• search

बिहार: संस्कृत की परीक्षा में छात्र ने लिखे गजब जवाब, खोल दी शिक्षा विभाग की पोल

Subscribe to Oneindia Hindi
For Quick Alerts
ALLOW NOTIFICATIONS
For Daily Alerts

    पटना। बिहार की शिक्षा व्यवस्था हमेशा से ही चर्चा में रहती है कभी परीक्षा में हो रही धांधली को लेकर तो कभी स्टेट टॉपर को लेकर। हलांकि जब कभी भी इस तरह का मामला सामने आया सरकार के द्वारा इसके खिलाफ कार्रवाई करते हुए विभाग को सख्त हिदायत भी दिये हैं लेकिन विभाग के द्वारा इस पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। ताजा मामला बिहार के सरकारी स्कूल के बच्चे ने उजागर किया है।

    बच्चों ने लिखा, किताब नहीं मिली

    बच्चों ने लिखा, किताब नहीं मिली

    बिहार के सरकारी स्कूल में पढ़ने वाले बच्चे को इस बार पुस्तक नहीं मिला तो बच्चे कैसे पढ़कर परीक्षा देंगे? लगातार शिक्षक से किताब मांगने पर बहाना बनाने के बाद जब परीक्षा शुरू हुई तो एक परीक्षार्थी ने अपने पेपर में लिखा कि हम क्या लिखें, अब तक तो किताब मिला ही नहीं। छात्र के द्वारा लिखे हुए इस उत्तर की तस्वीर सोशल मीडिया में वायरल हुई है जिसके बाद एक बार फिर बिहार के सरकारी स्कूल की व्यवस्था पर सवाल उठे हैं।

    शिक्षा व्यवस्था की खोल दी पोल

    शिक्षा व्यवस्था की खोल दी पोल

    आपको बताते चलें कि बिहार के सरकारी स्कूल में बिहार शिक्षा परियोजना परिषद के द्वारा आयोजित अर्धवार्षिक मूल्यांकन परीक्षा खत्म हो गया जिसके बाद कॉपी जांच की प्रक्रिया शुरू हुई और इसी जांच के दौरान एक ऐसी उत्तर पुस्तिका हाथ लगी है जिसमें छात्रों ने स्कूल व्यवस्था की पूरी पोल खोलकर रख दी थी। संस्कृत की परीक्षा में छात्र ने उत्तर पुस्तिका में स्कूल की कुव्यवस्था को उजागर करते हुए यह जवाब दिया कि अब तक किताब नहीं मिला है जी। इस उत्तर पुस्तिका में छात्र ने कुछ सवालों के जवाब तो दिए हैं।

    5 से 11 अक्टूबर तक हुई परीक्षा

    5 से 11 अक्टूबर तक हुई परीक्षा

    आपको बताते चलें की राज्य के प्रारंभिक स्कूलों में अर्धवार्षिक मूल्यांकन परीक्षा 5 से 11 अक्टूबर तक हुई। फिलहाल उत्तर पुस्तिका में इस तरह की बात लिखने का मामला सामने आने के बाद बिहार शिक्षा परियोजना ने इस पर संज्ञान लेते हुए मामले की जांच करने की बात कही है। इस मामले के बारे में जानकारी देते हुए राज्य कार्यक्रम पदाधिकारी राजीव रंजन का कहना है कि छात्रों को किताब नहीं दी जा सकी है लेकिन ऐसा भी हो सकता है कि किसी ने ऐसा शरारत किया हो। फिलहाल जांच के बाद यह सामने आएगा कि यह उत्तर पुस्तिका किस स्कूल की है? उल्लेखनीय है कि प्रारंभिक स्कूल में पढ़ने वाले दो करोड़ छात्रों में से 32 फ़ीसदी छात्रों को पुरानी किताब दी गई है तो कई छात्रों को अब तक किताब नहीं मिली है।

    Read Also: महाराष्ट्र में पैदा हुई विचित्र बच्ची, पढ़िए क्या है उसकी खासियत

    जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

    देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
    English summary
    Student's strange answer in Sanskrit Exam in Bihar.

    Oneindia की ब्रेकिंग न्यूज़ पाने के लिए
    पाएं न्यूज़ अपडेट्स पूरे दिन.

    X
    We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more