सिर्फ 99 दिनों में 14 करोड़ लोगों को लगाई गई कोरोना वैक्सीन, भारत दुनिया में सबसे तेजी से टीका लगाने वाला देश
भारत में सिर्फ 99 दिनों में 14 करोड़ लोगों को लगाई गई कोरोना वैक्सीन, बना दुनिया में सबसे तेजी से टीका लगाने वाला
नई दिल्ली, 25 अप्रैल: भारत में कोरोना वैक्सीनेशन का अभियान सबसे तेजी से चल रहा है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने शनिवार (24 अप्रैल) को ये जानकारी दी है कि भारत में सिर्फ 99 दिनों में 14 करोड़ लोगों को कोरोना वैक्सीन की डोज लगाई है। दुनिया में सबसे तेजी से वैक्सीन भारत में ही लगाई गई है। सरकार ने कहा है कि शनिवार रात 08 बजे तक भारत में कोविड-19 वैक्सीन की 24 लाख से अधिक खुराक दी गई हैं। फाइनल आंकड़ों के मुताबिक देश में कोविड टीका 14 करोड़ 8 लाख 2 हजार 794 को दी गई है। इनमें से 92,89,621 हेल्थ केयर वर्कर्स ने वैक्सीन की पहली डोज लगवाई है। 59,94,401 हेल्थ केयर वर्कर्स ने दूसरी डोज भी ले ली है। वहीं 1,19,42,233 फ्रंटलाइन वर्कर्स ने पहली डोज ली है, वहीं 62,77,797 फ्रंटलाइन वर्कर्स ने दूसरी डोज ली है।
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केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा, 45 से 60 साल के बीच वालों ने 4,76,41,992 लोगों ने पहली डोज ली है और 23,22,480 लोगों ने दूसरी खुराक ली है। वहीं 60 साल से अधिक उम्र के 4,96,32,245 लोगों ने कोरोना वैक्सीन की पहली खुराक ली है और 77,02,025 लोगों ने दूसरी डोज ली है।
शनिवार (24 अप्रैल) को कोरोना नेशनल वैक्सीनेशन अभियान का 99वां दिन था। 99वें दिन रात 08 बजे तक एक दिन में 24,22,989 वैक्सीन की डोज दी गई है। पहली डोज 15,69,631 लोगों ने ली और वहीं 8,53,358 लोगों ने सेकेंड डोज ली।
जानिए भारत में वैक्सीनेशन अभियान के बारे में?
भारत में 16 जनवरी 2021 से वैक्सीनेशन अभियान की शुरुआत हुई थी। इसके तहत सिर्फ स्वास्थ्यकर्मियों और फ्रंटलाइन वर्कर्स को वैक्सीन लगाई जा रही थी। उसके बाद आम लोगों में 60 के पार वालों को वैक्सीनेट करने का अभियान चलाया गया। 01 अप्रैल से 45 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों को फ्री में वैक्सीन देने का अभियान चला। अब भारत में 01 मई 2021 से 18 साल के अधिक उम्र के लोगों को कोरोना वैक्सीन दी जाएगी।
भारत में फिलहाल कौन-कौन से वैक्सीन
भारत में फिलहाल मुख्यत दो वैक्सीन की डोज ही सबको लगाई जा रही है। जिसमें कोविशील्ड वैक्सीन है, जो ऑक्सफोर्ड-एस्ट्राजेनेका का संस्करण है, भारत में इसे सीरम इंस्टिट्यूट ऑफ इंडिया बना रहा है। जो पुणे में स्थित है। दूसरा है, कोवैक्सीन, जो भारत का अपना वैक्सीन है। इसे हैदराबाद स्थित भारत बायोटेक कंपनी ने इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (आईसीएमआर) के साथ मिलकर बनाया है।
इसके अलावा स्पुतनिक V, जो रूस द्वारा बनाई गई वैक्सीन है, भारत में इसे भी मंजूरी दे दी गई है। इसके अलावा कई वैक्सीन भारत में ट्रायल किए जा रहे हैं। जिसको आने वाले वक्त में मंजूरी दी जाएगी।












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