चीन ने बनाया हाइपरसोनिक सुपरफास्ट एयरक्राफ्ट, जानिए इसकी खासियत

बीजिंग। चीन ने एक अत्याधुनिक हाइपरसोनिक एयरक्राफ्ट का सफलतापूर्वक टेस्ट कर लिया है। चीन के अधिकारियों ने सोमवार को कहा कि उन्होंने इस सुपरफास्ट एयरक्राफ्ट के तैयार कर परीक्षण कर लिया है, जो अपनी शॉक वेव पर चलता है। चीन की एकेडमी ऑफ एयरोस्पेस एरोडायनामिक्स ने एक रिपोर्ट में कहा कि स्टैरी स्काई-2 जो देश का पहला हाइपरसोनिक परीक्षक वेवराइडर भी कहा जा रहा है।

चीन ने बनाया दुनिया का सबसे सुपरफास्ट एयरक्राफ्ट

इसका पहला उड़ान परीक्षण पिछले सप्ताह चीन के एक अज्ञात परीक्षण क्षेत्र में आयोजित किया गया था, जिसे चीन ने इसे 'बहुत बड़ी सफलता' मानी थी। चीनी अधिकारियों ने जानकारी देते हुए कहा की चीन ने एक विकसित और अत्याधुनिक हाइपरसोनिक विमान का परिक्षण सफलतापूर्वक कर लिया है।

यह भी पढ़ें: चीन पर टैरिफ लगाने से अमेरिका को हुआ उम्मीद से ज्यादा फायदा: डोनाल्ड ट्रंप

यह वेवराइडर एक हाइपर्सोनिक विमान है, जिसमें फ्यूजलाज बल के रूप में अपनी उड़ान से पैदा होने वाले शॉक तरंगों का उपयोग करके अपने सुपरसोनिक लिफ्ट-टू-ड्रैग अनुपात को बेहतर बनाने के लिए डिजाइन किया गया है।

हाइपरसोनिक वाहन को पहले ठोस-प्रोपेलेंट रॉकेट द्वारा ले जाया गया था और उसके बाद इसे अपने प्रणोदन प्रणाली के रूप में अलग कर दिया गया था। अकेडमी के बयान के मुताबिक, जब उसे स्वतंत्र रूप से छोड़ा गया, तो टेस्ट के दौरान 400 सेकंड के भीतर मैक 5.5 के ऊपर द्रुतगति गति बनाए रखते मैक 6-7,344 किमी / घंटा तक पहुंच गया।

इससे पहले अमेरिका ने अप्रैल 2010 में US HTV-2 सबसे तेज गति का एयरक्राफ्ट बनाया था, लेकिन वह वेवराइडर साबित नहीं हो पाया। पहली उड़ान के दौरान यह एयरक्राफ्ट 20 मैक या 24,480 किमी प्रतिघंटा की रफ्तार से दूरी तय की थी।

यह भी पढ़ें: भारत की सीमा पर चीन तैनात कर सकता है इलेक्ट्रोमैगनेटिक रॉकेट

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+