Mala Sinha: 'पैसों के लिए मैंने धंधा किया', टॉप एक्ट्रेस ने कोर्ट में क्यों बोला झूठ? बेटी का करियर तबाह
Mala Sinha: आज बात हिंदी सिनेमा की उस खूबसूरत अभिनेत्री की, जिसने एक वक्त पर बॉलीवुड के सभी टॉप एक्टर के साथ काम किया था और अपनी एक अलग पहचान बनाई थी, जिसके रूख में इतनी कशिश की तो लोग उसे देखने के बाद पागल हो जाते थे और अदाएं ऐसी शोख जिस पर हर जवां दिल धड़क उठता था, आपने सही समझा यहां पर बात हो रही है मशहूर अभिनेत्री माला सिन्हा की।
जिन्होंने 1950 से लेकर 1970 तक हिंदी और बंगाली फिल्मों पर राज किया , उन्हें लोग Daring Diva और Torch bearer of women's Cinema के नाम से पुकारते थे। उस दौर में जब फ़िल्म इंडस्ट्री पर पुरुष सितारों का दबदबा था, उन्होंने कई ऐसी फ़िल्मों में मज़बूत, महिला-केंद्रित और लीक से हटकर भूमिकाएं निभाईं, जिन्हें अपने समय से कहीं आगे माना जाता था।

1992 में 'पद्मश्री' से सम्मानित माला सिन्हा एक समय में हिंदी सिनेमा की सबसे ज्यादा पैसे लेने वाली अभिनेत्री थीं लेकिन एक दौर ऐसा आया जब उनकी एक गलती ने उनते करियर को ही तबाह कर दिया। दरअसल 1978 में उनके घर पर इनकम टैक्स की रेड पड़ी थी और उनके बाथरूम की दीवार से ₹12 लाख की नकद बंडल बरामद हुए थे।
'यह पैसा एक एस्कॉर्ट के तौर पर काम करके कमाया'
शुरू में, माला सिन्हा ने कथित तौर पर टैक्स अधिकारियों से कहा था कि 'यह पैसा उनके पिता ने बाथरूम की दीवार में छिपाया था, हालांकि, जब केस की सुनवाई के दौरान उन्हें अदालत में पेश किया गया, तो उन्होंने ये कहकह सबको चौंका दिया था कि 'उन्होंने यह पैसा एक एस्कॉर्ट के तौर पर काम करके कमाया था।'
वकील अल्बर्ट सिन्हा के कहने पर दिया था विवादित बयान
Wikipedia के मुताबिक माला सिन्हा ने वैश्यावृति की बात कोर्ट में अपने पिता और वकील अल्बर्ट सिन्हा की सलाह पर कही थी, जिससे कि वो और उनका पैसा बच सके। उन्होंने यह चौंकाने वाला खुलासा तब किया, जब अदालत ने उनसे यह साबित करने को कहा कि उन्होंने यह पैसा कैसे कमाया है।'
अदालत ने उन्हें वह पैसा अपने पास रखने की इजाज़त दे दी, लेकिन कहा जाता है कि इसके चलते उन्होंने अपने प्रशंसकों का प्यार खो दिया, जिसका नतीजा यह हुआ कि इसके तुरंत बाद ही उनके हाथ से कई प्रोजेक्ट निकल गए और डायरेक्टरों ने उनसे कन्नी काट ली।
बॉलीवुड में 'महबूब मेरे महबूब' से रखा कदम
हालांकि इसका प्रभाव प्रत्यक्ष तौर पर तो नहीं लेकिन अप्रत्यक्ष तौर पर जरूर उनकी बेटी प्रतिभा सिन्हा के करियर पर भी पड़ा क्योंकि एक सुपरस्टार की बेइंतहा खूबसूरत बेटी का करियर उस तरह से शुरू नहीं हुआ जिस तरह से अन्य अभिनेत्रियों के स्टार किड्स का होता है। प्रतिभा सिन्हा ने साल 1992 में बॉलीवुड में 'महबूब मेरे महबूब' से कदम रखा लेकिन उन्हें सफलता नहीं मिली।
'परदेसी परदेसी' गाने से मिली पहचान लेकिन लाइमलाइट से दूर
लोग उन्हें आज भी सुपर हिट फिल्म 'राजा हिंदुस्तानी' के हिट नंबर 'परदेसी परदेसी' के नाम से ही पहचानते हैं। साल 2000 में उन्होंने फिल्में और फिल्मी दुनिया को छोड़ दिया और आज वो लाइमलाइट से दूर गुमनामी में जीवन गुजार रही हैं। मालूम हो कि माला सिन्हा ने 1966 में कुमाऊंनी ब्राह्मण मूल के नेपाली अभिनेता चिदंबर प्रसाद लोहानी से शादी की थी, जिनका निधन साल 2024 में हुआ था। प्रतिभा उनका एकलौती संतान है।

















Click it and Unblock the Notifications