Bihar Chunav: कौन हैं मुकेश रौशन जिन्हें RJD ने तेज प्रताप के खिलाफ उतारा? महुआ में बढ़ी लालू के लाल की टेंशन
Mukesh Raushan Vs Tej Pratap Yadav: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के लिए राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने अपनी 143 उम्मीदवारों की अंतिम सूची जारी कर दी है। इस सूची की सबसे बड़ी खबर यह है कि पार्टी ने सुप्रीमो लालू यादव के बड़े बेटे, और पार्टी से निष्कासित हो चुके तेज प्रताप यादव के खिलाफ ही उम्मीदवार उतार दिया है। वैशाली की महत्वपूर्ण महुआ सीट पर, जहां से तेज प्रताप अपनी नई पार्टी के साथ ताल ठोक रहे हैं, RJD ने मौजूदा विधायक मुकेश रौशन पर भरोसा जताया है।
तेजस्वी यादव के नेतृत्व वाले RJD का यह फैसला साफ संकेत देता है कि पार्टी संगठन और चुनाव जीतने की रणनीति को परिवारवाद पर तरजीह दे रही है, जिससे लालू परिवार के भीतर की कलह अब चुनावी मैदान में खुलकर सामने आ गई है।

कौन हैं मुकेश रौशन?
मुकेश रौशन RJD के एक युवा और वफादार नेता हैं, जो महुआ विधानसभा सीट से मौजूदा विधायक हैं। पेशे से एक डेंटल सर्जन रौशन की राजनीतिक पहचान लालू परिवार के भीतर चल रहे टकराव से बनी है। 2020 में, RJD ने तेज प्रताप यादव को हसनपुर भेजकर यह सीट रौशन को सौंपी थी, जिस पर उन्होंने जीत दर्ज की। RJD के प्रति उनकी मजबूत निष्ठा ही उनके टिकट का आधार है। 2025 के चुनाव में उन्हें खुद पार्टी के पूर्व नेता तेज प्रताप यादव के खिलाफ उतारा जाना, यह साबित करता है कि RJD नेतृत्व उन्हें तेजस्वी यादव का विश्वसनीय चेहरा मानता है और परिवार के भीतर की चुनौतियों के बावजूद, पार्टी उन पर पूरी तरह से निर्भर है।
ये भी पढ़ें: Bihar Chunav: मैं खुद चाहता था कि', बिहार सीएम पद की दावेदारी को लेकर चिराग पासवान ने दिया बड़ा बयान
इमोशनल कार्ड खेलकर तेज प्रताप यादव ने RJD को घेरा
तेज प्रताप यादव ने अपनी नई पार्टी बनाकर, वैशाली की महुआ सीट पर एक भावनात्मक दाँव खेला है। उन्होंने स्वयं को महाभारत के 'भीष्म पितामह' की तरह प्रस्तुत करते हुए, महुआ की जनता के बीच कसम खाई है कि वह "मरना कबूल करेंगे, लेकिन महुआ नहीं छोड़ेंगे।" यह बयान केवल चुनावी वादा नहीं, बल्कि यह अपने छोटे भाई तेजस्वी यादव और RJD के खिलाफ उनकी बगावत को 'नैतिक वचनबद्धता' का आधार देता है। इस घोषणा के जरिए तेज प्रताप खुद को कर्तव्यनिष्ठ और जनता के प्रति समर्पित नेता के रूप में स्थापित करना चाहते हैं, जबकि RJD ने उन्हीं के खिलाफ मौजूदा विधायक मुकेश रौशन को टिकट दिया है। तेज प्रताप के इस 'जीवन पर्यंत' के ऐलान ने न केवल RJD प्रत्याशी की नींद उड़ा दी है, बल्कि तेजस्वी यादव को भी बड़े 'धर्मसंकट' में डाल दिया है। जहां उन्हें परिवार के बड़े भाई और संगठन के वफादार सिपाही में से किसी एक को चुनना होगा।
ये भी पढे़ं: Bihar Chunav: कौन हैं तेजस्वी के सहयोगी आई.पी. गुप्ता? यादवों को दी गाली, कहा- 'लाठी मारे तो दांत काट लो'












Click it and Unblock the Notifications