MP News: हजारीलाल रघुवंशी के गढ़ में आज कमलनाथ का दौरा, पिछले तीन चुनावों से कांग्रेस हार रही सिवनी मालवा सीट
मध्य प्रदेश के पूर्व सीएम कमलनाथ इन दिनों नर्मदा अंचल क्षेत्र में काफी सक्रिय नजर आ रहे हैं। शनिवार को वह सिवनी मालवा विधानसभा सीट पर कार्यकर्ताओं को संबोधित करेंगे।

प्रदेश कांग्रेस के धाकड़ नेताओं में शुमार रहे विधानसभा के पूर्व उपाध्यक्ष हरीलाल रघुवंशी के क्षेत्र में फिर से कांग्रेस को मजबूत करने के लिए शनिवार को कमलनाथ नर्मदापुरम जिले के सिवनी मालवा विधानसभा क्षेत्र में रहेंगे। यह सीट जब से बनी तब से लेकर 2023 तक यह हजारीलाल रघुवंशी का अवैध गढ़ मानी जाती थी। लेकिन अब इस सीट पर कांग्रेस पिछले तीन चुनावों से लगातार हार रही है जिसमें 2 बार तो हजारीलाल रघुवंशी ही यहां से चुनाव हारे।
नर्मदा पुरम की सिवनी मालवा विधानसभा सीट पर कमलनाथ शनिवार को मंडलम और सेक्टर के कार्यकर्ताओं के साथ बैठक करेंगे। इसके साथ ही अन्य नेताओं से भी वे चर्चा करेंगे। कमलनाथ की एक सभा भी होगी, जिसमें वे कार्यकर्ताओं को संबोधित करेंगे। माना जा रहा है कि कमलनाथ के दौरे से सिवनी मालवा विधानसभा क्षेत्र में कांग्रेस प्रत्याशियों को लेकर 90% तक कैंडिडेट का नाम क्लियर हो जाएगा। पिछले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस ने हजारीलाल रघुवंशी के बेटे ओम रघुवंशी को यहां से उम्मीदवार बनाया था, लेकिन वह चुनाव जीत नहीं पाए।
सरताज ने तोड़ा था हजारीलाल का किला
सिवनी मालवा सीट का गठन 1977 में हुआ था। इसके बाद से लगातार दो चुनाव हजारीलाल रघुवंशी चुनाव जीते। इसके बाद उन्हें दो बार टिकट नहीं मिला इसके बाद 1993, 1998 और 2003 का चुनाव में जीते। पांच चुनाव जीतने के बाद उन्हें पहली बार हार का सामना साल 2008 में करना पड़ा, उन्हें भाजपा के सरताज सिंह से हार मिली। इसके बाद 2013 में भी सरताज सिंह ने हजारीलाल रघुवंशी को चुनाव हराया। साल 2018 में कांग्रेस ने उनके बेटे को टिकट दिया, लेकिन वे भी जीत नहीं पाए।
सिवनी-मालवा विधानसभा क्षेत्र में क्यों हार रही है कांग्रेस
पिछले विधानसभा चुनाव की बात करें तो भाजपा उम्मीदवार प्रेमशंकर कुंजीलाल वर्मा को 88,022 (46.58%) वोट मिले, जबकि कांग्रेस उम्मीदवार ओमप्रकाश रघुवंशी को 76,418 (40.44%) वोट मिले। वहीं तीसरे स्थान पर गोंडवाना गणतंत्र पार्टी के लक्ष्मण परते को 9682 (5.12%) वोट मिले। और निर्दलीय राम मोहन गोर को 2091 (1.11%) वोट मिले। मतलब अगर विपक्षी वोट बिखरा नहीं होता, तो यह सीट कांग्रेस के खाते में जा सकती थी। माना जा रहा है कि एक बार फिर से कांग्रेस हजारीलाल रघुवंशी के बेटे एवं रघुवंशी को यहां से उम्मीदवार बना सकती है।
20 दिन में दूसरी बार नर्मदापुरम का दौरा
कमलनाथ 20 दिन में दूसरी बार नर्मदा पुरम जिले में दौरा करने पहुंच रहे हैं। इससे पहले कमलनाथ ने 5 अप्रैल को पिपरिया विधानसभा की बनखेड़ी में जनसभा को संबोधित किया था। कमलनाथ का बार-बार इस जिले में दौरा कहीं ना कहीं भाजपा के कब्जे वाली विधानसभा सीटों में सेंध करने से जोड़ा जा रहा है। खासतौर पर ऐसे इलाके, जहां पर सीएम शिवराज सिंह चौहान की पकड़ मजबूत है, ऐसे विधानसभा क्षेत्रों को खुद कमलनाथ कवर कर रहे हैं।












Click it and Unblock the Notifications