कुरान जलाये जाने के विरोध की चिंगारी भारत में भी

अमेरिका में कुरान की प्रतियां जलाये जाने के बाद से पाकिस्तान और अफ्गानिस्तान में फैली विरोध की आग भारत तक फैल चुकी है। दोनों पड़ोसी देशों में अमेरिका के खिलाफ विरोध प्रदर्शन जारी हैं, वहीं भारत में अमेरिका के खिलाफ देश व्यापी प्रदर्शन की तैयारी ने दस्तक दे दी है।
भारत में भी इस घटना से क्षुब्ध अखिल भारतीय मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के सदस्य व उत्तर प्रदेश से ताल्लुख रखने वाले शिया धरम गुरु मौलाना यासूब अब्बास ने जानकारी देते हुए कहा की ऐसी घटनाएं इस्लाम के खिलाफ अंतर्राष्ट्रीय साजिश को दर्शाती हैं जिसको बिलकुल भी बर्दाश्त नहीं किया जायगा। मौलाना ने इस्लाम धर्म के मुख्य संदेश का हवाला देते हुए कहा की इस्लाम कहता है की किसी के भी खुदा और उस धर्म के पवित्र ग्रन्थ का अपमान एक बुरा कृत्य है।
अमेरिकी पादरी द्वारा की गयी इस हरकत पर मौलाना ने कहा की किसी भी मजहब, धर्म की किताब की बेइज्जती गलत है और ऐसे व्यक्ति को उसके देश के कानून के तहत सख्त से सख्त सजा मिलनी चाहिए क्यूंकि ऐसी ही घटनाएं हिंसा और खून खराबे को बढ़ावा देती हैं। मौलाना ने कहा की जब से वर्ल्ड ट्रेड सेंटर पर हमला हुआ तभी से मुसलमानों के साथ सौतेला व्यवहार शुरू हुआ, जो आज भी जारी है। उन्होंने ये भी कहा की कोई भी दहशतगर्द मुसलमान हो ही नहीं सकता क्यूंकि इस्लाम धर्म खून बहाने का सख्त विरोध करता है।
आगे जानकारी देते हुए मौलाना ने कहा की यदि अमेरिका इस विषय पर कार्यवाही नहीं करता है तो एक बड़े पैमाने पर उत्तर प्रदेश के साथ-साथ पूरे भारत में अमेरिका का विरोध किया जायगा।
गौरतलब है की अमेरिकी सरकार ने जोन्स से केवल इतना कहा है कि उन्हे अफगानिस्तान में नाटो सेनाओं की सुरक्षा के मद्देनजर कुरान की प्रतियां जलाने जैसे कामों से दूर रहना चाहिए क्यूंकि ऐसी घटना अमेरिकी सेना को खतरे में डाल सकती है।












Click it and Unblock the Notifications