Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

MP News: जानिए मध्य प्रदेश में क्यों पड़ रही है कड़ाके की सर्दी, किन-किन जिलों में बदली स्कूल टाइमिंग

मध्य प्रदेश में इस साल नवंबर का महीना ही कड़ाके की सर्दी का पर्याय बन गया है। पहाड़ी राज्यों में हुई बर्फबारी से उठी बर्फीली हवाओं ने पूरे राज्य को जकड़ लिया है, जिससे तापमान सामान्य से 2-3 डिग्री नीचे लुढ़क गया। भोपाल में 10 साल पुराना रिकॉर्ड टूटा, इंदौर में 25 साल का, तो राजगढ़ और शहडोल जैसे जिलों में न्यूनतम तापमान 7 डिग्री से भी नीचे पहुंच गया।

मौसम विभाग ने 21 जिलों में अगले 3 दिनों तक शीतलहर का रेड अलर्ट जारी किया है। इस ठंड के असर से सबसे ज्यादा प्रभावित हो रहे हैं स्कूली बच्चे, जिनके स्वास्थ्य की चिंता में छिंदवाड़ा, भोपाल और ग्वालियर जैसे जिलों में स्कूलों की टाइमिंग बदल दी गई है। इंदौर में कलेक्टर ने सोमवार को फैसला लेने का ऐलान किया है, जबकि भोपाल में निजी स्कूलों ने स्वतंत्र रूप से समय आगे बढ़ा लिया है।

Cold wave alert in MP weather school timings changed in Chhindwara Bhopal Gwalior decision in Indore

ठंड का कारण: पहाड़ों की बर्फबारी और उत्तरी हवाओं का कमाल

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, मध्य प्रदेश में इस असामान्य ठंड का मुख्य कारण जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में हुई भारी बर्फबारी है। इन पहाड़ी इलाकों से उठी आर्कटिक मूल की ठंडी हवाएं विंध्याचल पर्वतमाला को पार कर राज्य के अंदरूनी हिस्सों तक पहुंच रही हैं। पश्चिमी विक्षोभ (वेस्टर्न डिस्टर्बेंस) के सक्रिय होने से जेटस्ट्रीम हवाओं की रफ्तार तेज हो गई है, जो उत्तर-पश्चिम दिशा से 15-20 किमी/घंटा की गति से बह रही हैं। दक्षिणी हिस्से में साइक्लोनिक सर्कुलेशन सिस्टम भी मौसम को प्रभावित कर रहा है, जिससे दिन का तापमान भी 25-28 डिग्री के आसपास सिमट गया है-सामान्य 32-34 डिग्री के मुकाबले।

मौसम विभाग (आईएमडी) के भोपाल सेंटर के निदेशक डॉ. पी.के. शाह ने बताया, "नवंबर के दूसरे हफ्ते से ही हमने शीतलहर की चेतावनी दी थी, जो सही साबित हुई। उत्तरी हवाओं का असर ग्वालियर-चंबल, उज्जैन, इंदौर, सागर और भोपाल संभागों पर सबसे ज्यादा है। पचमढ़ी जैसे हिल स्टेशन पर भी दिन का तापमान 23 डिग्री तक गिर गया है। 18 नवंबर के बाद मामूली राहत मिल सकती है, लेकिन सुबह-शाम की ठिठुरन बनी रहेगी।" विशेषज्ञों का अनुमान है कि महीने के तीसरे-चौथे सप्ताह में हल्की बारिश भी हो सकती है, जो ठंड को और बढ़ा देगी।

जिलों में तापमान का हाल: 13 शहरों में 10 डिग्री से नीचे

राज्य के 13 जिलों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री से नीचे दर्ज किया गया है। शहडोल में सबसे कम 7.2 डिग्री, राजगढ़ में 7.4 डिग्री, इंदौर में 7.6 डिग्री, भोपाल में 8 डिग्री, और ग्वालियर में 8.2 डिग्री रहा। अन्य प्रभावित जिलों में उज्जैन (9 डिग्री), जबलपुर (9.5 डिग्री), सिवनी, नरसिंहपुर, छतरपुर, पन्ना, दतिया और टीकमगढ़ शामिल हैं। आईएमडी ने 21 जिलों-भोपाल, इंदौर, राजगढ़, शाजापुर, देवास, सहोर, शिवपुरी, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा, मैहर, कटनी, जबलपुर, उमरिया, शहडोल, मंडला, डिंडोरी और अनूपपुर-में शीतलहर का अलर्ट जारी किया है। पश्चिमी मध्य प्रदेश में 14 नवंबर तक और पूर्वी हिस्से में 16 नवंबर तक यह स्थिति बनी रहेगी।

आईएमडी, 16 नवंबर 2025 तक

ठंड के प्रकोप से सबसे ज्यादा परेशान स्कूली बच्चे हैं। सुबह की बर्फीली हवाओं में स्कूल जाने से स्वास्थ्य संबंधी जोखिम बढ़ गया है, इसलिए कई जिलों में टाइमिंग में फेरबदल किया गया। यह बदलाव 15 नवंबर से 15 फरवरी तक लागू रहेगा, ताकि बच्चे ठंड से सुरक्षित रहें।

छिंदवाड़ा: गिरते तापमान (9.8 डिग्री) के चलते कलेक्टर ने सभी सरकारी और निजी स्कूलों की टाइमिंग बदल दी। अब कक्षाएं सुबह 9 बजे से दोपहर 3 बजे तक चलेंगी। पहले 8 बजे शुरू होने वाले स्कूलों में अब 1 घंटे का बदलाव किया गया है। जिला शिक्षा अधिकारी ने कहा, "बच्चों को ठंड से बचाने के लिए यह जरूरी था।"

भोपाल: राजधानी में सरकारी स्कूल पहले से ही सुबह 10:30 से शाम 4 बजे तक चलते हैं, इसलिए उनमें कोई बदलाव नहीं। मॉडल स्कूल भी 9:30 से 3:30 तक ही रहेंगे। लेकिन निजी स्कूलों ने स्वतंत्र रूप से 20-30 मिनट समय आगे बढ़ा दिया-जैसे सेंट जोसेफ स्कूल में अब 8:30 की जगह 9 बजे शुरू।

जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) ने सोमवार को कलेक्टर को पत्र भेजकर औपचारिक सिफारिश की है। पेरेंट्स और टीचर्स की मांग पर जल्द आदेश आने की उम्मीद है।

ग्वालियर: यहां 1 नवंबर से ही बदलाव शुरू हो गया था। अधिकांश स्कूल अब 8:10-8:20 से शुरू होकर दोपहर 1 बजे तक चलेंगे। नर्सरी से 8वीं तक के स्कूलों में 20-30 मिनट की बढ़ोतरी की गई। कलेक्टर ने सभी सीबीएसई, आईसीएसई और एमपी बोर्ड स्कूलों पर यह लागू किया। ठंड (8.2 डिग्री) के कारण कोहरा भी सुबह छाया रहता है, जो यात्रा को जोखिमपूर्ण बनाता है।

इंदौर: कलेक्टर शिवम वर्मा ने कहा, "शहर में अभी कोल्ड-डे की स्थिति नहीं है, लेकिन सोमवार को अगर तापमान और गिरा तो शिक्षा विभाग से समन्वय कर टाइमिंग बदलेंगे।" फिलहाल निजी स्कूलों ने 9 बजे से शुरू करने का फैसला लिया, लेकिन सरकारी आदेश का इंतजार है। तापमान 7.6 डिग्री होने से पेरेंट्स में चिंता बनी हुई है।

अन्य जिलों जैसे रीवा, अनूपपुर, देवास, डिंडोरी और सिवनी में भी कलेक्टरों ने आदेश जारी किए हैं। डिंडोरी में सभी स्कूल 8:30 से शुरू होंगे। स्कूल शिक्षा विभाग ने स्पष्ट किया कि परीक्षाओं का समय भी समायोजित किया जाएगा-पहली शिफ्ट 9 बजे से।

प्रभाव: किसानों से लेकर आमजन तक परेशानी, सावधानियां जरूरी

यह ठंड न केवल बच्चों, बल्कि किसानों और बुजुर्गों को भी प्रभावित कर रही है। रबी फसल की बुआई प्रभावित हो रही है, जबकि कोहरा ट्रैफिक को बाधित कर रहा। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने सलाह दी: ऊनी कपड़े पहनें, गर्म भोजन लें, और सुबह बाहर न निकलें। सरकार ने हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं।

मौसम विभाग के अनुसार, 18 नवंबर के बाद राहत मिलेगी, लेकिन नवंबर का अंत तक हल्की बारिश की संभावना है। यह असामान्य मौसम जलवायु परिवर्तन का संकेत माना जा रहा है। मध्य प्रदेश के लोग अब उम्मीद कर रहे हैं कि सर्दी का यह प्रकोप जल्द थमे।

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+