AstraZeneca की कोरोना वैक्सीन के 2 अरब डोज तैयार करेगा भारत का सीरम इंस्टीट्यूट, जानें फायदा
AstraZeneca की कोरोना वैक्सीन के 2 अरब डोज तैयार करेगा भारत का सीरम इंस्टीट्यूट, जानें फायदा
नई दिल्ली। अंतरराष्ट्रीय दवा कंपनी AstraZeneca ने कोरोना के टीके का डोज तैयार करने के लिए भारतीय कंपनी सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया और बिलगेट्स समर्थित दो ग्लोबल हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन के साथ एक करार किया है जिसके तहत इस साल और अगले साल के दौरान AstraZeneca की संभावित कोरोना वायरस वैक्सीन के 2 अरब खुराक की सप्लाई की जाएगी।

बता दें इससे पहले कंपनी ने अमेरिका और ब्रिटिश सरकार को भी अपनी संभावित कोरोना वायरस वैक्सीन की सप्लाई के लिए सहमति दे चुकी है। AstraZeneca ने 4 जून को दिए गए अपने बयान में कहा कि उसने दुनिया की सबसे बड़ी वैक्सीन बनाने वाली भारतीय कंपनी सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया के साथ एक करार किया है जिसके तहत मध्यम और निम्न आय वर्ग के देशों में उसके संभावित कोरोना वायरस वैक्सीन के 1 अरब खुराक की सप्लाई की जायेगी।
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सीरम इंस्टीट्यूट से इसलिए की है डील
गौरतलब हैं कि AstraZeneca ऑक्सफोर्ड यूनिवसिर्टी के साथ भागीदारी में कोरोना वायरस वैक्सीन बना रही है। यह टीका ऑक्सफर्ड युनिवर्सिटी ने तैयार किया है और अभी इसका ट्रायल चल रहा है। माना जा रहा हैं कि AstraZeneca के मुताबिक अगर यह टीका सफल रहता है तो गरीब देशों के लिए इसके एक अरब डोज तैयार किए जाएंगे और इसके लिए उसने सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया के साथ लाइसेंसिंग डील करने पर सहमति जताई है।

साल के अंत तक बाजार में आने की जा रही उम्मीद
विश्वविद्यालय ने शुक्रवार को कहा, "हमारा टीका काम तेजी से आगे बढ़ रहा है।" इसने हाल ही में दुनिया भर के कई देशों में शुरू होने के कारण अन्य लेट-स्टेज परीक्षणों के साथ लगभग 10,000 वयस्क स्वयंसेवकों को टीके के द्वितीय चरण / III परीक्षण की शुरुआत की घोषणा की। बिल और मेलिंडा गेट्स फाउंडेशन द्वारा स्थापित महामारी संबंधी तैयारी नवाचारों के गठबंधन के साथ $ 750 मिलियन का समझौता शामिल है। वैक्सीन की मिलियन खुराक, साल के अंत तक शुरू हो जाएगी।

इस करार से भारत होगा ये लाभ
सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया के सीईओ अदार पूनावाला ने मीडिया से कहा कि उनको AstraZeneca के साथ भागीदारी पर खुशी जाहिर करते हुए कहा कि इससे कंपनी को भारत और दुनिया के दूसरे निम्न और मध्यम आय वर्ग के देशों में कोरोना वैक्सीन की सप्लाई का मौका मिलेगा। पिछले 50 साल में सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया ने वैश्विक स्तर पर वैक्सीन उत्पादन और आपूर्ति के क्षेत्र में बड़ी उपलब्धियां हासिल की हैं। हम निम्न और मध्यम आय वर्ग के देशों में कोरोना वैक्सीन के बिना किसी पक्षपात और भेदभाव के सप्लाई में सहयोग करने के लिए AstraZeneca के साथ मिलकर काम करेंगे।

करीब 100 कोरोना वैक्सीन के विकास पर काम चल रहा है
कोरोना वायरस ने दुनिया में तबाही मचा रखी है। अब तक करीब 67 लाख लोग इसकी चपेट में आ चुके हैं जिनमें से करीब 4 लाख की मौत हो चुकी है। मालूम हो कि इस समय दुनिया में करीब 100 कोरोना वैक्सीन के विकास पर काम चल रहा है। कोरोना से दुनिया की करीब 65 लाख की अबादी प्रभावित हुई है। ग्लोबल वैक्सीन एलायंस गावी ने कोरोना के फंड जुटाने के वास्ते गुरुवार को एक ग्लोबल वर्चुअल कॉन्फ्रेंस की। इनमें दुनियाभर के देशों ने 8.8 अरब डॉलर देने की घोषणा की। दुनियाभर में कोरोना महामारी के कारण टीकाकरण कार्यक्रम प्रभावित हुआ है जिससे लाखों बच्चों के लिए कई तरह की बीमारियों का खतरा पैदा हो गया है।












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