कौन हैं ये चार प्रतिभावान महिला खिलाड़ी ? जिनकी Indian Army में हुई सीधी भर्ती
भारतीय सेना ने चार प्रतिभावान महिला खिलाड़ियों की सीधी भर्ती की है। इन्हें हवलदार के पद पर नियुक्त किया गया है। मिलिट्री पुलिस कोर के लिए भर्ती की गई ये खिलाड़ी सेना की ओर से खेल प्रतियोगिताओं में भाग लेंगी।

भारतीय सेना ने चार-चार प्रतिभावान महिला खिलाड़ियों की एक साथ सीधी भर्ती की है। दरअसल, 'मिशन ओलंपिक' के तहत भारतीय सेना मेधावी खिलाड़ियों को भर्ती करके उन्हें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की खेल प्रतियोगिताओं के लिए प्रोत्साहित करती है। लेकिन, चार-चार महिला खिलाड़ियों को एक साथ हवलदार के पद पर नियुक्ति नारी शक्ति की भावना के लिए बहुत बड़ी प्रेरणा की बात है। अभी जिन चार महिला खिलाड़ियों को सेना में शामिल किया गया है, उनमें से दो बॉक्सिंग और दो कुश्ती की चैंपियन हैं। भारतीय सेना में हवलदार का पद नॉन कमीशन रैंक का होता है। इन सब की भर्ती मिलिट्री पुलिस कोर में हुई है।
Recommended Video

कौन हैं ये चार प्रतिभावान महिला खिलाड़ी ?
भारतीय सेना में 'नारी शक्ति' को प्रोत्साहित करने के लिए एक बहुत बड़ा कदम उठाया गया है। भारतीय सेना ने चार प्रतिभावान महिला खिलाड़ियों को मिलिट्री पुलिस कोर में भर्ती की है। मिशन ओलंपिक प्रोग्राम के तहत इनकी हवलदारों के तौर पर सीधी भर्ती की गई है। ये चार मेधावी महिला खिलाड़ी हैं- रिक्रूट हवलदार साक्षी, रिक्रूट हवलदार अरुंधती चौधरी, रिक्रूट हवलदार भतेरी और रिक्रूट हवलदार प्रियंका। इनमें हवलदार साक्षी और हवलदार अरुंधती चौधरी बॉक्सिंग की धाकड़ खिलाड़ी हैं। जबकि, हवलदार भतेरी और हवलदार प्रियंका कुश्ती की चैंपियन हैं।

खेलों में भारतीय सेना का प्रतिनिधित्व करेंगी
इन चार महिला खिलाड़ियों ने नेशनल चैंपियनशिप इन बॉक्सिंग एंड रेसलिंग में महिला वर्ग के लिए भारतीय सेना की ओर से प्रतिनिधित्व करने के लिए अगुवा बनकर इतिसास कायम किया है। ये चारों भोपाल में आयोजित 6ठी एलीट महिला राष्ट्रीय मुक्केबाजी चैंपियनशिप 2022 (19 से 26 दिसंबर 2022) और विशाखापत्तनम में आयोजित सीनियर राष्ट्रीय कुश्ती चैंपियनशिप (21 से 23 दिसंबर 2022) में भाग ले रही हैं।

भारतीय सेना में नारी शक्ति का सम्मान
भारतीय सेना ने कहा है कि 4 मेधावी महिला खिलाड़ियों को भारतीय सेना में मिशन ओलंपिक प्रोग्राम के तहत नामांकित किया गया है। वो चल रही नेशनल बॉक्सिंग और रेसलिंग चैंपियनशिप में भाग लेंगी। प्रतिभावान खिलाड़ियों को नौकरियां देने की यह परंपरा कोई नहीं है, लेकिन महिला खिलाड़ियों को भारतीय सेना में इस तरह से शामिल होने का मौका मिलना निश्चित ही देश की स्त्री शक्ति का बहुत ही बड़ा सम्मान माना जा सकता है।

इस साल इन खिलाड़ियों की भी हुई भर्ती
भारतीय सेना में खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने और आगे बढ़ने का मौका देने की एक समृद्ध परंपरा रही है और इसी के तहत एक पूरी तरह से व्यवस्थित 'मिशन ओलंपिक' कार्यक्रम चलाया जाता है। इसी साल पहले एक अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी सम्मी, जो 400 मीटर एथलेटिक्स में बेहतरीन प्रदर्शन करते हैं और कॉमनवेल्थ गेम्स 2022 में बॉक्सिंग में ब्रॉन्ज मेडल जीतने वाले जैस्मिन लंबोरिया की भी भारतीय सेना में भर्ती की गई थी।

हवलदार का पद नॉन कमीशन रैंक का होता है
भारतीय सेना में हवलदार का पद नॉन कमीशन रैंक का होता है या सार्जेंट की तरह का होता है। लेकिन, इस बार भारतीय सेना ने जिस तरह महिला खिलाड़ियों को अपनी सेवा में स्थान दिया है, यह युवतियों के लिए भी बहुत प्रेरणादायक साबित हो सकता है। भारतीय सेना का मिशन ओलंपिक पहल मेधावी खिलाड़ियों की पहचान करके उन्हें करीब 11 तरह के खेलों के लिए विभिन्न राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के लिए तैयार करना है। जिन क्षेत्र के खिलाड़ियों को आमतौर पर इसके लिए चुना जाता है, उनमें एथलेटिक्स, तीरंदाजी, मुक्केबाजी, कुश्ती, भारोत्तोलन, तलवारबाजी और गोताखोरी जैसे खेल शामिल हैं। (आखिरी चार तस्वीरें प्रतीकात्मक)












Click it and Unblock the Notifications