'झारखंड चुनाव से पहले DGP अनुराग गुप्ता को तत्काल प्रभाव से हटाएं', EC ने हेमंत सरकार को क्यों दिया ये निर्देश
Jharkhand Vidhan Sabha Chunav 2024: झारखंड में विधानसभा चुनाव से पहले भारत के चुनाव आयोग (ECI) ने शनिवार (19 अक्टूबर) को राज्य सरकार को अनुराग गुप्ता (Anurag Gupta) को कार्यवाहक पुलिस महानिदेशक (DGP) के पद से तत्काल प्रभाव से हटाने का निर्देश दिया है।
इस निर्देश में साफ-साफ कहा गया है कि झारखंड चुनाव से पहले डीजीपी अनुराग गुप्ता को तत्काल प्रभाव से हटाएं। सूत्रों के मुताबिक, चुनाव आयोग ने राज्य की हेमंत सोरेन सरकार को अनुराग गुप्ता की जगह कैडर में डीजीपी स्तर के सबसे वरिष्ठ अधिकारी को नियुक्त करने का निर्देश दिया है।

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सूत्रों ने बताया कि अनुराग गुप्ता को हटाने का फैसला पिछले चुनावों के दौरान उनके खिलाफ शिकायतों और आयोग द्वारा की गई कार्रवाई के इतिहास के आधार पर लिया गया है।
चुनाव आयोग ने राज्य सरकार से उसके निर्देशों का पालन करने और शनिवार शाम 7 बजे तक रिपोर्ट पेश करने को कहा है। चुनाव आयोग ने राज्य सरकार से सोमवार सुबह 10 बजे तक इस पद के लिए विचार किए जाने वाले वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों का एक पैनल भी पेश करने को कहा है।
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क्यों DGP अनुराग गुप्ता को चुनाव आयोग ने हटाने का दिया निर्देश?
चुनाव आयोग ने जानकारी दी है कि अधिकारी अनुराग गुप्ता के खिलाफ पिछली शिकायतों और पिछले चुनावों में चुनाव आयोग द्वारा की गई कार्रवाई के आधार पर यह फैसला लिया। चुनाव आयोग के एक सूत्र के मुताबिक, 2019 के लोकसभा चुनावों के दौरान झारखंड मुक्ति मोर्चा द्वारा पक्षपात के आरोपों के बाद अधिकारी को एडीजी (विशेष शाखा) के पद से मुक्त कर दिया गया था।
सूत्र ने बताया कि इसके बाद उन्हें दिल्ली में झारखंड रेजिडेंट कमिश्नर के कार्यालय में फिर से नियुक्त किया गया और चुनाव होने तक राज्य में वापस न आने को कहा गया है।
सूत्र ने बताया कि 2016 में झारखंड में राज्यसभा चुनाव के दौरान अतिरिक्त डीजीपी के तौर पर अनुराग गुप्ता पर सत्ता के दुरुपयोग के आरोप लगे थे और चुनाव आयोग ने जांच कमेटी गठित की थी। सूत्रों ने बताया कि जांच के आधार पर 29 मार्च 2018 को एफआईआर दर्ज की गई और झारखंड सरकार ने 2021 में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 के तहत जांच की अनुमति दी।
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