Lunar Eclipse 2021: लाल हुआ चांद, लोगों ने देखा Live Telecast
नई दिल्ली, 26 मई। साल 2021 का पहला चंद्र ग्रहण लगा। हालांकि ये ग्रहण पूरे भारत में केवल नार्थ-ईस्ट में दिखाई दिया। इस ग्रहण की अवधि 14 मिनट 30 सेकंड की थी। ये दोपहर करीब 3:15 बजे प्रारंभ हुआ था और शाम 6:22 बजे खत्म हुआ। ये ग्रहण केवल ऑस्ट्रेलिया, प्रशांत महासागर, नार्थ और साउथ अमेरिका और ईस्ट महासागर में ही देखा गया लेकिन कुछ लोगों ने इस अद्भूत अनोखी खगोलीय घटना का दीदार घर बैठे ऑन लाइन किया।
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यहां देखें लाइव टेलिकास्ट
- आप चंद्र ग्रहण का सीधा प्रसारण नासा के Twiiter अकाउंट पर देख सकते हैं-यहां करें क्लिक
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- भारतीय लोग इस चंद्र ग्रहण को www.virtualtelescope.eu पर वर्चुअल टेलिस्कोप की मदद से देख सकते हैं।-यहां करें क्लिक

108 दिनों तक रहता है ग्रहण का असर
ग्रहण दिखाई दे या ना दे लेकिन उसका असर समस्त पृथ्वी पर होता है। ज्योतिषीय आंकलन के अनुसार किसी भी ग्रहण का असर पृथ्वी पर 108 दिनों तक रहता है। खासकर जिस राशि और नक्षत्र पर ग्रहण हो रहा है, उससे संबंधित जातकों को विशेष सावधानी रखने की आवश्यकता होती है।

नग्न आंखों से देख सकते हैं ग्रहण
इस इस ग्रहण को आप नग्न आंखों से देख सकते हैं। हालांकि ये चंद्र ग्रहण प्रभावी नहीं है और इसका सूतक काल भी नहीं लगा है, जो कि आम तौर पर ग्रहण से 9 घंटे पहले लग जाता है, जब ग्रहण प्रभावी होता है।
'ब्लड मून' दिखाई देगा
खास बात ये है कि चंद्र ग्रहण के दौरान 'ब्लड मून' देखने को मिलेगा यानी इस दौरान चांद लाल रंग का नजर आएगा। इंडिया में ये नजर नहीं आएगा लेकिन आप इसे ऑन लाइन देख सकते हैं।

क्या होता है चंद्र ग्रहण
चंद्र ग्रहण तब होता है जब चंद्रमा और सूर्य के बीच में पृथ्वी आ जाए, साथ ही ऐसी स्थिति में भी चंद्र ग्रहण माना जाता है जब पृथ्वी की छाया से चंद्रमा पूरी तरह या आंशिक रूप से ढक जाती है। इस स्थिति में पृथ्वी सूर्य की छाया को चंद्रमा तक नहीं पहुंचने देती है। इस वजह से पृथ्वी के उस हिस्से में चंद्र ग्रहण नजर आता है। चंद्र ग्रहण हमेशा पूर्णिमा को होते हैं, आज बुद्द पूर्णिमा है।












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