जब छलका उर्फी जावेद का दर्द, कहा- घरवालों ने नहीं दिया साथ, पिता ने मेरे साथ शारीरिक...
जब छलका उर्फी जावेद का दर्द, कहा-पिता ने मेरे साथ शारीरिक...
मुंबई, 4 दिसंबर। बिग बॉस ओटीटी फेम उर्फी जावेद आए दिन अपने अटपटे फैंशन और बोल्ड कपड़ों की वजह से ट्रोलर्स के निशाने पर रहती हैं। सोशल मीडिया पर उर्फी के अतरंगे फैंशन को लेकर खूब चर्चा होती है। उनके बोल्ड कपड़ों की वजह से उन्हें ट्रोलिंग का शिकार होना पड़ता है, हालांकि उर्फी इन ट्रोलर्स को भाव नहीं देतीं। बिदांस अंदाज में रहने वाली उर्फी एक के बाद एक बोल्ड ड्रेसेस में अपनी फोटो और वीडियो शेयर करती रहती हैं। उर्फी का बिदांस और ग्लैमरस लुक तो सबसे देखा हैं, लेकिन उनका बचपन मुश्किलों में बीता है। उर्फी ने खुद एक इंटरव्यू के दौरान इन बात का जिक्र किया था।

एडल्ट साइट पर अपलोड कर दी थी तस्वीर
बिग बॉस ओटीटी से बाहर निकलने के बाद उर्फी ने एक इंटरव्यू के दौरान कहा कि उनका बचपन मुश्किल भरा रहा है। वो डिप्रेशन और मानसिक प्रताड़नाओं से गुजरी हैं। उर्फी ने कहा कि जब वो 11वीं में थीं, उनके किसी दोस्त ने उनकी तस्वीर एडल्ट साइट पर अपलोड कर दी थी। उनवक्त उनके परिवार और रिश्तेदारों ने उन्हें ही गलत माना और उनका साथ नहीं दिया। उन्हें अपनी बात रखने तक का मौका नहीं मिला। मुझे उस वक्त दोषी माना जा रहा था । उनके परिवार और रिश्तेदारों को लग रहा था कि मैं छुपकर पोर्न स्टार का काम करती हूं।

पिता ने मुझे मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया
मुश्किल वक्त में मेरा साथ देने के बजाए मेरे परिवार ने मुझे दोषी मान लिया। मुझे बोलने तक नहीं दिया गया। मेरे पिता ने मुझे मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया। उन्होंने कहा कि उनके रिश्तेदार उनके बैंक अकाउंट की जांच करना चाहते थे। उन्हें लग रहा था कि मेरे बैंक खाते में छुपे हुए पैसे आते हैं। मैं गलत काम करती हूं। उनके रिश्तेदार उन्हें पोर्न स्टार कहकर बुलाते थे। दो साल कर उन्हें घर में बंद रखा गया। उन्हें घर से बाहर कर दिया गया।

लोग करते थे गंदी बातें
उर्फी जावेद ने कहा कि उनके रिश्तेदार, आस पास से लोग उनके बारे में ऐसी-ऐसी गंदी बातें करते थे कि मुझे अपना नाम भी याद नहीं आता था। पिता उन्हें मारते-पीटते तो वो कुछ नहीं बोल पाती, उस वक्त मेरे पास उसे झेलने के अलावा कोई विक्लप नहीं था। मेरे साथ लोग बैठते तक नहीं थे। किसी लड़की को मेरे साथ नहीं जाने दिया जाता था। इस हादसे के बाद मैंने खुद पर भरोसा किया। अपनी आवाज उठानी सीखी।

भूल गई थी अपना नाम
उर्फी जावेद ने कहा कि दो सालों तक मेरे साथ ये सब चलता रहा । इस टॉर्चर के कारण मैं अपना नाम तक भूल चुकी थी। उर्फी ने कहा कि मैं जिस हालातों से गुजरी हूं, भगवान ऐसे हालात किसी लड़की के सामने नहीं लाए। उन्होंने कहा कि उनके परिवार में लड़कियों को बोलने की आजादी नहीं थी। मुझे हमेशा ये बताया गया कि लड़कियों की आवाज नहीं होती है, केवल पुरुष जो बोलते हैं, बस उसे ही मानना होता है। उर्फी ने कहा कि मैंने दो साल तक सब झेला। जब घर छोड़ा तब मैंने बोलना सीखा। तब मुझे पता चला कि लड़कियां भी बोल सकती है। उर्फी ने इंटरव्यू के दौरान कहा था कि घर के हालात देखकर वो अपनी दो बहनों को लेकर घर से भागकर दिल्ली आ गई थी। एक हफ्ते तक दिल्ली के एक पार्क में रात गुजारी और किसी तरह से एक नौकरी कॉल सेंटर में मिली। कुछ दिनों बाद पता चला कि पिता ने दूसरी शादी कर ली, जिसके बाद मां और दो और भाईयों की जिम्मेदारी भी उनके कंधे पर आ गई।

Bigg Boss से मिली पहचान
उर्फी जावेद को पहचान बिग बॉस ओटीटी से मिली। बिग बॉस ने ओटीटी में बतौर प्रतियोगी शामिल हुई। उर्फी ने शो में अपनी पहचान बनाई, हालांकि वो जल्द ही शो से बाहर भी हो गई। बिस बॉस शो के बाद उर्फी लगातार सोशल मीडिया पर चाई रहती हैं। उनके फैंशनेबल कपड़ों को लेकर उनकी चर्चा होती है।












Click it and Unblock the Notifications