कोरोना वायरस के दिखें ये लक्षण तो फौरन कराएं जांच, नया वैरिएंट JN.1 कितना खतरनाक?

India Covid-19 JN.1 variant: भारत में एक बार फिर से कोरोना वायरस के मामले बढ़ने लगे हैं। लेटेस्ट अपडेट के मुताबिक भारत में 600 कोविड-19 के मामले देखे गए हैं, जिसमें से 300 अकेले केरस से हैं। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की वेबसाइट के आंकड़ों के मुताबिक केरल में पिछले 24 घंटों में तीन मौतें भी हुईं हैं। कोरोना के केसों में ये बढ़ोतरी कोविड के नए वैरिएंट JN.1 की वजह से है।

बीते कुछ महीनों से चीन से लगातार ये खबर सामने आ रही थी कि वहां कोविड का नए वैरिएंट JN.1 फैल रहा है। अब भारत में भी JN.1 वैरिएंट को लेकर सरकार अलर्ट मोड पर आ गई है। भारत के हर राज्य से इससे होने वाले इन्फेक्शन के मामले बढ़ रहे हैं। गोवा के मिले सैंपल में JN.1 वैरिएंट के लगभग 15 मामले पाए गए हैं। ऐसे हम इस नए वैरिएंट को लेकर लोग जानना चाहते हैं कि ताकि वो इससे सतर्क और सावधान रहें।

India Covid-19 JN.1 variant

BA.2.86 वैरिएंट, JN.1 के वंशज में पिरोला की तुलना में स्पाइक प्रोटीन में एकल उत्परिवर्तन है। एक्सपर्ट का मानना है कि वैरिएंट के प्रसार को ध्यान में रखते हुए, यह या तो ज्यादा संक्रामक हो सकता है या हमारी इम्युनिटी से बचने में बेहतर हो सकता है।

Covid-19 JN.1 variant Symptoms: कोविड-19 के इन लक्षणों के दिखने पर कराएं जांच

कोरोना के बढ़ते मामले को देखते हुए सरकार ने इसके लक्षण दिखने पर तुरंत डॉक्टर के पास जाने और फौरन कोरोना जांच कराने की सलाह दी है। कई राज्यों में मास्क पहनने अनिवार्य कर दिया गया है। स्वास्थ्य विभाग ने नए वैरिएंट को लेकर अलर्ट जारी कर दिया है।

ऐसे में अब सवाल उठता है कि आखिर कोविड के नए वैरिएंट JN.1 के लक्षण क्या हैं?

  • -कोकिलाबेन धीरूभाई अंबानी अस्पताल मुंबई की डॉक्टर तनु सिंघल (बाल चिकित्सा और संक्रामक रोग) का कहना है कि, 'हाल ही में कोविड-19 मामलों में बढ़ोतरी देखी गई है, जिससे जिससे पता चलता है कि एक नया वैरिएंट सामने आया है। यह JN.1 हो सकता है, जो एक हाईली इम्यून वैरिएंट है। अब तक ज्यादातर मामले बहुत हल्के रहे हैं। इसके लक्षण की बात करें तो, बुखार , खांसी, नाक बहना, गले में खराश, शरीर में दर्द और थकान हो सकती है।
India Covid-19 JN.1 variant
  • -डॉ. तनु सिंघल ने कहा, JN.1 वैरिएंट के लक्षण फ्लू जैसी अन्य श्वसन संबंधी बीमारियों जैसे ही हैं, ये बिल्कुल एक आम बीमारी जैसे लग सकते हैं। अगर रोगी में ये लक्षण हैं और वे हल्के हैं तो केवल आम देखभाल की जरूरत है। मास्क पहनकर रहें और बेसिक हाइजीन का ध्यान रखें। लेकिन अगर मरीज का सांस बहुत ज्यादा फूल रहा है, सांस लेने में दिक्कत आ रही हो तो फौरन जांच करवानी चाहिए। ये बुजुर्गों और कमजोर इन्यूनिटी वालों को प्रभावित करेगी।''
  • -गुरुग्राम मेदांता की डॉ. सुशीला कटारिया ने कहा कि, लगातार खांसी आना, सामान्य सर्दी के लक्षण, जैसे नाक बहना या बंद होना, गले में खराश या गले में तकलीफ की शिकायत, सिरदर्द या माइग्रेन होना, दस्त जैसे गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल लक्षण, कुछ व्यक्तियों को कभी-कभी हल्की सांस फूलने का अनुभव हो सकता है। अगर ये लक्षण आपको 3 से 4 दिन से ज्यादा रहे तो आपको डॉक्टर को दिखना और जांच कराना चाहिए।
  • हालांकि यह अभी तक स्पष्ट नहीं है कि जेएन.1 वैरिएंट चिंता का कारण है या नहीं।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+