• search
क्विक अलर्ट के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  
For Daily Alerts

तालिबान ने लागू किया इस्लामी कानून, महिलाओं पर थोपी पाबंदियां, पुरूषों को दाढ़ी बढ़ाने का हुक्म

|
Google Oneindia News

काबुल, जुलाई 03: अमेरिकी सेना के हटने के साथ ही अफगानिस्तान के 50 से ज्यादा जिलों पर कब्जा कर चुके तालिबान ने इस्लामी कानून लागू करने का ऐलान कर दिया है। तालिबान ने जिन इलाकों पर कब्जा किया है, वहां के लिए उसने नियम और कायदे भी जारी कर दिए हैं और जिसका डर था, अब अफगानिस्तान में वही हो रहा है। तालिबान ने सबसे पहले महिलाओं की आजादी को छीन लिया है। तालिबान ने महिलाओं और पुरूषों के लिए नियम और कायदे जारी करने शुरू कर दिए हैं।

तालिबानी फरमान

तालिबानी फरमान

तालिबान ने अफगानिस्तान के उत्तरपूर्वी प्रांत तखर में हाल ही में कब्जा किए गए जिलों में नए कानून और नियम जारी कर दिए हैं, जिनमें महिलाओं को अकेले घर से बाहर निकलने पर पाबंदी लगा दी गई है. वहीं पुरुषों को दाढ़ी बढ़ाने का आदेश दिया गया है। अफगानिस्तान की एरियाना न्यूज ने तखर में नागरिक समाज के कार्यकर्ताओं का हवाला देते हुए कहा कि तालिबान ने लड़कियों के लिए दहेज के नियम भी तय कर दिए हैं। एरियाना न्यूज ने तखर में एक नागरिक सामाजिक कार्यकर्ता मेराजुद्दीन शरीफी के हवाले से कहा है कि, "तालिबान ने एक बयान में महिलाओं से एक रिश्तेदार (मोहरम) के बिना बाहर नहीं निकलने का हुक्म किया है। साथ ही पूरूषों के लिए तालिबान ने दाढ़ी रखना अनिवार्य कर दिया है।" शरीफी ने यह भी कहा कि "तालिबान बिना सबूत के मुकदमे भी चलाना शुरू कर चुका है"।

ये है तालिबानी कानून

ये है तालिबानी कानून

तालिबान ने अतीत में इस्लामी शासन को बेहद कठोरता से लागू किया था और एक बार फिर से तालिबान ने इस्लामी कानून को लागू करने का ऐलान कर दिया है। अतीत में तालिबान ने इस्लामी कानून के तहत लड़कियों की पढ़ाई को बंद करवा दिया था और महिलाओं को अकेले घरों से निकलने पर पाबंदी लगा दी गई थी। 2001 में अमेरिकी सेना के अफगानिस्तान आने से पहले तालिबान ने पूरे अफगानिस्तान में जंगल राज कायम कर दिया था और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर बर्बर कार्रवाई की जाती थी। महिलाओं की सड़कों पर पिटाई की जाती थी, यातनाएं दी जाती थी और तालिबान की इस्लामी पुलिस महिलाओं पर सख्ती से तालिबानी कानून लागू करती थी।

अफगानिस्तान पर तेजी से कब्जा

अफगानिस्तान पर तेजी से कब्जा

तालिबान ने अमेरिकी फौज के अफगानिस्तान से हटते ही एक बार फिर से शहरों पर हमले करना शुरू कर दिया है और तालिबानी आतंकी लगातार अफगान सेना को निशाने पर ले रही है। एक अमेरिकी रिपोर्ट में तो यहां तक कहा गया है कि अमेरिकी सेना के अफगानिस्तान से पूरी तरह हटने के बाद अगले 6 महीने में काबुल पर तालिबान का कब्जा होगा। एरियाना न्यूज ने अपनी ताजा रिपोर्ट में कहा है कि तालिबानियों ने गुरुवार को कपिसा प्रांत के तगाब जिले को जब्त कर लिया है। एरियाना न्यूज के मुताबिक, ताखर प्रांतीय परिषद के सदस्यों ने कहा कि तालिबान द्वारा कब्जा किए गए क्षेत्रों के निवासियों को अब खाना खाने के बदले भी तालिबानों को पैसे देने पड़ रहे हैं।

लोगों से सारी सुविधाएं छीनी

लोगों से सारी सुविधाएं छीनी

एरियाना न्यूज ने एक परिषद के सदस्य आजम अफजाली के हवाले से अपनी रिपोर्ट में कहा है कि ''लोगों को काफी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। सारी सेवाएं छीन ली गई हैं। अस्पतालों और स्कूलों को बंद करवा दिया गया है, लोगों को खाना खाने के बदले भी पैसे देने पड़ रहे हैं।'' तखर के गवर्नर अब्दुल्ला कारलुक ने कहा कि ''तालिबान द्वारा सरकारी इमारतों को नष्ट कर दिया गया है और तालिबान द्वारा नियंत्रित क्षेत्रों में तमाम सेवाओं को रोक दिया गया है।'' उन्होंने कहा कि तालिबान ने सब कुछ लूट लिया है और इलाके में अब लोगों के लिए कोई सेवा नहीं है।''

अफगानिस्तान के लिए चेतावनी

अफगानिस्तान के लिए चेतावनी

मई में शीर्ष अमेरिकी खुफिया विश्लेषकों ने चेतावनी दी थी कि अगर इस्लामी चरमपंथियों ने राष्ट्रीय सत्ता हासिल कर ली तो तालिबानस अफगान महिलाओं के अधिकारों में हुई प्रगति को "बहुत पीछे ले जाएगा"। यूएस नेशनल इंटेलिजेंस काउंसिल ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि, "तालिबान महिलाओं के अधिकारों को लेकर अपने पुराने सोच पर टिका हुआ है और वो अगर एक बार फिर से सत्ता हासिल करता है, तो अफगानिस्ता में जंगल राज कायम हो जाएगा।" काउंसिल के "सेंस ऑफ द कम्युनिटी मेमोरेंडम" में यह भी कहा गया है कि, अमेरिका के नेतृत्व वाले सैन्य गठबंधन के हटने के बाद महिलाओं के अधिकारों को काफी ज्यादा खतरा होगा। आपको बता दें कि अफगानिस्तान में स्थिति कई हफ्तों से बिगड़ रही है और मई की शुरुआत से ही लड़ाई काफी तेज हो गई है। तालिबान ने दावा किया है, कि उसने पूरे अफगानिस्तान में 400 से अधिक जिलों में से 100 से ज्यादा जिलों पर कब्जा कर लिया है।

बाग्राम एयरपोर्ट से 20 सालों बाद निकली यूएस फौज, जानिए अमेरिका के लिए कितना महंगा रहा अफगानिस्तान?बाग्राम एयरपोर्ट से 20 सालों बाद निकली यूएस फौज, जानिए अमेरिका के लिए कितना महंगा रहा अफगानिस्तान?

English summary
Taliban have imposed Islamic law in occupied Afghan districts, banning women from leaving their homes alone, while men have been asked to grow beards.
देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
For Daily Alerts
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X