हनीप्रीत की जमानत याचिका हुई खारिज, दिल्ली हाई कोर्ट ने कहा 'आत्मसमर्पण करो'

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    Delhi High Court declines anticipatory bail to Honeypreet Insan | वनइंडिया हिंदी

    नई दिल्ली। दिल्ली हाईकोर्ट ने मंगलवार को रामरहीम की मुंहबोली बेटी हनीप्रीत की जमानत याचिका कर दी। याचिका खारिज करते हुए कोर्ट ने हनीप्रीत को आत्मसमर्पण करने का विकल्प भी दिया। आइए जानते हैं आखिर क्यों खारिज कर दी हाईकोर्ट ने हनीप्रीत की याचिका ..

    हाईकोर्ट ने क्या कहा?

    हाईकोर्ट ने क्या कहा?

    हाईकोर्ट ने याचिका खारिज करते हुए बहुत सारी बातें लेकिन उसमें सबसे अहम था हनीप्रीत का दिल्ली से ना होना। दिल्ली हाईकोर्ट ने हनीप्रीत के वकील को कहा कि यह दिल्ली का मामला नहीं हैं ऐसे में आप कोर्ट में वक्त बर्बाद न करें। हनीप्रीत के वकील को पंजाब हाईकोर्ट जाने की सलाह देने के साथ ही कोर्ट ने कहा कि लंबे समय से गिरफ्तारी से बचने की कोशिश कर रही हनीप्रीत किसी विशेष राहत की हकदार नहीं है।

    क्यों नहीं मिली जमानत?

    क्यों नहीं मिली जमानत?

    सुनवाई के दौरान दिल्ली पुलिस क वकील ने कहा कि हनीप्रीत को ट्रांजिट बेल नहीं दिया जा सकता क्योंकि हनीप्रीत दिल्ली की निवासी नहीं है। यहां तक कि सुनवाई के दौरान जो उसने ग्रेटर कैलाश को पता दिया है वो भी फर्जी है ऐसे में हनीप्रीत की मंशा पर सवाल उठते हैं। कोर्ट ने भी पुलिस की इस दलील पर विचार किया और हनीप्रीत के वकील से सवाल जबाव किया।

    हाईकोर्ट ने सुनाया फैसला

    हाईकोर्ट ने सुनाया फैसला

    अंत में शाम साढ़े सात बजे के करीब हाईकोर्ट ने हनीप्रीत की जमानत याचिका खारिज कर दी। बता दें कि हनीप्रीत उन 43 लोगों की सूची में शीर्ष पर है जिनकी हरियाणा पुलिस को राम रहीम को बलात्कार के मामलों में दोषी ठहराए जाने के बाद हुई हिंसा की घटनाओं के संबंध में तलाश है। हनीप्रीत के खिलाफ एक लुकआउट नोटिस जारी किया गया है। कोर्ट ने हनीप्रीत को सरेंडर करने का विकल्प दिया है।

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