तेजी से घट रही इस देश की आबादी, 1950 के बाद आया सबसे बड़ा संकट
महामारी के बीच कड़े सीमा प्रतिबंधों के कारण, जापान में निवास करने वाले विदेशियों की संख्या 107,202 से गिरकर 2,704,341 हो गई, जो लगातार दूसरे वर्ष गिरावट को दर्शाता है।
टोक्यो, 10 अगस्त: जापान में 1950 के बाद अब तक की सबसे बड़ी गिरावट दर्ज की गई है ( largest drop in Japan population after 1950)। 1 जनवरी 2022 तक जापान की जनसंख्या 125.93 मिलियन थी। अगर 1950 के डेटा से इसकी तुलना करें तो यह आबादी में अब तक की सबसे बड़ी गिरावट है। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, मृत्यु दर जन्म दर से अधिक हो गई है। सिन्हुआ समाचार एजेंसी के मुताबिक, कोरोना के कारण विदेशी लोग जापान का दौरा कम ही कर रहे हैं। इन सब वजहों से जापान में जनसंख्या तेजी से घटी है।

जापान की जनसंख्या में गिरावट
जापान की जनसंख्या 1 जनवरी, 2022 तक कुल 125.93 मिलियन थी, जो 1950 में दर्ज किए गए आंकड़ों के बाद से सबसे बड़ी गिरावट है। यह नवीनतम सरकारी डेटा बुधवार को सामने आया। शिन्हुआ समाचार एजेंसी ने आंतरिक मामलों और संचार के मंत्रालय द्वारा जारी आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि मृत्यु जन्म से अधिक हो गई और कोविड-19 सीमा नियंत्रण विदेशियों के प्रवेश को प्रतिबंधित कर देता है, जापान की कुल आबादी गिरकर 125,927,902 हो गई, जो पिछले वर्ष की तुलना में 726,342 या 0.57 प्रतिशत कम है।

मंत्रालय की रिपोर्ट
मंत्रालय के रिपोर्ट के मुताबिक, जापानी नागरिकों की संख्या 2021 में 619,140 से घटकर 12 करोड़ 32 लाख 23,561 हो गई, जिसमें जन्म का रिकॉर्ड लगभग 81 लाख था। 1950 के बाद जापान की आबादी में तेजी से गिरावट चिंता का विषय है। क्योंकि कोरोना महामारी अभी थमा नहीं है और मृत्यदर में बढ़ोतरी हुई है।

विदेशियों की संख्या जानें
वहीं, महामारी के बीच कड़े सीमा प्रतिबंधों के कारण, जापान में निवास करने वाले विदेशियों की संख्या 107,202 से गिरकर 2,704,341 हो गई, जो लगातार दूसरे वर्ष गिरावट को दर्शाता है। वहीं, मंत्रालय के आंकड़ों से यह भी पता चला है कि 15 से 64 वर्ष की आयु के लोगों का अनुपात, जिन्हें कामकाजी आबादी माना जाता है, कुल आबादी का रिकॉर्ड 58.99 प्रतिशत था। वहीं, 65 वर्ष और उससे अधिक उम्र के लोगों का प्रतिशत 29 प्रतिशत है जो कि एक रिकॉर्ड है।

क्या कहती है 2017 की जनगणना
जापान की जनसंख्या 2017 की जनगणना के अनुसार 12 करोड़ 80 लाख थी। रिपोर्ट का अनुमान था कि इस सदी के आखिर तक जापान की संख्या आधी रह जाएगी यानी करीब पांच करोड़ 30 लाख। जापान में 100 साल से ज्यादा उम्र के लोगों की आबादी सबसे अधिक बताई जाती है। इस देश में मेहनत और श्रम करने वालों की संख्या लगातार कम होती जा रही है। सरकारी अनुमान में बताया गया था कि 2040 तक यहां बुजुर्गों की संख्या 35 फीसदी से अधिक हो जाएगी। वहीं, दूसरी तरफ कोरोना महामारी के कारण देश में जनसंख्या के बढ़ने की स्थिति को और भी अधिक विकट बना दिया है।












Click it and Unblock the Notifications