पीएम मोदी ने किया रामचरित मानस के डिजिटल वर्जन को लॉच, बताया जीवन का आधार
नई दिल्ली। डिजिटल इंडिया के अपने नारे को जमीनी स्तर पर लागू करने के लिए पीएम ने आज रामचरित मानस के डिजिटल वर्जन का उद्घाटन किया। रामचरति मानस के इस डिजिटल वर्जन को ऑल इंडिया रेडियो ने तैयार किया है।
रामचरित मानस के डिजिटल वर्जन के रीलीज के मौके पर प्रधानमंत्री ने कहा कि मानस में जीवन का आधार है। पीएम ने कहा कि रामचरित मानस का संदेश आज भी जीवित हैं। उन्होंने कहा कि मुझे इस बात की सूचना दी गयी है कि इस काम को करने में 22 साल लगे है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि मानस के इस स्वरूप के सामने आने में काफी समय और लगन लगी है। उन्होंने कहा कि इस स्वरूप को सामने आने में लगभग 900 घंटों की रिकार्डिंग की गयी है। उन्होंने कहा कि रामचरित मानस हमें मयार्दा और संस्कार की शिक्षा देती है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि मानस समाज, परिवार व्यवस्था का आदर्श उदाहरण है। इस मौके पर उन्होंने कहा कि इस बेहतरीन प्रयास के लिए मैं भोपाल आकाशवाणी को धन्यवाद देता हूं।
रामचरित मानस की चौपाइयों और दोहों को भोपाल घराने के गायकों ने आवाज दी है। आकाशवाणी भोपाल ने 1980 में तत्कालीन केंद्र निदेशक समर बहादुर सिंह के मार्गदर्शन में पहली बार ‘रामचरितमानस' को स्वरबद्ध करते हुए इसे रिकॉर्ड किया था।













Click it and Unblock the Notifications