नृपेंद्र मिश्रा बनाए जा सकते हैं जम्मू-कश्मीर के पहले उप राज्यपाल
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री के प्रधान सचिव नृपेंद्र मिश्रा के पद को छोड़ने के बाद से उनके अगले कार्यभार को लेकर अटकलें तेज हो गई हैं। मीडिया में चल रही खबरों के मुताबिक, उत्तर प्रदेश कैडर के 1977 बैच के आईएएस अधिकारी नृपेंद्र मिश्रा को नए बनाए गए केंद्र शासित प्रदेश जम्मू कश्मीर का पहला उप-राज्यपाल बनाया जा सकता है। प्रधानमंत्री मोदी के करीबी माने वाले और पांच साल तक प्रधान सचिव का पद संभालने वाले मिश्रा इस महत्वपूर्ण पद के सबसे प्रबल दावेदार माने जा रहे हैं।

केंद्र सरकार राज्य को सामान्य स्थिति में लाने को उत्सुक है और 5 अगस्त से लगाए गए प्रतिबंधों को कम करने की योजना बना रहा है। केंद्र सरकार जम्मू कश्मीर में अगले साल विधानसभा चुनाव कराना चाह रही है। इससे पहले केंद्र चाहता है कि, विधानसभा चुनाव से पहले राज्य के निर्वाचन क्षेत्रों का परिसीमन भी एक महत्वपूर्ण कार्य है। इसी बीच नृपेंद्र मिश्रा को दिल्ली का उपराज्यपाल बनाने की भी चर्चा चल रही है। दिल्ली में भी अगले साल चुनाव होने हैं।
प्रधान सचिव का पद छोड़ने के अपने फैसले के बाद मिश्रा ने एक बयान में कहा कि अब उनके लिए आगे बढ़ने और सार्वजनिक ध्येय और राष्ट्रीय हित के लिए समर्पित रहने का समय है। आपको बताते चलें कि, शुक्रवार को नृपेंद्र मिश्रा की कार्य मुक्ति की पुष्टि खुद पीएम मोदी ने ट्विटर पर की थी। पीएम मोदी ने ट्वीट किया, '2019 के चुनाव नतीजे आने के बाद नृपेंद्र मिश्रा जी ने खुद को प्रिंसिपल सेक्रटरी के पद से सेवामुक्त किए जाने का अनुरोध किया था। तब मैंने उनसे वैकल्पिक व्यवस्था होने तक पद पर बने रहने का आग्रह किया था।'
पीएम मोदी ने नृपेंद्र मिश्रा की तारीफ करते हुए लिखा था कि, 2014 में जब मैंने प्रधानमंत्री के रूप में दायित्व संभाला, तब मेरे लिए दिल्ली भी नई थी और नृपेंद्र मिश्रा जी भी नए थे। लेकिन दिल्ली की शासन-व्यवस्था से वे भली-भांति परिचित थे। उस परिस्थिति में उन्होंने प्रिंसिपल सेक्रटरी के रूप में अपनी बहुमूल्य सेवाएं दीं।












Click it and Unblock the Notifications