फर्जी कागजात के लिए लेता था दस हजार, दिलाता था कार लोन

Arrested
दिल्ली (ब्यूरो)। फर्जी कागजात के आधार पर लोन दिलाने वाले गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने एचडीएफसी बैंक के एक एजेंट को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उसके पास से तीन आईटेन कारें, फर्जी कागजात बनाने वाले उपकरण बरामद किए हैं। फर्जी कागजात बनाने के उसने रेट तय कर रखा था। लोन जितना भी हो वह दस हजार रुपये लेता था।

दक्षिण जिले के अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त पीएस कुशवाहा ने बताया कि 29 मार्च की शाम सूचना मिली कि महरौली बस टर्मिनल के पास से गुजर रही एक आईटेन कार फर्जी कागजात के जरिये खरीदी गई है। पुलिस ने पीछा कर कार को रोका। चालक ने अपना नाम छत्तरपुर एक्सटेंशन निवासी नवीन बताया। पुलिस ने उसे कार के कागजात मांगे तो उसने आरसी की फोटो कॉपी दिखाकर कहा कि कार उसकी पत्नी मोमिता के नाम पर है। पुलिस ने कागजात देखे तो उस पर पति के नाम की जगह सुनील वत्स लिखा था।

इसके बाद पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की तो वह कुछ नहीं बोल पाया। कार की तलाशी में तीन पेन कार्ड, उसके फोटो लगे छह ड्राइविंग लाइसेंस मिले। सभी लाइसेंस में नाम-पता अलग था। नवीन ने इसके बाद बताया कि उसने एचडीएफसी बैंक से लोन लेने के लिए फर्जी कागजात प्रयोग किए हैं। पुलिस ने उसकी निशानदेही पर दो अन्य आईटेन कारें (अन्य व्यक्ति के नाम से रजिस्टर्ड), एक लैपटॉप, पेन ड्राइव, प्रिंटर, स्केनर और कुछ फर्जी कागजात उसके घर से बरामद किए।

पुलिस को जांच में पता चला कि उसने छत्तरपुर एक्सटेंशन निवासी कपिल भारती को कार लोन दिलाने में मदद की है। पुलिस उस पते पर पहुंची तो वहां कपिल नाम का कोई व्यक्ति नहीं मिला। ऐसे दस लोगों के नाम पता चले हैं, जिन्हें बैंक ने फर्जी कागजात पर ऋण दिया है। पुलिस इस मामले में बैंक के अधिकारियों की मिलीभगत की भी जांच कर रही है। पुलिस का कहना है कि नवीन बैंक के लोन एजेंट का काम करता था। वह लोगों को फर्जी कागजात मुहैया कराता था और इसके एवज में दस हजार रुपये लेता था।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+