कोरोना के खिलाफ जंग में आगे आए मुख्य चुनाव आयुक्त और चुनाव आयुक्त, एक साल के लिए लेंगे 30% कम वेतन
नई दिल्ली। मुख्य चुनाव आयुक्त सुनील अरोड़ा, चुनाव आयुक्त अशोक लवासा और सतीश चंद्रा ने कोरोना संकट के मद्देनजर अपने वेतन का 30 फीसदी अंश दान करने की स्वैच्छिक पहल की है। एक साल तक तीनों शीर्ष अधिकारी तीस फीसदी कम सैलरी लेंगे। कोरोना के खिलाफ जंग में हर कोई मदद कर रहा है। उद्योगपतियों, खिलाड़ियों और फिल्म कलाकारों ने भी कोरोना के खिलाफ लड़ाई में आर्थिक मदद का ऐलान किया है।

देश में जारी कोरोना संकट को देखते हुए राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और सभी सांसद एक साल तक अपने वेतन में 30% तक कटौती करेंगे। पिछले दिनों, कैबिनेट की बैठक के बाद केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने यह जानकारी दी थी। इसके अलावा, सांसद निधि भी 2 साल के लिए टाल दी गई है। प्रकाश जावड़ेकर ने बताया था कि सांसद निधि का पैसा भी कोरोना के खिलाफ लड़ाई में इस्तेमाल किया जाएगा। जावड़ेकर ने बताया कि 1 अप्रैल 2020 से यह फैसला लागू होगा।
इसके अलावा कई राज्यों ने विधायकों की सैलरी में 30% की कटौती का ऐलान किया है। देश इस वक्त कोरोना के खिलाफ जंग लड़ रहा है। इस वायरस के संक्रमण को देखते हुए पूरे देश में 21 दिनों का लॉकडाउन है जो कि कल समाप्त हो रहा है। हालांकि, मौजूदा हालात और कई राज्यों के मुख्यमंत्रियों की सिफारिशों को देखते हुए माना जा रहा है कि लॉकडाउन अगले दो हफ्ते के लिए बढ़ाया जा सकता है। साथ ही ये भी संकेत मिल रहे हैं कि सरकार कुछ सेक्टर्स को राहत भी दे सकती है।
देश में कोरोना वायरस से संक्रमित मरीजों की संख्या 9152 तक पहुंच गई है जबकि, इस वायरस के कारण 308 लोगों की मौत हो चुकी है। जबकि ठीक होने वाले मरीजों की संख्या 857 है। जबकि दुनियाभर में कोरोना वायरस के कारण 1 लाख 15 हजार से ज्यादा लोगों की मौत हो गई है। वहीं, संक्रमित लोगों की संख्या 18 लाख के आंकड़े को पार कर चुकी है।












Click it and Unblock the Notifications