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जम्‍मू कश्‍मीर: डीएसपी से SP बनने वाला था आतंकियों का मददगार देवेंदर सिंह, अब हुआ बर्खास्‍त

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नई दिल्ली। गृह मंत्रालय ने बुधवार को जम्‍मू कश्‍मीर पुलिस के डीएसपी देवेंदर सिंह को बर्खास्‍त कर दिया है। आपको बता दें कि रविवार को डीएसपी देवेंदर को हिजबुल मुजाहिद्दीन के दो वॉन्‍टेड आतंकियों नावीद बाबा और अल्‍ताफ के साथ पकड़ा गया है। यही नहीं सूत्रों की मानें तो पकड़े जाने से पहले देवेंदर के प्रमोशन की फाइल आगे बढ़ चुकी थी और वह जल्‍द ही एसपी भी बनने वाला था। देवेंदर का जिक्र संसद हमले के दोषी अफजल गुरु ने अपनी चिट्ठी में किया था। एक मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक अफजल की पत्‍नी तब्‍स्‍सुम ने दावा किया है कि देवेंदर ने उसके पति को छोड़ने के लिए एक लाख रुपए मांगे थे।

अफजल गुरु की पत्‍नी से मांगी थी रिश्‍वत

अफजल गुरु की पत्‍नी से मांगी थी रिश्‍वत

तबस्सुम की मानें तो गहने बेचकर देवेंदर सिंह को एक लाख रुपए दे दिए गए थे। तबस्सुम ने बताया कि देवेंदर ने कहा था कि उसे पाकिस्तानी आतंकवादी मोहम्मद को किसी भी तरह दिल्ली लेकर आना होगा। देवेंदर ने मोहम्मद और उसके साथियों को दिल्ली तक पहुंचाने के लिए एक कार भी खरीदी थी। आपको बता दें कि अफजल गुरु ने साल 2004 में अपने वकील सुशील कुमार के जरिए कहा था कि उसने पांच पाकिस्‍तानी आतंकवादियों को रहने का ठिकाना मुहैया कराया था। देवेंदर को हाल ही में जम्‍मू कश्‍मीर के दौरे पर गए राजूदतों के साथ आई एक फोटोग्राफ में भी देखा गया था।

25 साल से था डीएसपी

25 साल से था डीएसपी

साल 2013 में अफजल ने डीएसपी का जिक्र अपनी एक चिट्ठी में किया था। अफजल गुरु ने जो चिट्ठी लिखी थी, उसमें उसने बताया था कि कैसे दविंदर सिंह जो हमले के समय स्‍पेशल ऑपरेशंस ग्रुप (एसओजी) में डीएसपी थे। जम्मू-कश्मीर पुलिस के सूत्रों के मुताबिक डीएसपी देवेंदर सिंह का नाम उन अधिकारियों में शामिल था जिनका प्रमोशन होना था। देवेंदर ने बतौर डिप्‍टी सुपरिटेंडेंट के रूप में करीब 25 साल तक काम कर लिया था। सूत्रों की मानें तो उसके प्रमोशन के लिए फाइल आगे भेजी जा चुकी थी। अभी तक प्रमोशन पाने वाले अधिकारियों के संबंध में कोई नोटिफिकेशन जारी नहीं किया गया था, इसलिए अभी भी वह डीएसपी ही था। प्रमोशन से पहले ही देवेंदर को गिरफ्तार कर लिया गया।

हिजबुल आतंकियों से ली 12 लाख की घूस

हिजबुल आतंकियों से ली 12 लाख की घूस

देवेंदर सिंह ने हिजबुल आतंकियों को चंडीगढ़ तक पहुंचाने के लिए 12 लाख रुपए की रिश्‍वत ली थी। सोमवार को देवेंदर को सस्‍पेंड कर दिया गया है और उसका ऑफिस भी सील हो गया है। वह श्रीनगर एयरपोर्ट पर एंटी-हाइजैकिंग विंग के साथ तैनात था। देवेंदर को अब अंडर-कवर काउंटर-टेरर ऑपरेशंस से भी हटा दिया गया है।उससे आतंकियों को सुरक्षित चंडीगढ़ तक ले जाने से जुड़े मसले पर कई सवाल किए गए। देवेंदर ने पूछताछ में बताया कि वह हिजबुल मुजाहिद्दीन के टॉप आतंकी रियाज नाइकू को ढेर करने की प्‍लानिंग पर काम कर रहा था। हालांकि वह अपने दावे को सही साबित करने के लिए कोई सुबूत पेश नहीं कर सका।

किन आतंकियों के साथ था देवेंदर

किन आतंकियों के साथ था देवेंदर

जो आतंकी देवेंदर सिंह के साथ थे, वे मामूली आतंकी नहीं हैं। हिजबुल आतंकी नावीद बाबा, संगठन में रियाज नाइकू के बाद दूसरे नंबर पर है। दक्षिण कश्‍मीर के शोपियां में आतंक का नया नाम बन गया है। पिछले वर्ष अगस्‍त माह में जब जम्‍मू कश्‍मीर से आर्टिकल 370 को हटाया गया तो दूसरे राज्‍यों के ट्रक डाइवर्स और फलों की खेती करने वाले कुल 11 किसानों की हत्‍या हुईं। इन हत्‍याओं के पीछे नावीद ही था। जम्‍मू कश्‍मीर पुलिस का पूर्व कर्मी रह चुका नावीद, एक दर्जन से ज्‍यादा पुलिस वालों की हत्‍या में शामिल रहा है। डीएसपी सिंह पर पिछले दो माह से नजर रखी जा रही थी। सिंह के घर की तलाशी ली गई। यहां से पुलिस को दो पिस्‍टल और दो एक -47 राइफल्‍स मिली थीं। सूत्रों की मानें तो त्राल के रहने वाले सिंह के बारे में एक इंटरसेप्‍ट मिली थी और इससे इस बात की पुष्टि हो गई थी कि वह आतंकियों से मिला हुआ था।

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English summary
Jammu Kashmir: DSP Davinder Singh will be dismissed as a request has been made to MHA.
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