मणिपुर चुनाव: कांग्रेस ने जारी किया घोषणापत्र, जनता से किया विवादास्पद कानून AFSPA को निरस्त करने का वादा
मणिपुर विधानसभा चुनावों को लेकर कांग्रेस पार्टी ने अपना घोषणापत्र जारी किया है। अपने घोषणापत्र में कांग्रेस ने मणिपुर की जनता से 30 वादे किये हैं, जिनमें विवादास्पद अफस्पा को निरस्त करना शामिल है।
इंफाल, 6 फरवरी। मणिपुर विधानसभा चुनावों को लेकर कांग्रेस पार्टी ने अपना घोषणापत्र जारी किया है। अपने घोषणापत्र में कांग्रेस ने मणिपुर की जनता से 30 वादे किये हैं, जिनमें विवादास्पद सशस्त्र बल (विशेषाधिकार) अधिनियम (AFSPA) को निरस्त करना भी शामिल है। बता दें कि मणिपुर में भाजपा को मात देने के लिए छह दलों ने गठबंधन का ऐलान किया है। इस गठबंधन में कांग्रेस, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा), मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा), फारवर्ड ब्लॉक, आरएसपी और जेडी(एस) शामिल है। इस गठबंधम को 'मणिपुर प्रोग्रेसिव सेक्युलर अलायंस' (एमपीएसए) नाम दिया गया है। एमपीएसए ने राज्यों की क्षेत्रीय अखंडता को मजबूत करने की दिशा में उन्मुख घोषणापत्र जारी किया।

एमपीएसए का ये वादा प्रासंगिक है क्योंकि नेशनल ओसलिस्ट काउंसिल ऑफ नागालिम का इसाक-मुइवा गुट मणिपुर और उसके पड़ोसी राज्यों-असम और अरुणाचल प्रदेश के नागा बहुल क्षेत्रों के एकीकरण की मांग करता रहा है। हालांकि उनकी इस मांग का उन्होंने कड़ा विरोध किया था।
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इसके अलावा एमपीएसए ने अपने घोषणा पत्र में 18 सूत्रीय एजेंडे को भी शामिल किया है, जिसमें युवाओं को बेरोजगारी भत्ता, भारतीय संविधान के अनुच्छेद 371 (सी) का पूर्ण कार्यन्यवयन, (मणिपुर के पहाड़ी क्षेत्रों के विकास के संबंध में विशेष प्रावधान), सुरक्षित पेयजल की सार्वभौमिक पहुंच, निर्बाध बिजली आपूर्ति, नशीली दवाओं के खतरे के खिलाफ लड़ाई शामिल है।
मणिपुर के लिए कांग्रेस की संसदीय समिति के अध्यक्ष और चुनाव पर्यवेक्षक जयराम रमेश ने आम एजेंडे की घोषणा करते हुए मणिपुर के पूर्व मुख्यमंत्री ओकराम इबोबी सिंह के साथ कहा कि अगर एमपीएसए विधानसभा चुनाव जीतता है, तो आम एजेंडा को पूरी जवाबदेही से लागू किया जाएगा। उन्होंने कहा कि राज्य के सभी क्षेत्रों की लोकतांत्रिक आकांक्षाओं को पूरा किया जायेगा। बता दें कि साल 2017 के विधानसभा चुनावों में कांग्रेस ने अकेले चुनाव लड़ा था, लेकिन इस बार वह हर हाल में सत्तारूढ़ भाजपा को पटखनी देना चाहती है। मणिपुर में दो चरणों में चुनाव होने हैं, जिनमें पहला चरण 27 फरवरी और दूसरा चरण 3 मार्च को होगा, जबकि चुनाव के नतीजे 10 मार्च को आएंगे।












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