Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

Pakistan News: 'भारत ने हमला किया तो गलत क्या?', पाकिस्तानी मौलाना कौन? जिन्होंने ऑपरेशन सिंदूर को सही ठहराया

Pakistan News: पाकिस्तान की राजनीति के कद्दावर नेता और जमीयत उलेमा-ए-इस्लाम (F) के प्रमुख मौलाना फजलुर रहमान ने सेना प्रमुख जनरल असीम मुनीर की नीतियों पर प्रहार करते हुए एक नई बहस छेड़ दी है। 21 दिसंबर को कराची के ल्यारी में आयोजित सम्मेलन में मौलाना ने दोहरे मापदंडों को लेकर पाकिस्तानी सेना को आईना दिखाया।

मौलाना फजलुर रहमान ने भारतीय सेना द्वारा हाल ही में किए गए 'ऑपरेशन सिंदूर' का परोक्ष रूप से समर्थन करते हुए कहा कि यदि पाकिस्तान अपने दुश्मनों पर हमला जायज मानता है, तो भारत की जवाबी कार्रवाई गलत कैसे हो सकती है? यह बयान पाकिस्तान के सैन्य प्रतिष्ठान के लिए एक बड़ा राजनीतिक झटका माना जा रहा है।

Pakistan maulana fazlur rehman
(AI Image)

मौलाना फजलुर रहमान ने क्या कहा?

22 अप्रैल को पहलगाम आतंकी हमले के जवाब में भारत ने पाकिस्तान में मौजूद आतंकी अड्डों के खिलाफ 'ऑपरेशन सिंदूर' (Operation sindoor Indian Army) शुरू किया था। 6 मई की रात भारतीय सेना ने बहावलपुर और मुरीदके जैसे क्षेत्रों में 9 आतंकी ठिकानों को जमींदोज कर दिया। मौलाना फजलुर रहमान ने असीम मुनीर से सीधा सवाल किया कि यदि पाकिस्तान अपनी स्ट्राइक को सही ठहराता है, तो भारत द्वारा कश्मीर में हिंसा फैलाने वाले केंद्रों (मरकज) पर की गई कार्रवाई पर ऐतराज क्यों? उन्होंने भारत की कार्रवाई को पाकिस्तान के अपने तर्कों के आधार पर ही जायज ठहराया।

ये भी पढे़ं: Pakistan: रामे, रामो राम:...बंटवारे के 77 साल बाद लाहौर यूनिवर्सिटी में पढ़ाई जाएगी 'संस्कृत'

Maulana Fazlur Rehman: कौन हैं ये नेता?

मौलाना फजलुर रहमान पाकिस्तान के सबसे प्रभावशाली धार्मिक और राजनीतिक चेहरों में से एक हैं। वे जमीयत उलेमा-ए-इस्लाम (F) के अध्यक्ष हैं और अपनी चतुराई भरी राजनीति के लिए 'मौलाना डीजल' के नाम से भी चर्चित रहे हैं। वे पाकिस्तान की संसद में विपक्ष के नेता और कश्मीर समिति के अध्यक्ष जैसे महत्वपूर्ण पदों पर रह चुके हैं। पारंपरिक रूप से सेना के करीबी रहने वाले मौलाना का असीम मुनीर और 'ऑपरेशन सिंदूर' के मुद्दे पर भारत का पक्ष लेना पाकिस्तान की आंतरिक सत्ता में मची बड़ी उथल-पुथल का संकेत है।

ये भी पढे़ं: Pakistan News: क्या है 'बुलगारी ज्वेलरी सेट'केस? जिसमें इमरान खान और उनकी पत्नी को मिली 17 साल की सजा

अफगान पॉलिसी की नाकामी पर प्रहार

मौलाना ने मुनीर की अफगान नीति की कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि पिछले 78 सालों से पाकिस्तान काबुल में एक 'प्रो-पाकिस्तान' सरकार की उम्मीद लगाए बैठा है, लेकिन हकीकत में जाहिर शाह से लेकर अशरफ गनी तक सभी सरकारें 'प्रो-इंडिया' रही हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या यह पाकिस्तान की अपनी विदेश नीति की सबसे बड़ी विफलता नहीं है? मौलाना के अनुसार, काबुल पर बमबारी करना वैसा ही है जैसे कोई इस्लामाबाद पर हमला करे, जिसे तालिबान कभी बर्दाश्त नहीं करेगा।

ये भी पढे़ं: Pakistan: कराची में हिंदू महिलाओं पर खतरा! जबरन धर्मांतरण कराकर अधेड़ मुस्लिमों से करा रहे निकाह?

दोहरे मापदंडों का पर्दाफाश

फजलुर रहमान ने सेना की विरोधाभासी सोच को उजागर करते हुए कहा कि पाकिस्तान एक तरफ अफगानिस्तान में घुसकर कार्रवाई को सही बताता है, लेकिन जब भारत बहावलपुर या मुरीदके में आतंकियों को निशाना बनाता है, तो पाकिस्तान हाय-तौबा मचाता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि अंतरराष्ट्रीय मंच पर पाकिस्तान के पास भारत की कार्रवाई का विरोध करने का कोई नैतिक आधार नहीं बचता, यदि वह खुद पड़ोसी देशों की संप्रभुता का उल्लंघन करता है। मौलाना ने मांग की कि पाकिस्तान को अपनी विफल नीतियों पर आत्ममंथन करना चाहिए।

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+