• search
क्विक अलर्ट के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  
For Daily Alerts

गुजरात दंगे में नरेन्‍द्र मोदी को बड़ी राहत, कोर्ट ने दी क्लिन चिट

|

Gujarat riots: Clean chit to Narendra Modi as Zakia Jafri's plea is rejected
अहमदाबाद। गुजरात के मुख्‍यमंत्री और भारतीय जनता पार्टी के प्रधानमंत्री पद के उम्‍मीदवार नरेन्‍द्र मोदी को गुजरात दंगा के मामले में अहमदाबाद की निचली अदालत ने बड़ी राहत दी है। अदालत ने जाकिया जाफरी की विरोध याचिका को खारिज कर दिया है और एसआईटी की क्‍लोजर रिपोर्ट को स्‍वीकार करते हुए नरेन्‍द्र मोदी को क्लिन चिट दे दिया है। दरअसल, वर्ष 2002 गुजरात दंगों में नरेंद्र मोदी को मिली एसआईटी की क्लीन चिट के खिलाफ जाकिया जाफरी ने याचिका दायर की थी। जाकिया जाफरी गुलबर्ग सोसाइटी में मारे पूर्व सांसद अहसान जाफरी की पत्नी हैं।

जकिया की अर्जी के मुताबिक गोधरा कांड के बाद मोदी ने आला पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिया था कि पुलिस हिंदुओं को मुसलमानों पर अपना गुस्सा निकालने से न रोके। संजीव भट्ट के हलफनामे में भी ये बात कही गई है। मोदी ने भड़काऊ भाषण दिए थे जिनकी वजह से समुदायों के बीच दुश्मनी बढ़ी। मोदी सरकार के मंत्री पुलिस कंट्रोल रूम में मौजूद थे और पुलिस के कामकाज में दखल दे रहे थे।

मालूम हो कि मालूम हो कि जकिया जाफरी की याचिका पर उनके वकीलों और एसआईटी के वकील की जिरह मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट बीजे गणात्रा के सामने पांच महीने तक चली, जिसके बाद जाफरी के वकील ने 18 सितम्बर को अदालत को लिखित हलफनामा दिया। एसआईटी ने 30 सितम्बर को लिखित हलफनामा दिया। पहले मजिस्ट्रेट 28 अक्टूबर को फैसला सुनाने वाले थे, पर बाद में इसके लिए 26 दिसंबर की तारीख रखी गई थी।

जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary

 
 Narendra Modi gets clean chit in 2002 Gulbarg society case as metropolitan magistrate rejects Zakia Jafri's plea against SIT's clean chit.
For Daily Alerts
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X
We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more