टैक्सपेयर्स को एक और राहत: इनकम टैक्स ने बढ़ाई TDS / TCS की डेडलाइन, जानिए नई तारीख
टैक्सपेयर्स को राहत: इनकम टैक्स ने बढ़ाई TDS / TCS की डेडलाइन, जानिए नई तारीख
नई दिल्ली। नौकरीपेशा लोगों को इनटैक्स डिपार्टमेंट की ओर से बड़ी राहत दी गई है। आयकर विभाग ने कोरोना संकट के बीच नौकरीपेशा लोगों को राहत देते हुए पहले इनकम टैक्स सेविंग और इनवेस्टमेंट की तारीख बढ़ाई और अब आयकर विभाग ने TDS / TCS स्टेटमेंट और TDS / TCS प्रमाणपत्र जारी करने की डेडलाइन को बढ़ाकर लोगों को राहत दी है।
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इनकम टैक्स ने नौकरीपेशा लोगों को दी राहत
इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने कोरोना संकट की वजह से लोगों को राहत देते हुए वित्तीय वर्ष 2019-20 के लिए टीडीएस/टीसीएस की अंतिम तारीख बढ़ाकर 31 जुलाई 2020 कर दी है। वहीं विभाग ने वित्तीय वर्ष 2019-20 के लिए TDS / TCS प्रमाणपत्र जारी करने की डेडलाइन बढ़ाकर 15 अगस्त 2020 कर दी है।

इनकम टैक्स ने बचत निवेश/ भुगतान की समयसीमा बढ़ाई
इससे पहले गुरुवार को इनकम टैक्स विभाग ने नौकरीपेशा को राहत देते हुए बचत निवेश/भुगतान की डेडलाइन बढ़ा दी। विभाग ने वित्तीय वर्ष 2019-20 के लिए टैक्स बचत निवेश / भुगतान की समय सीमा को 31 जुलाई 2020 तक के लिए बढ़ा दिया है। इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने ट्वीट कर जानकारी दी और कहा कि हमने समय सीमा को और बढ़ा दिया है। अब वित्तीय वर्ष 2019-20 के लिए कर बचत / भुगतान की तारीख को बढ़ाकर 31 जुलाई, 2020 तक कर दिया है।

क्या होता है टीडीएस और टीसीएस
टीडीएस और टीसीएस टैक्स वसूल करने के दो तरीके हैं। TDS का मतलब स्रोत पर कटौती है। अगर किसी व्यक्ति को एक सीमा से अधिक आय हुई है तो उस आय से एक निश्चित रकम काट ली जाती है। इस काटी गई रकम को टीडीएस कहते हैं।। TDS यानी टैक्स डिडक्टेड एट सोर्स के जरिए टैक्सपेयर्स को अपने आय के सोर्स के बारे में बताना होता है। टीडीएस के जरिए आपको आय स्त्रोत और उसपर लिए जाने वाले टैक्स कलेक्ट की जानकारी देनी होती है। वहीं टीसीएस वो टैक्स होता है जो विक्रेता खरीदार से वसूलते हैं।












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