'क्रिप्टो कैपिटल बनेगा अमेरिका', बिटकॉइन और क्रिप्टोकरेंसी के पक्ष में उतरे डोनाल्ड ट्रंप
अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शनिवार को नैशविले में बिटकॉइन 2024 सम्मेलन में भाषण दिया। इस दौरान उन्होंने क्रिप्टो करेंसी और बिटक्वाइ को लेकर बड़ा बयान दिया है। जिसके बाद माना जा रहा है कि भविष्य में क्रिप्टो करेंसी एक बार फिर से लोकप्रियता हासिल कर सकती है।
डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि बिटकॉइन खारिज नहीं किया जा सकता है। ट्रम्प का मानना है कि अगर वह व्हाइट हाउस में वापस आते हैं तो अमेरिका क्रिप्टो करेंसी का वैश्विक केंद्र बन जाएगा। अहम बात है कि पहले ट्रंप ने क्रिप्टो को पैसा मानने से इनकार कर दिया था, लेकिन अब उनके रुख में बदलाव देखने को मिला है।

बिटकॉइनम महाशक्ति बनेगा अमेरिका
पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि अगर व्हाइट हाउस में वो वापसी करते हैं तो अमेरिका को "बिटकॉइन महाशक्ति" में बदलने का काम करेंगे। ट्रंप ने क्रिप्टोकरेंसी उद्योग के लिए एडवाइजरी काउंसिल बनाने पर विचार कर रहे हैं। उनका कहना है कि यह क्रिप्टोकरेंसी उद्योग के लिए नियम और गाइडलाइन तैयार करेगी।
नौकरियां बाहर नहीं जाएंगी
ट्रंप ने इस बात पर जोर दिया कि उनके नेतृत्व में बिटकॉइन की नौकरियां और व्यवसाय अमेरिका में ही रहेंगे। उन्होंने मौजूदा कानूनों की आलोचना करते हुए कहा कि वे बहुत अस्पष्ट और प्रतिबंधात्मक हैं।
जिसके कारण व्यवसाय विदेश चले जा रहे हैं।नैशविले में बिटकॉइन 2024 सम्मेलन में उन्होंने घोषणा की कि हम संयुक्त राज्य अमेरिका में प्रत्येक बिटकॉइन नौकरी को बनाए रखेंगे।
कमला हैरिस को लेकर चेताया
इसके साथ ही ट्रंप ने चेतावनी दी कि अगर उपराष्ट्रपति कमला हैरिस राष्ट्रपति चुनी गईं, तो बिटकॉइन निवेशकों को नुकसान होगा। उन्होंने कहा डेमोक्रेट आपको व्यापार से बाहर करना चाहते हैं। लेकिन हम ऐसा नहीं होने देंगे।
पूर्व राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि अगर क्रिप्टो भविष्य को परिभाषित करने जा रहा है तो मैं चाहता हूं कि इसकी माइनिंग और निर्माण अमेरिका में हो। उन्होंने आश्वासन दिया कि भविष्य के नियम उद्योग का समर्थन करने वालों द्वारा तैयार किए जाएंगे, जिसका उद्देश्य स्पष्टता और निष्पक्षता है।
ट्रंप के रुख में बदलाव
बता दें कि इससे पहले ट्रंप ने बिटकॉइन की आलोचना करते हुए कहा था कि यह पैसा नहीं है और इसमें बहुत ज्यादा उतार-चढ़ाव है। हालांकि व्हाइट हाउस में अपनी हालिया दावेदारी के दौरान उनका रुख काफी हद तक बदल गया है।
ट्रंप ने दावा किया है कि अमेरिका अमीर होगा, दुनिया बेहतर होगी। उन्होंने तर्क दिया कि बिटकॉइन डॉलर के लिए कोई खतरा नहीं है। ट्रंप ने मौजूदा आर्थिक नीतियों की आलोचना करते हए कहा कि वित्तीय अस्थिरता के लिए फिजूलखर्ची और अनियंत्रित महंगाई जिम्मेदार है। उन्होंने आरोप लगाया कि खुली सीमाएं और अवैध अप्रवासियों के लिए कल्याणकारी योजनाएं संसाधनों पर और अधिक दबाव डाल रही हैं।












Click it and Unblock the Notifications