Shimla: मॉल रोड इलाके हुए विस्फोट का सामने आया CCTV, डीजीपी संजय कुंडू ने दिए SIT गठन के निर्देश
Shimla News: हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला के ऐतिहासिक मॉल रोड के पास मिडल बाजार में स्थित एक रेस्टोरेंट में ब्लास्ट हो गया। ब्लास्ट होने से मौके पर हड़कंप मच गया। इस ब्लास्ट में रेस्टोरेंट बुरी तरह से तबाह हो गया। तो वहीं, एक व्यक्ति की मौत हो गई। जबकि, कई लोग घायल हो गए।
रेस्टोरेंट में हुआ ब्लास्ट इतना भयावय था कि मॉल रोड के दो शोरूम भी क्षतिग्रस्त हो गए। बता दें कि ब्लास्ट की सीसीटीवी फुटेज भी सामने आई है, जिसमें विस्फोट की तीव्रता साफ का पता चल रहा है। हालांकि, यह विस्फोट कैसे हुआ, इसका अभी तक पता नहीं चल सका है। धमाके से मिडल बाजार और मालरोड समेत 25 से ज्यादा दुकानों और घरों के शीशे चटक गए।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस विस्फोट की चपेत में आने से मिडल बाजार के एक कारोबारी अवनीश सूद की मौत हो गई। जिस वक्त यह हादसा हुआ, उस समय अवनीश सूद शिवमंदिर में माथा टेकने जा रहे थे, तभी धमाके की चपेट में आ गए। रेस्तरां का दरवाजा टूटकर जोर से कारोबारी के साथ टकराया था।
वहीं, विस्फोट की आवाज सुनते ही मिडल बाजार में अफरा-तफरी मच गई। लोगों ने भागकर अपनी जान बचाई। प्रत्यक्षदर्शियों की मानें तो धमाके से रेस्तरां का लेंटर तक टूट गया और इसकी आवाज सुनते ही आसपास की दुकानों में बैठे कारोबारी और सेल्समैन किसी तरह बाहर की ओर भागे। तो वहीं, मालरोड पर घूम रहे लोग और सैलानी भी सहम गए।
देखें वीडियो...
स्थानीय लोगों के मुताबिक, मंगलवार को यह रेस्टोरेंट बंद रहता है। बता दें कि ब्लास्ट की सूचना के बाद फोंरेंसिक टीम भी मौके पर पहुंची। अब जांच रिपोर्ट आने के बाद ही धमाके के कारणों का पता लग सकेगा। धमाके के बाद पुलिस ने मिडल बाजार को सील कर दिया। साथ ही मालरोड पर भी एकतरफा आवाजाही की गई।
मौके पर मौजूद पुलिस अधीक्षक संजीव गांधी ने कहा कि जिस समय यह धमाका हुआ, उस समय वह खुद मालरोड पर मौजूद थे। यह धमाका कैसे और किन कारणों से हुआ, इसकी जांच चल रही है। शहरी विधायक हरीश जनारथा ने कहा कि इस धमाके में काफी नुकसान हुआ है। कुल कितना नुकसान है, इसका आकलन किया जा रहा है।
डीजीपी संजय कुंडू ने न्यूज़ एजेंसी एएनआई से बातचीत के दौरान कहा कि यह बेहद गंभीर मामला है क्योंकि यह एक पर्यटक स्थल है और यहां दिन के किसी भी समय हजारों लोग मौजूद रहते हैं। मैं एसपी शिमला से कहूंगा कि एक एसआईटी का गठन किया जाए, इसमें जांच फोरेंसिक विशेषज्ञ द्वारा भी कराए जाए। ताकि हम इसकी तह तक जा सकते हैं।












Click it and Unblock the Notifications