उजागर होने पर मध्य प्रदेश कांग्रेस ने पूरे मामले से सीबीआई की जांच की मांग की है। कांग्रेस के राज्यसभा सदस्य विवेक तन्खा ने ट्वीट करते हुए कहा कि यह घोटाला कई राज्यों में हुआ है।
इंदौर में 3 व जबलपुर में साढ़े तीन हजार इंजेक्शन पहुंचे है।












Click it and Unblock the Notifications