Amarnath Yatra: दो दिन से रुकी अमरनाथ यात्रा कब शुरू होगी, केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने ट्वीट कर बताया
Amarnath Yatra: मूसलाधार बारिश...बर्फबारी और पहाड़ों का मलबा यात्रा मार्ग पर आने के कारण अमरनाथ यात्रा आज, 08 जुलाई को दूसरे दिन भी रोक दी गई। श्रद्धालुओं को बालटाल और पहलगाम से आगे नहीं जाने दिया गया। बारिश के चलते भूस्खलन और जलभराव का खतरा पैदा हो गया है।
अमरनाथ यात्रा रोके जाने के संबंध में केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने ट्वीट कर जानकारी दी है। केंद्रीय मंत्री ने बताया कि खराब मौसम के कारण अमरनाथ यात्र फिलहाल के लिए स्थगित कर दी गई है। बताया कि यात्रा में फंसे श्रद्धालुओं को वहां से निकालने के प्रयास किए जा रहे हैं।

केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने ट्वीट करते हुए बताया कि हम लगातार अधिकारियों के संपर्क में हैं। मैंने उत्तरी कमान के आर्मी कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल द्विवेदी और अमरनाथ श्राइन बोर्ड के सीईओ डॉ. मंदीप भंडारी से व्यक्तिगत रूप से बात की है। दोनों वरिष्ठ अधिकारी स्वयं स्थिति पर नजर रख रहे हैं।
एनडीआरएफ और एसडीआरएफ पहले से ही काम पर हैं। यात्रियों से अनुरोध है कि वे घबराएं नहीं और समय-समय पर अधिकारियों द्वारा जारी निर्देशों का पालन करें। आपको बता दें कि खराब मौसम के कारण बालटाल और पहलगाम मार्गों पर अमरनाथ यात्रा दूसरे दिन भी रोक दी गई।
ऐसा बताया जा रहा है कि विभिन्न बेस कैंपों में करीब बीस हजार से अधिक श्रद्धालु फंसे हुए हैं। तो वहीं, मौसम विभाग ने अगले 24 घंटे तक बारिश का अलर्ट जारी किया है। इससे पहले 07 जुलाई को जम्मू से पहलगाम के लिए गए 4600 यात्रियों के जत्थे को रामबन जिले के चंद्रकोट यात्री निवास में रोक लिया गया था।
खबरों के मुताबिक, प्रशासन ने बालटाल रूट पर 2639 श्रद्धालुओं को आगे जाने की अनुमति दी। हालांकि, 2670 यात्रियों ने बाबा बर्फानी के दर्शन किए। बालटाल रूट पर रेलपथरी के पास भूस्खलन के चलते यात्रा मार्ग को क्षति पहुंची है। तो वहीं, पवित्र अमरनाथ गुफा के साथ-साथ दोनों यात्रा मार्गों पर गुरुवार रात से ही भारी बारिश के चलते यात्रा स्थगित है।
ऐसा बताया जा रहा है कि बारिश के चलते बालटाल से पवित्र गुफा की ओर जाने वाले रास्ते पर भूस्खलन हो गया था। जिसके बाद तीर्थयात्रियों के किसी भी नए जत्थे को जम्मू के भगवती नगर आधार शिविर से पवित्र गुफा के लिए रवाना होने की अनुमति नहीं दी गई।
वहीं, यात्रा मार्ग पर फंसे हुए श्रद्धालुओं को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने के लिए बचाव अभियान चलाया गया था, जो देर शाम तक जारी रहा। अधिकारियों की मानें तो मौसम ठीक होते ही यात्रा फिर से शुरू कर दी जाएगी।












Click it and Unblock the Notifications