OPINION: क्या दिल्ली चुनाव में मतदाताओं का एक नया 'वर्ग' दिखेगा?
OPINION: इस बार के दिल्ली चुनाव में मतदाताओं की एक नई जाति उभरी है, जिसे 'लाभार्थी वर्ग' कहा जा रहा है। यह वह वर्ग है, जिसे राज्य सरकार की कई योजनाओं का लाभ मिला है। सत्ताधारी आम आदमी पार्टी का दावा है कि इन योजनाओं को बिना किसी भेदभाव के इस तरह से लागू किया गया है कि इनका फायदा पाने वाला वर्ग निश्चित तौर पर वोट डालने से पहले AAP के बारे में सोचेगा।
दिल्ली सरकार द्वारा चलाई जा रही जनकल्याणकारी योजनाओं के साथ भारतीय जनता पार्टी की चर्चा जरुर होती है। बीजेपी ने साल 2014 से ही इस दिशा में काम किया और काफी हद तक पार्टी को कामयाबी मिली। आज देश में कहीं भी Welfarism Schemes की चर्चा होती है, तो केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की बात तो होती है।

मोदी सरकार की जनकल्याणकारी योजनाएं जैसे PM किसान सम्मान निधि योजना, आयुष्मान भारत योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, PM उज्जवला योजना, प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना, प्रधानमंत्री मुद्रा लोन योजना ने आम लोगों की जिंदगी बदल दी है। इन्हीं योजनाएं के बदौलत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी घर घर तक पहुंच गए।
ठीक इसी प्रकार दिल्ली की आम आदमी पार्टी सरकार ने जनकल्याणकारी योजनाओं के बदौलत लाभार्थियों का एक वर्ग तैयार किया। दिल्ली चुनाव में ये चर्चा आमतौर पर होती ही है। ऐसे दौर में जब जाति और धर्म के ध्रुवीकरण के आधार पर चुनाव लड़े जाते हों, वहां कल्याणकारी योजनाओं का एक निर्णायक फैक्टर के तौर पर उभरना निश्चित रूप से अंधेरे में रोशनी की तरह है।
AAP सरकार की जिन प्रमुख कल्याणकारी योजनाओं का लोगों को लाभ मिला है, उनमें सरकारी स्कूलों का कायाकल्प, मोहल्ला क्लीनित, मुफ्त बिजली, पानी पर सब्सिडी योजना आदि शामिल हैं। लाभार्थियों के वर्ग को अपने वफादार वोटरों के रूप में बदलना, आम आदमी पार्टी की एक खास रणनीति रही है। इसकी शुरूआत उसने पिछली बार दिल्ली विधानसभा चुनावों में की थी।
जनकल्याणकारी योजनाएं आम आदमी की बुनियादी जरूरतों से जुड़ी है और बीजेपी और अरविंद केजरीवाल की नेतृत्व वाली आप सरकार ने इन Schemes के माध्यम से मध्मवर्गीय परिवारों के जीवन में परिवर्तन लाने का प्रयास किया है।
हालांकि यह तो 8 फरवरी को आने वाले नतीजे ही बताएंगे कि लाभार्थी वर्ग किस तरह वोट दे रहा है। देखना यह भी है कि दशकों से दिल्ली की सत्ता पर काबिज आप सरकार अपने सियासी वर्चस्व को बचाए रखने में कहां तक सफल होती है?
-
Gold Rate Today: सोने में भारी गिरावट, रिकॉर्ड हाई से 50,000 सस्ती! अब आपके शहर में ये है 22k और 18K कीमत -
PM Modi Meeting: 'Lockdown की अफवाहों पर लगाम', PM की मुख्यमंत्रियों संग ढाई घंटे चली बैठक, दिए 8 मैसेज-List -
Gold Silver Price Today: सोना चांदी धड़ाम, सिल्वर 15,000 और गोल्ड 4000 रुपये सस्ता, अब इतनी रह गई कीमत -
Khamenei Last Photo: मौत से चंद मिनट पहले क्या कर रहे थे खामनेई? मिसाइल अटैक से पहले की तस्वीर आई सामने -
38 साल की फेमस एक्ट्रेस को नहीं मिल रहा काम, बेच रहीं 'ऐसी' Photos-Videos, Ex-विधायक की बेटी का हुआ ऐसा हाल -
Uttar Pradesh Petrol-Diesel Price: Excise Duty कटौती से आज पेट्रोल-डीजल के दाम क्या? 60 शहरों की रेट-List -
KBC वाली तहसीलदार गिरफ्तार, कहां और कैसे किया 2.5 करोड़ का घोटाला? अब खाएंगी जेल की हवा -
Lockdown का PM मोदी ने क्या सच में ऐलान किया? संकट में भारत? फिर से घरों में कैद होना होगा?- Fact Check -
साथ की पढ़ाई, साथ बने SDM अब नहीं मिट पा रही 15 किलोमीटर की दूरी! शादी के बाद ऐसा क्या हुआ कि बिखर गया रिश्ता? -
Kal Ka Mausam: Delhi-Noida में कल तेज बारिश? 20 राज्यों में 48 घंटे आंधी-तूफान, कहां ओलावृष्टि का IMD अलर्ट? -
27 की उम्र में सांसद, अब बालेन सरकार में कानून मंत्री, कौन हैं सोबिता गौतम, क्यों हुईं वायरल? -
'मेरा पानी महंगा है, सबको नहीं मिलेगा', ये क्या बोल गईं Bhumi Pednekar? लोगों ने बनाया ऐसा मजाक












Click it and Unblock the Notifications