विश्व एड्स दिवस: हरियाणा में खुलेंगे ओपिओईड सब्स्टीट्यूशन थेरपी सेन्टर

उन्होंने कहा कि पहले चरण में ऐसे केन्द्र जिला पंचकूला, अंबाला, सोनीपत, पानीपत और फरीदाबाद में खोले जाएंगे। इन केन्द्रों को चालू वित्त वर्ष के दौरान संचालित कर दिया जाएगा। हुडडा ने एचआईवी तथा एडस के बारे जागरूकता उत्पन्न करने के लिए एक जन अभियान चलाए जाने की आवश्यकता पर भी बल दिया। स्वास्थ्य मंत्री राव नरेन्द्र सिंह ने कहा कि हरियाणा राज्य एड्स नियंत्रण सोसायटी एचआईवी तथा एड्स की रोकथाम तथा उपचार के लिए हरियाणा के लोगों को अनेक सेवाएं उपलब्ध करवा रही है। उन्होंने लोगों से स्वयं को एचआईवी तथा एड्स से बचाने के लिए बचावात्मक उपाय करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि की एड्स के मामलों में कमी आ रही है। ऐसे मामलों की संया 2008 में 275 से घटकर 2009 में 229 तथा 2010 में और कम होकर 181 हो गई है।
गर्भवती महिलाओं में एचआईवी का प्रसार कम है तथा इसमें और कमी आते हुए गत दो वर्षों से यह 0.13 प्रतिशत पर स्थिर है। इसी प्रकार, रक्तदाताओं में एचआईवी का प्रसार कम है तथा गत दो वर्षों से यह 0.2 प्रतिशत पर स्थिर है। वैश्याओं तथा इंट्राविन्स ड्रग यूजर्स जैसे अधिक जोखिम वाले समूहों में एचआईवी का प्रसार (दो प्रतिशत)मध्यम है। हरियाणा में लगभग 20500 एचआईवी पॉजिटिव मरीज है, जिनकी पहचान प्रदेश के विभिन्न समेकित परामर्श एवं परीक्षण केन्द्रों में की गई है।
वर्ष 2011-12 में प्रदेश में उप जिला अस्पताल कालका, पीजीआईएमएस रोहतक के स्त्रीरोग विंग तथा ईएसआई अस्पताल, फरीदाबाद में तीन नए एसटीआई क्लीनिक्स स्थापित किए जा रहे हैं। पीजीआईएमएस रोहतक में एक एंटी रेट्रोविरल थेरपी सेन्टर है। एचआईवी पीडि़तों की सुविधा के लिए अंबाला, जीन्द, भिवानी, सिरसा, नारनौल, हिसार, सोनीपत एवं झज्जर में आठ लिंक एंटी रेट्रोविरल थेरपी सेन्टर स्थापित किए गए हैं। वर्ष 2011-12 में करनाल, कैथल, रिवाड़ी एवं फरीदाबाद में चार और लिंक एंटी रेट्रोविरल थेरपी सेन्टर स्थापित किए जाएंगे।












Click it and Unblock the Notifications