KFC बेचने लगा सिर्फ शाकाहारी भोजन! गाजियाबाद में कांवड़ यात्रा के नाम पर दबाव, पुलिस एक्शन के बाद बदला मेन्यू
गाजियाबाद के वसुंधरा इलाके में कांवड़ यात्रा के दौरान दो लोकप्रिय रेस्टोरेंट-KFC और नजीर पर कुछ लोगों के ग्रुप ने दबाव बनाकर मांसाहारी भोजन बंद करवाने की कोशिश की, जबकि इन प्रतिष्ठानों पर कोई सरकारी रोक नहीं थी और न ही ये कांवड़ मार्ग पर आते हैं।
घटना के बाद पुलिस ने स्वतः संज्ञान लेते हुए 10 अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है, लेकिन अब तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है।

दरअसल, गुरुवार सुबह करीब 11:30 बजे एक संगठन के सदस्यों ने वसुंधरा सेक्टर-11 स्थित KFC आउटलेट और नजीर रेस्टोरेंट में प्रवेश कर वहां मांसाहारी खाना बंद करने की धमकी दी। KFC ने दबाव में आकर एक नोटिस चस्पा कर दिया, जिस पर लिखा था- 'हम केवल शाकाहारी भोजन परोस रहे हैं' (We are serving only veg) और करीब 5 घंटे के लिए दुकान बंद रही।
नजीर के मैनेजर के अनुसार, भीड़ ने कर्मचारियों से बहस की और कामकाज ठप करवा दिया। इन दोनों में से कोई भी आउटलेट कांवड़ यात्रा के निर्धारित मार्ग पर नहीं है, जबकि सरकारी आदेश केवल यात्रा मार्ग पर मांस बेचने वाली दुकानों के लिए लागू है।
आरोपी कौन हैं?
इस घटना के पीछे भूपेंद्र तोमर उर्फ पिंकी चौधरी के नेतृत्व वाला संगठन बताया जा रहा है, जो दिल्ली-एनसीआर में 25 से ज्यादा केसों में नामजद है। इनमें धोखाधड़ी, धार्मिक उन्माद फैलाने, तोड़फोड़ और अवैध अतिक्रमण जैसे गंभीर आरोप शामिल हैं। अगस्त 2024 में इन्हें गाज़ियाबाद में अवैध बांग्लादेशियों पर हमला करने के आरोप में भी गिरफ्तार किया गया था।
मामले में पुलिस ने क्या की कार्रवाई?
गाज़ियाबाद पुलिस ने कहा कि उन्होंने दोनों रेस्टोरेंट्स से कोई औपचारिक शिकायत नहीं मिलने के बावजूद FIR दर्ज की है। DCP ट्रांस-हिंडन निमिष पाटिल ने TOI को बताया कि KFC ने शुक्रवार दोपहर 3 बजे के बाद फिर से अपना नियमित मेन्यू शुरू कर दिया है और पुलिस ने उन्हें सुरक्षा का आश्वासन दिया है।
अब आगे क्या?
पुलिस कमिश्नर जे. रविंदर गौड़ ने कहा है कि भूपेंद्र तोमर के खिलाफ लंबित मामलों की समीक्षा की जाएगी और गुंडा एक्ट के तहत कार्रवाई की जा सकती है। हालांकि, पिछली बार इस कार्रवाई को संगठन द्वारा किए गए विरोध के बाद रोक दिया गया था।












Click it and Unblock the Notifications