मायावती सरकार की प्रतिक्रिया न मिलने से भाजपा में बेचैनी

श्री पाठक ने कहा कि बसपा का सफाई न देना कहीं न कहीं यह साबित करता है कि पार्टी आरोपों को स्वीकार कर रही है। श्री पाठक ने बताया कि गत 5 दिसम्बर को भाजपा की वरिष्ठ नेत्री एवं मध्य प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती और राष्ट्रीय सचिव किरीट सोमैया ने लखनऊ में मुख्यमंत्री मायावती व भाई आनन्द कुमार के कथित रूप से भ्रष्ट कारनामों को उजागर करते हुए जो तथ्य प्रस्तुत किये हैं उनकी जांच के लिये सुश्री उमा भारती नें कांग्रेस अध्यक्ष एवं यूपीए चेयरमैन सोनिया गांधी और कांग्रेस महासचिव राहुल गांधी को पत्र लिखा है।
श्री पाठक ने बताया कि अपने पत्र में सुश्री भारती ने कहा है कि आर्थिक अपराधों की जांच करने वाली कई प्रतिष्ठित संस्थाएं केन्द्र सरकार के अधीन हैं अत: केन्द्र आरोपों के तहत पेश किए गए दस्तावेजों की जांच करवाएं। उन्होंने कहा कि यदि दस्तावेज असत्य एवं भ्रामक हैं तो हमें सजा मिले किन्तु यदि दस्तावेजों की सत्यता प्रमाणित होती है तो यथाचित कार्रवाई सुश्री मायावती एवं उनके परिजनों पर होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि अपने पत्र में सुश्री भारती ने कहा है कि उत्तर प्रदेश की जनता आशंकित है कि बसपा एवं कांग्रेस की मिलीभगत है क्योंकि पिछले कुछ समय के दौरान देश व प्रदेश में जो भी समीकरण बदले उससे यह आशंका हकीकत में बदलती दिखायी देती है।
उन्होंने कहा कि जो भी दस्तावेज पेश किए गए हैं उनकी जांच कर आरोपियों पर कार्रवाई होगी तभी जनता की शंका का निवारण हो सकेगा। श्री पाठक ने कहा कि पत्र में सुश्री भारती ने केन्द्र को इस हकीकत से भी अवगत कराया है कि मुख्यमंत्री व उनके भाई के भ्रष्ट कारनामों को उजागर करने वाले सभी तथ्य पांच दिसम्बर को कई अन्य अधिकारियों को भी भेजे गए हैं।












Click it and Unblock the Notifications