'ससुराल में मौत मिलती है?', Twisha Sharma केस पर मचा बवाल, फेमस सिंगर ने पूछा ऐसा सवाल, बताया शादी का सच

Twisha Sharma Death Case: भोपाल की मॉडल और एक्ट्रेस ट्विशा शर्मा और ग्रेटर नोएडा की दीपिका नागर की संदिग्ध मौतों ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। दोनों मामलों में परिवार वालों ने ससुराल पक्ष पर दहेज के लिए प्रताड़ित करने और हत्या जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। इन घटनाओं के बाद सोशल मीडिया से लेकर आम लोगों तक में गुस्सा देखने को मिल रहा है।

चिन्मयी श्रीपदा ने ट्विशा शर्मा केस पर कही ऐसी बात
इन दोनों बेटियों की मौत ने एक बार फिर समाज में जड़ें जमा चुकी दहेज प्रथा और शादी के बाद बेटियों के साथ होने वाले गंदे बर्ताव पर बहस छेड़ दी है। कई सेलेब्रिटीज भी इस मामले में खुलकर सामने आए हैं। बीजेपी सांसद और बॉलीवुड एक्ट्रेस कंगना रनौत से लेकर एक्ट्रेस दिशा पाटनी की बहन खुशबू पाटनी तक ने इस मामले पर अपनी प्रतिक्रिया दी थी। वहीं अब इस मामले में मशहूर सिंगर और एक्टिविस्ट चिन्मयी श्रीप्रदा (Chinmayi Sripaada) ने भी समाज की सोच पर तीखा हमला बोला है।

Twisha Sharma

चिन्मयी श्रीपदा ने कहा- बेटियों को सामान समझना बंद करो

-चिन्मयी श्रीपदा ने सोशल मीडिया पर एक ऐसा पोस्ट किया है, जिसने इंटरनेट पर नई बहस छेड़ दी है। उन्होंने भारतीय समाज और खासकर उन माता-पिताओं की मानसिकता पर सवाल उठाए हैं, जो शादी के बाद बेटियों को 'पराया धन' मान लेते हैं।

Twisha Sharma की मौत पर को-एक्टर दीक्षित शेट्टी का बड़ा बयान, खोला ऐसा राज, 4 साल पहले शूटिंग पर क्या हुआ था?
Twisha Sharma की मौत पर को-एक्टर दीक्षित शेट्टी का बड़ा बयान, खोला ऐसा राज, 4 साल पहले शूटिंग पर क्या हुआ था?

-अपने पोस्ट में चिन्मयी श्रीपदा ने लिखा है- कई परिवार बेटियों को ऐसे सामान की तरह देखते हैं, जिसे शादी के बाद ससुराल भेज दिया जाता है और फिर उसकी कोई वापसी नहीं होती।

'कन्यादान के बाद ससुराल में मिलती है मौत?'

-चिन्मयी ने तंज कसते हुए कहा- क्या कन्यादान के बाद लड़की का ससुराल में मर जाना ही सम्मानजनक माना जाता है? उनका ये बयान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया है और लोगों ने इस पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं देनी शुरू कर दी हैं।

-चिन्मयी श्रीपदा के बयान के बाद सोशल मीडिया पर बेटियों की इस गंभीर हालत को लेकर बहस तेज हो गई है। कई लोगों ने उनके विचारों का समर्थन करते हुए कहा है कि भारतीय समाज में आज भी शादी के बाद बेटियों को समझौता करने की सलाह दी जाती है, चाहे वह कितनी भी प्रताड़ना झेल रही हों।

-वहीं कुछ यूजर्स ने सवाल उठाया है कि सिर्फ माता-पिता को दोष देना सही नहीं है। कुछ लोगों का कहना था कि पढ़ी-लिखी महिलाएं भी कानूनी मदद लेने से पीछे हट जाती हैं जबकि उन्हें अपने अधिकारों की जानकारी होती है।

-एक यूजर ने ये भी लिखा है कि दहेज मांगने वालों के खिलाफ शुरुआत में ही सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। अगर शादी से पहले या बाद में दहेज मांगने की बात सामने आए तो तुरंत गिरफ्तारी जैसे कदम उठाए जाने चाहिए ताकि ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।

दीपिका नागर केस ने सबको झकझोर कर रख दिया

-ग्रेटर नोएडा की रहने वाली दीपिका नागर की शादी को अभी करीब 14 महीने ही हुए थे। परिवार का आरोप है कि शादी के शुरुआती महीनों में सबकुछ सामान्य था लेकिन बाद में ससुराल पक्ष की मांगें बढ़ने लगीं।

-दीपिका के परिवार वालों ने बताया- शादी में करोड़ों रुपये खर्च किए गए थे और दूल्हे को महंगी कार भी दी गई थी। इसके बावजूद ससुराल वाले कथित तौर पर 50 लाख रुपये और फॉर्च्यूनर गाड़ी की मांग कर रहे थे।

-परिवार ने आरोप लगाया कि मांगें पूरी न होने पर दीपिका को मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाने लगा था। वह अक्सर रोते हुए अपने घरवालों को फोन करती थी लेकिन ये सोचकर सब सहती रही कि शायद हालात बदल जाएंगे। आखिरकार 17 मई 2026 को खबर आई कि दीपिका ने कथित तौर पर छत से कूदकर जान दे दी है।

ट्विशा शर्मा केस में पति और सास पर गंभीर आरोप

-दूसरा मामला भोपाल की मॉडल और एक्ट्रेस ट्विशा शर्मा का है, जिनकी 12 मई 2026 को संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। परिवार ने ट्विशा के पति समर्थ सिंह और सास (जो रिटायर्ड जज बताई जा रही हैं) पर गंभीर आरोप लगाए हैं।

-परिजनों का दावा है कि ट्विशा शर्मा को दहेज के लिए लगातार प्रताड़ित किया जा रहा था। घटना के बाद से पति समर्थ के लापता होने की भी खबरें सामने आईं। वहीं ससुराल पक्ष ने दावा किया कि ट्विशा को ड्रग्स की लत थी लेकिन परिवार ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है।

आखिर कब रुकेगी दहेज के नाम पर बेटियों की मौत?

-ट्विशा शर्मा और दीपिका नागर की मौत ने एक बार फिर पूरे देश को सोचने पर मजबूर कर दिया है। सवाल सिर्फ दो परिवारों का नहीं बल्कि उस सामाजिक मानसिकता का है जहां आज भी कई बेटियां शादी के बाद चुपचाप प्रताड़ना सहने को मजबूर हो जाती हैं।

-इन घटनाओं ने यह बहस फिर तेज कर दी है कि क्या कानून और जागरूकता के बावजूद दहेज जैसी कुप्रथा को खत्म करना अब भी इतना मुश्किल क्यों है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+