जे डे हत्याकांड में महिला पत्रकार का नहीं होगा नार्को टेस्ट

सरकारी वकील दिलीप साह ने महाराष्ट्र संगठित अपराध अधिनियम (मकोका) की अदालत में कहा कि जांचकर्ताओं को इस सनसनीखेज हत्याकांड की जांच के तहत पत्रकार का नार्को परीक्षण करने की इजाजत दी जाए। इस कांड में छोटा राजन गिरोह के दस कथित सदस्य पहले ही गिरफ्तार किए जा चुके हैं।
हालांकि जिग्ना के वकील का कहना था कि उनकी मुवक्किल ने नार्को परीक्षण की अनिच्छा जतायी जिसके बाद अदालत ने पुलिस की मांग खारिज कर दी। नियमानुसार आरोपी की इच्छा के बगैर उसका नार्को परीक्षण नहीं किया जा सकता। साह ने यह कहते हुए वोरा की (पुलिस) हिरासत आठ दिन के लिए बढ़ाने की मांग की थी कि उसने अपना मोबाइल बेच दिया और पुलिस यह पता करना चाहती है कि खरीददार कौन है। उसके मोबाइल फोन का विवरण भी हासिल किये जाने की जरूरत है।












Click it and Unblock the Notifications