UP: भ्रष्टाचार के आरोप में घिरे दो IPS के खिलाफ विजिलेंस ने शासन को भेजी रिपोर्ट, सख्त कार्रवाई की सिफारिश
लखनऊ। भ्रष्टाचार के गंभीर आरोपों से घिरे आईपीएस अफसर डॉ. अजय पाल शर्मा और हिमांशु कुमार के खिलाफ विजिलेंस ने जांच पूरी कर रिपोर्ट शासन को सौंप दी है। सूत्रों के मुताबिक, जांच में दोनों अधिकारी दोषी पाए गए हैं। दोनों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की सिफारिश की गई है। हालांकि, इस मामले में अधिकारी जांच की गोपनीयता का हवाला देते हुए कुछ भी बताने को तैयार नहीं हैं। ये भी माना जा रहा है कि दोनों आरोपित आईपीएस अफसरों पर जल्द कार्रवाई हो सकती है।

क्या है पूरा मामला?
गौतमबुद्धनगर के एसएसपी रहे वैभव कृष्ण का एक आपत्तिजनक वीडियो वायरल हुआ था, जिसके बाद उन्हें पद से हटा दिया गया था। इस मामले में वैभव कृष्ण ने डीजीपी को पत्र लिख पांच आईपीएस अधिकारियों अजय पाल शर्मा, सुधीर कुमार सिंह, राजीव नारायण मिश्रा, गणेश साहा और हिमांशु कुमार पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए थे। उन्होंने इस पत्र में अजय पाल और हिंमाशु कुमार के विरुद्ध ट्रांसफर-पोस्टिंग के नाम पर धन उगाही का भी आरोप लगाया था। शुरुआती जांच में सुधीर कुमार सिंह, राजीव नारायण और गणेश साहा के खिलाफ आरोप साबित नहीं हो सके थे। वहीं, अजय पाल और हिमांशु कुमार के खिलाफ पर्याप्त सुबूत पाए गए थे, जिसके आधार पर विजिलेंस जांच की सिफारिश की गई थी।
अजय पाल और हिमांशु की कई बेनामी संपत्तियों की जानकारी हासिल!
अजय पाल अभी पुलिस प्रशिक्षण स्कूल उन्नाव और हिमांशु पीएसी इटावा में तैनात हैं। विजिलेंस ने अपनी जांच पूरी कर ली है और रिपोर्ट शासन को भेज दी है। सूत्रों के मुताबिक, जांच के दौरान विजिलेंस को अजय पाल शर्मा और हिमांशु की कई बेनामी संपत्तियों के बारे में भी जानकारी मिली। हालांकि, इस बारे में गृह विभाग और विजिलेंस के अफसर कुछ भी बोलने से इनकार कर रहे हैं। इस बारे में अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश अवस्थी ने भी अभी कुछ भी बताने से इनकार कर दिया।












Click it and Unblock the Notifications