Kangana Ranaut: राजनीतिक बयान देती रही हैं कंगना रनौत, जानें कब रहीं चर्चा का विषय
अभिनेत्री कंगना रनौत को आगामी लोक सभा चुनावों के लिए भाजपा ने हिमाचल प्रदेश की मंडी सीट से लोकसभा का टिकट दिया है। उन्होंने इस अवसर के लिए आभार व्यक्त करते हुए इस बात पर जोर दिया कि वह पार्टी में केवल एक फिल्म स्टार के रूप में नहीं, बल्कि एक कार्यकर्ता के रूप में शामिल हुई हैं।
अब भाजपा प्रत्याशी बनी कंगना रनौत को अभिनेत्री होने के साथ-साथ 'कंट्रोवर्सी क्रिएटर' भी माना जाता है। बीते कुछ सालों में कंगना कई कंट्रोवर्सी में पड़ी हैं, आइए बात करते हैं कंगना की ऐसी ही कुछ खास कंट्रोवर्सीज के बारे में!

देश को आजादी 2014 में मिली
नवंबर 2021 में कंगना ने एक ऐसी बात कही जिससे देश भर में विवाद छिड़ गया। कंगना ने कहा कि भारत को 'असली आजादी' 1947 में नहीं, बल्कि 2014 में मिली थी। उन्होंने कहा, 1947 वाली आजादी हमें 'भीख' में दी गई थी। कंगना ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार के कार्यकाल को 'सच्ची आजादी' बताया।
इस बयान की वजह से कंगना को कई आलोचनाओं और लोगों के गुस्से का सामना करना पड़ा, कई लोगों ने उनकी टिप्पणी की निंदा करते हुए उन्हें स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान के प्रति अपमानजनक बताया। यहां तक कि भाजपा सांसद वरुण गांधी ने सवाल उठाया कि क्या इस तरह के विचार 'पागलपन' या 'देशद्रोह' है।
ट्विटर अकाउंट किया गया बैन
मई 2021 में कंगना के ट्विटर अकाउंट को ट्विटर नियमों का उल्लंघन करने, 'हेटफुल कंडक्ट' और 'अब्यूजिव बिहेवियर' के लिए परमानेंट बैन कर दिया गया था। कंगना के खिलाफ यह कार्रवाई तब की गई जब उन्होंने अपने एक ट्वीट में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से बंगाल में "2020 के दशक की शुरुआत" से अपने "विराट रूप" का इस्तेमाल करके पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को वश में करने का आग्रह किया। यह ट्वीट बंगाल विधानसभा चुनाव 2021 के चुनाव परिणाम की घोषणा के बाद हुई हिंसा पर भाजपा नेता स्वप्न दासगुप्ता द्वारा किए गए ट्वीट के बाद किया गया था। हालांकि, 9 महीने बाद कंगना का ट्विटर अकाउंट फिर से बहाल कर दिया गया था।
सुशांत सिंह राजपूत मामले में रही मुखर
जून 2020 में सुशांत सिंह राजपूत की मौत के बाद कंगना उनके मामले में काफी मुखर रही थी और उन्होंने फिल्मी सितारों पर कई आरोप लगाए थे। कंगना ने कहा था कि सुशांत ने आत्महत्या नहीं की है बल्कि उनकी हत्या की गई है, क्योंकि वो फिल्म इंडस्ट्री के कुछ 'डार्क सीक्रेट्स' के बारे में जान गए थे। जब सुशांत की आत्महत्या की जांच के मामले में सीबीआई को केस सौंपने की मांग की जा रही थी, तब भी कंगना ने जांच की वकालत की थी। कंगना ने फिल्म इंडस्ट्री में नेपोटिज्म और फिल्मी परिवारों से अलग लोगों के साथ किए जाने वाले भेदभाव और संघर्षों के बारे में भी खुल कर बोला।
मुंबई की तुलना पीओके से की
सुशांत सिंह की मौत के बाद दावा किया गया कि बॉलीवुड और ड्रग माफियाओं के बीच कनेक्शन हो सकता है। जिस पर कंगना ने ट्विटर पर लिखा कि वो बॉलीवुड और ड्रग माफियाओं के बीच नेक्सस को सामने ला सकती है। बाद में उन्होंने लिखा कि अब उन्हें मूवी माफियाओं से ज्यादा डर शहर की पुलिस से लगता है। तो इसके जवाब में शिव सेना नेता संजय राउत ने कहा कि "अगर आपको मुंबई पुलिस से डर लगता है, तो यहां मत आना।" जिसका जवाब देते हुए कंगना ने ट्विटर पर लिखा, "संजय राउत, शिव सेना नेता ने मुझे खुली धमकी दी है और कहा मैं मुंबई वापस ना आऊं, मुंबई की सड़कों पर आजादी के नारे लगे और अब खुली धमकी के बाद मुंबई पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (पीओके) जैसा क्यों महसूस हो रहा है?"
बीएमसी ने ऑफिस पर चलाया बुलडोजर
सितंबर 2020 में बृहन्मुंबई नगर निगम (बीएमसी) ने 'स्ट्रक्चरल वॉयलेशन' के कारण कंगना रनौत के मुंबई स्थित कार्यालय का थोड़ा हिस्सा ध्वस्त कर दिया था। हालांकि, बॉम्बे हाईकोर्ट ने बाद में कहा कि ये कार्यवाही 'दुर्भावना से प्रेरित' थी और उनके अधिकारों की पूरी तरह अवहेलना थी। कंगना ने ध्वस्त इमारत के लिए शुरू में ₹2 करोड़ की मांग की, लेकिन बाद में कहा कि उन्हें पैसे नहीं चाहिए और कहा "मुझे पता है कि यह टैक्स पेयर्स का पैसा है।" इस कार्यवाही पर अपना गुस्सा जाहिर करते हुए कंगना ने ट्विटर पर एक वीडियो शेयर करते हुए महाराष्ट्र के तत्कालीन मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे से कहा कि "उद्धव ठाकरे आज मेरा घर टूटा है, कल तेरा घमंड टूटेगा, ये वक्त का पहिया है।"
नेपोटिज्म पर करण जौहर को घेरा
कंगना ने फिल्ममेकर करण जौहर को शो 'कॉफी विद करण' के सीजन 5 में नेपोटिज्म के बारे में प्रमुख बातें बोली। उन्होंने करण जौहर को 'नेपोटिज्म का फ्लैग बीयरर' और 'मूवी माफिया' कहा। कंगना ने कॉफी विद करण पर कहा कि, "मेरी बायोपिक में, अगर कभी बनी, तो आप उस रूढ़िवादी बॉलीवुड दिग्गज की भूमिका निभाओगे, जो बहुत खराब और बाहरी लोगों से चिड़ने वाला, नेपोटिज्म का फ्लैग बीयरर, मूवी माफिया है।" इसके बाद करण ने एक कार्यक्रम में कहा कि "आई एम डन विद कंगना प्लेईंग वूमेन कार्ड और विक्टिम कार्ड।" उन्होंने आगे कहा, "अगर ऐसा है तो छोड़ दो इंडस्ट्री, किसी ने तुम्हारे सिर पर बंदूक नहीं रखी।"
किसानों को बताया आतंकवादी
वर्ष 2020-21 के किसान आंदोलन के समय पर कंगना को प्रदर्शनकारी किसानों को 'आतंकवादी' कहने और पॉप सिंगर रिहाना को 'मूर्ख' कहने के लिए काफी आलोचना का सामना करना पड़ा था। दरअसल, रिहाना ने भारत में हो रहे किसान आंदोलन को समर्थन व्यक्त किया था और ट्विटर पर लिखा कि "हम इस बारे में बात क्यों नहीं कर रहे हैं?!" जिसके जवाब में कंगना ने ट्वीट कर लिखा, "कोई भी इसके बारे में बात नहीं कर रहा है क्योंकि वे किसान नहीं हैं, वे आतंकवादी हैं जो भारत को विभाजित करने की कोशिश कर रहे हैं, ताकि चीन हमारे कमजोर टूटे हुए राष्ट्र पर कब्जा कर सके और इसे अमेरिका की तरह एक चीनी उपनिवेश बना सके.... बैठ जाओ मूर्ख, हम तुम मूर्खों की तरह हमारे देश को नहीं बेच रहे है।"
ट्विटर पर कंगना बनाम दिलजीत
कंगना और गायक-अभिनेता दिलजीत दोसांझ के बीच ट्विटर विवाद की शुरुआत कंगना द्वारा किसान आंदोलन में एक बुजुर्ग सिख महिला, महिंदर कौर के बारे में किए गए ट्वीट से हुई, जिसके कारण दोनों के बीच तीखी नोकझोंक हुई। कंगना ने दावा किया कि महिंदर कौर ₹100 में किसी भी आंदोलन में बैठ जाती है और वो अभी भी पैसे के लिए आंदोलन में बैठी है, जिसे दिलजीत ने महिला का वीडियो शेयर करके सही किया। जिसके बाद दोनों लोगों ने कई ट्वीट किए, जिसमें कंगना ने दिलजीत को अपमानजनक नाम दिए और बाद में विवाद और बढ़ गया। यहां तक कि कंगना ने दिलजीत को 'करण जौहर का पालतू' भी कहा था।
ऋतिक रोशन के साथ अफेयर
कंगना और अभिनेता ऋतिक रोशन के बीच विवाद भी बहुत चर्चा का विषय रहा है। विवाद 2016 के आसपास हुआ जब कंगना ने दावा किया कि वो ऋतिक के साथ 'रोमांटिक रिलेशन' में थी, जिसे ऋतिक ने नकारते हुए कहा कि वो सिर्फ दोस्त है। दोनों लोगों ने एक दूसरे के खिलाफ कानूनी मामले दर्ज किए, जिसमें ऋतिक ने कंगना पर मानहानि का आरोप लगाया और कंगना ने जवाब में मामला दायर किया। स्थिति तब और बिगड़ गई जब कंगना ने अपने रिश्ते के बारे में सार्वजनिक बयान और इंटरव्यू दिए, जबकि ऋतिक ने मामले में शांति बनाए रखने और कानूनी रास्ता अपनाने का सहारा लिया।
अन्य अभिनेत्रियों पर अभद्र टिप्पणियां
सुशांत की मौत के बाद जब देश भर में हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में नेपोटिज्म को लेकर बहस छिड़ी हुई थी, तब अभिनेत्री स्वरा भास्कर और तापसी पन्नू ने बॉलीवुड में नेपोटिज्म के अस्तित्व से इनकार किया था, जिसके बाद कंगना ने स्वरा भास्कर और तापसी पन्नू को "बी-ग्रेड एक्ट्रेस" बताया। इससे पहले भी कंगना एक प्रमुख अभिनेत्री पर अभद्र टिप्पणी कर चुकी है। कंगना ने 2020 में एक इंटरव्यू के दौरान अभिनेत्री उर्मिला मातोंडकर को 'सॉफ्ट पोर्न स्टार' कहा था। यह बयान उर्मिला द्वारा दिग्गज अभिनेत्री जया बच्चन का अपमान करने के लिए कंगना की आलोचना के बाद आया था।












Click it and Unblock the Notifications